Prasanna

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ Notes, Textbook Exercise Important Questions, and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ Textbook Questions and Answers

कृति-स्वाध्याय एवं उत्तर

कृतिपत्रिका के प्रश्न 1(अ) तथा 1(आ) के लिए

सूचना के अनुसार कृतियाँ कीजिए :

प्रश्न 1.
कृति पूर्ण कीजिए:

अमृतलाल नागर जी के साहित्य सृजन में सहायक लेखक १. …………………… १. ……………………
पत्रिकाएँ २. …………………… २. ……………………

उत्तर:

अमृतलाल नागर जी के साहित्य में सहायक सृजन लेखक 1. सनेही जी 2. अयोध्यासिंह उपाध्याय
पत्रिकाएँ 1. सरस्वती 2. गृहलक्ष्मी

प्रश्न 2.
उत्तर लिखिए :
(i) नागर जी की पहली कविता को प्रस्फुटित करने वाला अनुभव – – – – – – – – – – – –
(ii) नागर जी अपने पिता जी के इस गुण से प्रभावित थे – – – – – – – – – – – –
उत्तर:
(i) सन 1928 – 1929 में साइमन कमीशन के बहिष्कार के समय किए गए लाठी चार्ज के अनुभव ने नागर जी की पहली कविता को प्रस्फुटित किया।
(ii) किसी के दुख-दर्द में तुरंत पहुँचने का गुण।

प्रश्न 3.
कोष्ठक में दी गई नागर जी की साहित्य कृतियों का वर्गीकरण कीजिए:
[कब लौं कहीं लाठी खाय, खंजन नयन, अपशकुन, नाच्यो बहुत गोपाल, महाकाल, प्रायश्चित, गदर के फूल]

कहानी  उपन्यास  कविता  अन्य
………… ………… ………… …………

उत्तर:

कहानी  उपन्यास  कविता  अन्य
अपशकुन  नाच्यो बहुत गोपाल  कब लौं कहौं लाठी खाय  गदर के फूल
प्रायश्चित  महाकाल
 खंजन नयन

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 4.
कृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 1
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 16

प्रश्न 5.
लिखिए :
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 2
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 30
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 25

प्रश्न 6.
एक शब्द में उत्तर लिखिए :
(i) नागर जी के प्रिय लेखक –
(ii) नागर जी के प्रिय आलोचक –
(iii) अपनी इस रचना के लिए नागर जी को बहुत लोगों से मिलना पड़ा –
(iv) नागर जी का पहला उपन्यास –
उत्तर:
(i) नागर जी के समय के लेखकों में उनकी पसंद के लेखक – रामविलास शर्मा।
(ii) नागर जी के प्रिय आलोचक – [पाठकीय – प्रतिक्रियाएँ देने वाले पत्र लेखक]
(iii) अपनी इस रचना के लिए नागर जी को बहुत लोगों से मिलना पड़ा – गदर के फूल’।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 7.
लिखिए:
(अ) तद्धित शब्दों का मूल शब्द :
(i) साहित्यिक = _____________
(ii) विलायती = _____________
उत्तर:
(i) साहित्यिक – साहित्य
(ii) विलायती – विलायत

(ब) कृदंत शब्दों का मूल शब्द :
(i) खिंचाव = _____________
(ii) लिखावट = _____________
उत्तर:
(i) खिंचाव – खिंच + आव
(ii) लिखावट – लिख + आवट

प्रश्न 8.
उचित जोड़ियाँ मिलाइए:

‘अ’ रचना  उत्तर  ‘ब’ रचनाकार
१. देसी और विलायती  १. _____________  अमृतलाल नागर
२. अपशकुन  २. _____________  तुलसीदास
३. आनंद मठ  ३. _____________  प्रभात कुमार मुखोपाध्याय
४. रामचरितमानस  ४. _____________  बंकिमचंद्र चटर्जी सूरदास

उत्तर:

‘अ’ रचना  उत्तर  ‘ब’ रचनाकार
१. देसी और विलायती  १. प्रभातकुमार मुखोपाध्याय।  अमृतलाल नागर
२. अपशकुन  २. अमृतलाल नागर  तुलसीदास
३. आनंद मठ  ३. बंकिमचंद्र चटर्जी  प्रभात कुमार मुखोपाध्याय
४. रामचरितमानस  ४. रामचरितमानस  बंकिमचंद्र चटर्जी सूरदास

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

अभिव्यक्ति

‘ज्ञान तथा आनंद प्राप्ति का साधन : वाचन’ पर अपने विचार लिखिए।
उत्तर:
कहते हैं, पुस्तक मनुष्य का सबसे बड़ा मित्र होती है। पुस्तकों में ज्ञानभरी बातें होती हैं। किताबों में संचित ज्ञान हमारे लिए सहायक होता है। विभिन्न विचारकों, लेखकों तथा महान व्यक्तियों के विचार पुस्तकों में ही संग्रहित होते हैं। हमारे यहाँ साहित्य, तकनीक, विज्ञान, धर्म, राजनीति आदि सभी विषयों से संबंधित पुस्तकें उपलब्ध हैं। आवश्यकता है इन्हें पढ़ने में रुचि रखने की। पुस्तकें पढ़ने से ज्ञान प्राप्ति के साथ-साथ अद्भुत आनंद की प्राप्ति होती है। कोई भी मनुष्य हर दृष्टि से परिपूर्ण नहीं होता। मनुष्य बहुत सारी बातें देख-सुन और पढ़कर सीखता है।

विद्यार्थी पाठ्यपुस्तकों से ज्ञानार्जन करता है। बड़े होने पर इन पुस्तकों से उसका काम नहीं चलता। उसे ज्ञानार्जन के लिए और खुराक की आवश्यकता होती है। वह अपने पसंद वाले विषयों की पुस्तकें पढ़ता है। आई.सी.एस., आई.पी.एस. तथा आई.ए.एस. जैसी बड़ी-बड़ी परीक्षाओं की तैयारी करने के लिए भी वाचन की आवश्यकता होती है। पुस्तकों में क्या नहीं है? इसमें जो जितने गोते लगाता है, उसे उतना ही ज्ञान प्राप्त होता है।

भाषा बिंदु

प्रश्न 1.
निम्न वाक्यों में आई हुई मुख्य और सहायक क्रियाओं को रेखांकित करके दी हुई तालिका में लिखिए :

 सहायक क्रिया मुख्य क्रिया
उनके रीति रिवाजों का अध्ययन करना पड़ा। 1. ……………………  ……………………
माता पिता का यह रंग देखकर तो वे बूढ़ी काकी को और सताने लगे।। 2. ……………………  ……………………
उसकी ननद रूठ गई। 3. …………………… ……………………
वे हड़बड़ा उठे।  4. …………………… ……………………
वे पुस्तक पकड़े न रख सके।  5. …………………… ……………………
उन्होंने पुस्तक लौटा दी।  6. …………………… ……………………
समुद्र स्याह और भयावह दीखने लगा।  7. …………………… ……………………
मैं गोवा को पूरी तरह नहीं समझ पाया।  8. …………………… ……………………
काकी घटनास्थल पर आ पहुँची।  9. …………………… ……………………
अवश्य ही लोग खा पीकर चले गए। 10. ……………………  ……………………

उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 33

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 2.
पाठों में प्रयुक्त सहायक क्रियाओंवाले दस वाक्य ढूँढ़कर मुख्य और सहायक क्रियाएँ चुनकर लिखिए।
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 34
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 35

प्रश्न 3.
निम्नलिखित वाक्यों के रिक्त स्थानों की पूर्ति उचित कारक चिह्नों से कीजिए तथा संबंधित कारक और कारक चिहन तालिका में वाक्य के सामने लिखिए :
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 3
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 36
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 37

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 4.
पाठ में प्रयुक्त विभिन्न कारकों का एक-एक वाक्य छाँटकर उनसे कारक और कारक चिह्न चुनकर लिखिए।
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 36
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 37

उपयोजित लेखन

प्रश्न 1.
निम्नलिखित परिच्छेद पढ़कर इसपर आधारित ऐसे पाँच प्रश्न तैयार उपयोजित लेखन कीजिए, जिनके उत्तर एक-एक वाक्य में हों :

विख्यात गणितज्ञ सी.वी. रमण ने छात्रावस्था में ही विज्ञान के क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का सिक्का देश में ही नहीं विदेशों में भी जमा लिया था।

रमन का एक साथी छात्र ध्वनि के संबंध में कुछ प्रयोग कर रहा था। उसे कुछ कठिनाइयाँ प्रतीत हुईं, संदेह हुए। वह अपने अध्यापक जोन्स साहब के पास गया परंतु वह भी उसका संदेह निवारण न कर सके। रमण को पता चला तो उन्होंने उस समस्या का अध्ययन-मनन किया और इस संबंध में उस समय के प्रसिद्ध लॉर्ड रेले के निबंध पढ़े और उस समस्या का एक नया ही हल खोज निकाला। यह हल पहले हल से सरल और अच्छा था। लॉर्ड रेले को इस बात का पता चला तो उन्होंने रमण की प्रतिभा की भूरि-भूरि प्रशंसा की। अध्यापक जोन्स भी प्रसन्न हुए और उन्होंने रमण से इस प्रयोग के संबंध में लेख लिखने को कहा। रमण ने लेख लिखकर श्री जोन्स को दिया, पर जोन्स उसे जल्दी लौटा न सके। कारण संभवतः यह था कि वह उसे पूरी तरह आत्मसात न कर सके।

प्रश्न :
1. ________________________
2. ________________________
3. ________________________
4. ________________________
उत्तर:
1. विज्ञान के क्षेत्र में देश में ही नहीं, विदेशों में भी बचपन में अपना सिक्का किसने जमा लिया था?
2. रमण का साथी किसके संबंध में प्रयोग कर रहा था?
3. रमण ने समस्या के संबंध में किसका निबंध पढ़ा?
4. रमण की प्रतिभा की प्रशंसा किसने की?

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 2.
अंतरजाल’ से ‘मेक इन इंडिया’ योजना संबंधी जानकारी प्राप्त करके इसे बढ़ावा देने हेतु विज्ञापन तैयार कीजिए : – मुद्दे
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 4
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 40

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ Additional Important Questions and Answers

गद्यांश क्र.1
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
उत्तर लिखिए:
(i) नागर जी का साइमन कमीशन के बहिष्कार की घटना के बाद राजनीति की ओर न जाना –
उत्तर:
(i) नागर जी के पिता सरकारी कर्मचारी थे। सरकारी कर्मचारी के परिवार के किसी सदस्य का सरकार के खिलाफ विद्रोह करने का अर्थ उसका नौकरी से हाथ धोना था। इसलिए नागर जी राजनीति की ओर नहीं गए।

प्रश्न 2.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 5
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 7

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 3.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 6
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 8

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) नागर जी के सामने इनका साहित्य था – [ ]
(ii) नागर जी ने शुरू में इन्हें पढ़ा – [ ]
(iii) नागर जी का पहला मित्र यह था – [ ]
(iv) नागर जी की पहली कविता का शीर्षक यह था – [ ]
उत्तर:
(i) नागर जी के सामने इनका – प्रेमचंद और कौशिक का साहित्य था
(ii) नागर जी ने शुरू में इन्हें पढ़ा – बंकिम के उपन्यास।
(iii) नागर जी का पहला मित्र यह था – छापे का अक्षर
(iv) नागर जी की पहली कविता का शीर्षक यह था – कब लौं कहौं लाठी खाय!

प्रश्न 2.
ऐसे दो प्रश्न बनाकर लिखिए, जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द हों:
(i) 1933 में
(ii) चंडीप्रसाद हृदयेश।
उत्तर:
(i) नागर जी की पहली कहानी ‘अपशकुन’ किस सन में छपी ?
(ii) नागर जी को किसकी लेखन शैली ने बहुत प्रभावित किया?

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों का लिंग परिवर्तन कीजिए:
(i) लेखक – …………………….
(ii) कवि – …………………….
(iii) पितामह – …………………….
(iv) मित्र – …………………….
उत्तर:
(i) लेखक – लेखिका
(ii) कवि – कवयित्री
(iii) पितामह – पितामही
(iv) मित्र – सहेली।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 2.
उचित उपसर्ग जोड़कर सार्थक शब्द बनाइए: (अभि, आ, अनु, उप)
(i) …………………………… शासन
(ii) …………………………… वन
(iii) …………………………… जीवन
(iv) …………………………… मान
उत्तर:
(i) अनु + शासन = अनुशासन
(ii) उप + वन = उपवन
(iii) आ + जीवन = आजीवन
(iv) अभि + मान = अभिमान।

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘पत्र-पत्रिकाओं का महत्त्व’ विषय पर अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
भाषा के विकास में पत्र-पत्रिकाओं का बहुत योगदान होता है। इनसे तरह-तरह की जानकारियाँ तो मिलती ही हैं, लेखन में होने वाली नई-नई प्रवृत्तियों की भी जानकारी मिलती है। पत्र-पत्रिकाओं में साहित्य, समाज, देश, राजनीति, विज्ञान, शिल्प, फिल्म, कला, मनोरंजन, कार्टून, व्यापार आदि सभी क्षेत्रों की जानकारी मिलती है। हमारे देश में विभिन्न भाषाओं में अनेक पत्र-पत्रिकाएँ प्रकाशित होती हैं और उनका बड़ा बाजार है। पढ़े-लिखे लोगों के घर में पत्र-पत्रिकाएँ आना आवश्यक माना जाता है। इनसे घर बैठे विभिन्न क्षेत्रों के बारे में जानकारी मिलती है। इनमें परिवार के हर आयु के लोगों के लिए . कुछ-न-कुछ होता है।

दूरदर्शन की लोकप्रियता के पहले पत्र-पत्रिकाएँ ही जानकारियों और मनोरंजन का एकमात्र साधन थीं। आज मोबाइल फोन तथा दूरदर्शन के युग में पत्रिकाओं की लोकप्रियता में थोड़ी कमी जरूर आई है, पर अखबारों की लोकप्रियता पहले जैसी ही कायम है। समझदार लोग पत्र-पत्रिकाओं के दीवाने हैं। कुछ लोग तो पत्रिकाओं के पुराने अंकों की जिल्दसाजी करवाकर रखते हैं। पत्र-पत्रिकाओं की हर युग में माँग रहेगी और इनका महत्त्व हमेशा बना रहेगा।

गद्यांश क्र. 2
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
उत्तर लिखिए:
(i) नागर जी के पिता जी ने उन्हें इनमें भाग लेने से रोका –
उत्तर:
(i) क्रांतिकारी आंदोलनों में

प्रश्न 2.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) गद्यांश में आए दो महान नेताओं के नाम – [ ]
(ii) नागर जी के लेखन की एक विशेषता – [ ]
(iii) नागर जी की पहली कहानी का नाम – [ ]
(iv) परिच्छेद में उल्लिखित स्वतंत्रता आंदोलन से संबंधित एक महत्त्वपूर्ण घटना – [ ]
उत्तर:
(i) परिच्छेद में आए दो महान नेताओं गांधी जी, जवाहरलाल के नाम नेहरू
(ii) नागर जी के लेखन की एक विशेषता – गरीबों के प्रति करुणा का भाव होना
(iii) नागर जी की पहली कहानी का नाम – प्रायश्चित
(iv) परिच्छेद में उल्लिखित स्वतंत्रता आंदोलन से संबंधित एक महत्त्वपूर्ण घटना – काकोरी बमकांड

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 3.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 9
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 10

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 11
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 12

प्रश्न 2.
दो ऐसे प्रश्न बनाकर लिखिए जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द-समूह हों:
(i) 1933 में
(ii) सामाजिक आंदोलनों में।
उत्तर:
(i) जवाहर लाल नेहरू से नागर जी की पहली बार किस सन में भेंट हुई थी?
(ii) नागर जी के पिता जी ने उन्हें किस तरह के आंदोलनों में जाने से कभी नहीं रोका?

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के विरुद्धार्थी शब्द लिखिए:
(i) निश्चित x …………………….
(ii) दुख x …………………….
(iii) तेज x …………………….
(iv) पहला x …………………….
उत्तर:
(i) निश्चित x अनिश्चित
(ii) दुख x सुख
(iii) तेज x मद्धिम
(iv) पहला x अंतिम।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 2.
तद्धित शब्दों का मूल शब्द लिखिए:
(i) प्रभावित – …………………….
(ii) सामाजिक – …………………….
उत्तर:
(i) प्रभावित – प्रभाव
(ii) सामाजिक – समाज।

गद्यांश क्र. 3
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 14
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 17
(ii) Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 18

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 2.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 15
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 19

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) नागर जी ने अपनी इस कृति में सूरदास के चमत्कारों का वर्णन किया है – [ ]
(ii) नेत्रहीनों के चमत्कार के बारे में नागर जी की धारणा – [ ]
(ii) नागर जी सात साल तक प्रतिवर्ष जिस लेखक से एक शहर में मिलते रहे वे – [ ]
उत्तर:
(i) नागर जी ने अपनी इस कृति में सूरदास के चमत्कारों का वर्णन किया है – [खजन नयन]
(ii) नेत्रहीनों के चमत्कार के बारे में नागर जी की धारणा – [नेत्रहीनों की भविष्यवाणियाँ कभी-कभी सच होती हैं]
(iii) नागर जी सात साल तक प्रतिवर्ष जिस लेखक से एक शहर में मिलते रहे वे – [शरतचंद्र]

प्रश्न 2.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 20
(ii) Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 21
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 22

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 3.
वाक्य पूर्ण कीजिए:
(i) तुलसीदास को तो …………………….।
(ii) सूरपंचशती के अवसर पर काफी विवाद चला था कि …………………….।
उत्तर:
(i) तुलसीदास को तो मुझे घुट्टी में पिलाया गया है।
(ii) सूरपंचशती के अवसर पर काफी विवाद चला था कि सूर जन्मांध थे या नहीं।

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के समानार्थी शब्द लिखिए:
(i) नयन =
(ii) पुराना =
(iii) सच =
(iv) मौका =
उत्तर:
(i) नयन = नेत्र
(ii) पुराना = प्राचीन
(iii) सच = सत्य
(iv) मौका= अवसर।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित कृदंत शब्दों के मूल शब्द लिखिए:
(i) लगाव – …………………….
(ii) मिलावट – …………………….
उत्तर:
(i) लगाव – लग + आव
(ii) मिलावट – मिल + आवट।

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘आँख देखने का माध्यम है, देखने वाला मन है’ विषय पर अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
प्रत्येक प्राणी की दो आँखें होती हैं, जिनके द्वारा वह इस पृथ्वी की समस्त चीजें देखने में समर्थ होता है। मनोरंजक दृश्य देखकर वह प्रसन्न होता है और दुखद दृश्य देखकर दुखी और बेचैन होता है। यह आँखों से दिखाई देने वाले प्रत्यक्ष दृश्यों पर मनुष्य की प्रतिक्रिया होती है। पर मनुष्य की एक दृष्टि और होती है – उसके मन की यानी उसकी कल्पना की। वह प्रत्यक्ष दृष्टि से भी तेज होती है। जब वह किसी घटित – अघटित दृश्य की कल्पना करता है तो वह दृश्य उसकी कल्पना में उसके सामने दिखाई देने लगता है।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

किसी व्यक्ति की इच्छित घटित अथवा अघटित घटना फिल्म की रील की तरह उसे दिखाई देती है। यह दृश्य उसकी आँखें नहीं देखती हैं। यह दृश्य देखता है उसका मन। मनुष्य को सपने में दिखाई देने वाले दृश्य भी उसकी आँखें नहीं, उसका मन देखता है। इस प्रकार मनुष्य को क्या देखना है और क्या नहीं, इसका आदेश मनुष्य का मन ही उसे देता है। हाँ, देखने-देखने में अंतर अवश्य है। प्रत्यक्ष दृश्य वास्तविक आँखें देखती हैं, जब कि मन के काल्पनिक दृश्य मन की आँखें देखती हैं।

गद्यांश क्र. 4
प्रश्न, निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
उत्तर लिखिए:
(i) नागर जी को इस पुस्तक को फिर से पढ़ने की उत्कंठा है –
(ii) नागर जी के पास संग्रह है इनका –
उत्तर:
(i) नागर जी को इस पुस्तक को फिर से पढ़ने की उत्कंठा है – प्रभातकुमार मुखोपाध्याय का संग्रह ‘देशी और विलायती’।
(ii) नागर जी के पास संग्रह है इनका – पत्रों और प्रत्येक जाति के रीति-रिवाजों का।

प्रश्न 2.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 24
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 26

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
लिखिए:

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 28
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 31

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

प्रश्न 2.
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 29
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 32

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के वचन बदलकर लिखिए:
(i) बूढ़े – ……………….
(ii) कहानियों – ……………….
(iii) जाति – ……………….
(iv) रचनाएँ – ……………….
उत्तर:
(i) बूढ़े – बूढ़ा
(ii) कहानियों – कहानी
(iii) जाति – जातियाँ
(iv) रचनाएँ – रचना।

प्रश्न 2.
उचित उपसर्ग चुनकर सार्थक शब्द बनाकर लिखिए: (अव, दुर्, अप, दुर्)
(i) ………………. गुण
(ii) ………………. बल
(iii) ………………. मन
(iv) ………………. भाग्य
उत्तर:
(i) गुण – अवगुण
(ii) बल – दुर्बल।
(iii) मान – अपमान
(iv) भाग्य – दुर्भाग्य।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘लेखन में वास्तविकता लाने के लिए विषय की तह में जाना आवश्यक है’ इसके बारे में अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
किसी विषय पर लिखने के लिए उस विषय की पूर्ण जानकारी होना जरूरी होता है। लिखने वाले का विषय के बारे में जितना अच्छा गृहकार्य होगा, लेखन उतना ही अच्छा होगा। उदाहरण के लिए समाज के किसी वर्ग के बारे में कुछ लिखना है, तो सबसे पहले उसके बारे में पूरी जानकारी एकत्र करनी चाहिए। उसके रहन-सहन, रीति-रिवाज तथा मान्यताओं का नजदीकी परिचय प्राप्त करना चाहिए। पूरी जानकारी हो जाने पर ही लिखने की शुरुआत करनी चाहिए। लेखक के पास जितनी अच्छी जानकारी होगी, उतनी ही अच्छी उसकी रचना तैयार होगी। अच्छे लेखक पूरी जानकारी प्राप्त किए बिना किसी कृति की रचना नहीं करते। ऐसे लेखकों की रचनाएँ ही पाठक को बाँधे रखती हैं। उनमें पाठक को वास्तविकता के दर्शन: होते हैं।

भाषा अध्ययन (व्याकरण)
प्रश्न. सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

1. शब्द भेद:
अधोरेखांकित शब्दों का शब्दभेद पहचानकर लिखिए:
(i) उस समय नागर जी के सामने प्रेमचंद का साहित्य था।
(ii) मेरा छोटा भाई भी मेडिकल कालेज में दाखिल था।
उत्तर:
(i) प्रेमचंद – व्यक्तिवाचक संज्ञा।
(ii) छोटा – गुणवाचक विशेषण।

2. अव्यय:
निम्नलिखित अव्ययों का अपने वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
(i) भी
(ii) बहुत।
उत्तर:
(i) नागर जी ने पत्रों का भी बहुत संकलन किया है।
(ii) चंडीप्रसाद की लेखन शैली ने नागर जी की लेखन शैली को बहुत प्रभावित किया।

3. संधि:
कृति पूर्ण कीजिए:

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
………………….  नदी + ईश  ………………….
 अथवा
…………………. सत् + मार्ग ………………….

उत्तर:

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
नदीश  नदी + ईश स्वर संधि
 अथवा
सन्मार्ग सत् + मार्ग व्यंजन संधि।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

4. सहायक क्रिया:
निम्नलिखित वाक्यों में से सहायक क्रियाएँ पहचानकर उसका मूल रूप लिखिए:
(i) ‘देशी और विलायती’ संग्रह अगर मिले तो फिर पढ़ना चाहूँगा।
(ii) तुम लोग यह मनाओ कि जब तक जिंदा रहूँ , लिखता रहूँ।
उत्तर:
सहायक क्रिया – मूल रूप
(i) चाहूँगा – चाहना
(ii) रहूँ – रहना

5. प्रेरणार्थक क्रिया:
निम्नलिखित क्रियाओं के प्रथम प्रेरणार्थक और द्वितीय प्रेरणार्थक रूप लिखिए:
(i) चमकना
(ii) लिखना।
उत्तर:
क्रिया – प्रथम प्रेरणार्थक रूप – द्वितीय प्रेरणार्थक रूप
(i) चमकना – चमकाना – चमकवाना
(ii) लिखना – लिखाना – लिखवाना

6. मुहावरे:

प्रश्न 1.
निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए:
(i) फूला न समाना
(i) तिलिस्म टूटना।
उत्तर:
(i) फूला न समाना।
अर्थ – अत्यधिक प्रसन्न होना
वाक्य: परीक्षा में अच्छे अंकों से पास होने पर अशोक फूला न समाया।

(ii) तिलिस्म टूटना।
अर्थ: करामात का भेद खुल जाना
वाक्य: ढोंगी साधु की सच्चाई प्रकट होते ही उसका तिलिस्म टूट गया।

प्रश्न 2.
अधोरेखांकित वाक्यांश के लिए उचित मुहावरे का चयन करके वाक्य फिर से लिखिए: (एकटक देखना, दम भरना, गले मिलना)
(i) दर्शनार्थी मंदिर में देवी जी की मूर्ति को लगातार देख रहे थे।
(ii) किसी काम को करने का दावा करना और उसे कर दिखाना, दोनों में बड़ा अंतर है।
उत्तर:
(i) दर्शनार्थी मंदिर में देवी जी की मूर्ति को एकटक देख रहे थे।
(ii) किसी काम को करने का दम भरना और उसे कर दिखाना, दोनों में बड़ा अंतर है।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

7. कारक
निम्नलिखित वाक्यों में प्रयुक्त कारक पहचानकर उसका भेद लिखिए:
(i) नेत्रहीनों के चमत्कार हमने बहुत देखे हैं।
(ii) लिखने से पहले नागर जी ने पढ़ना शुरू किया था।
उत्तर:
(i) नेत्रहीनों के – संबंध कारक।
(ii) नागर जी ने – कर्ता कारक।

8. विरामचिह्न:
निम्नलिखित वाक्यों में यथास्थान उचित विरामचिह्नों का
प्रयोग करके वाक्य फिर से लिखिए:
(i) नहीं कोई आदर्श नहीं
(ii) यहाँ कश्मीरी लोगों को छोड़कर कोई आता जाता नहीं था
उत्तर:
(i) नहीं, कोई आदर्श नहीं।
(ii) यहाँ कश्मीरी लोगों को छोड़कर कोई आता-जाता नहीं था।

9. काल परिवर्तन:
निम्नलिखित वाक्यों का सूचना के अनुसार काल परिवर्तन लिखिए:
(i) नागर जी, आपने भ्रमण तो काफी किया है। (पूर्ण भूतकाल)
(ii) मेरे पास बहुत पत्र आते हैं। (अपूर्ण वर्तमानकाल)
उत्तर:
(i) नागर जी, आपने भ्रमण तो काफी किया था।
(ii) मेरे पास बहुत पत्र आ रहे हैं।

10. वाक्य भेद:

प्रश्न 1.
निम्नलिखित वाक्यों का रचना के आधार पर भेद पहचानकर लिखिए:
(i) लिखने के पहले मैंने पढ़ना शुरू किया था।
(ii) पत्रों का संग्रह बहुत है, लेकिन यह व्यवस्थित नहीं है।
उत्तर:
(i) सरल वाक्य
(ii) संयुक्त वाक्य।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित वाक्यों का अर्थ के आधार पर दी गई सूचना के अनुसार वाक्य परिवर्तन कीजिए:
(i) नागर जी के पिता जी सरकारी कर्मचारी थे। (निषेधवाचक वाक्य)
(ii) नागर जी ने नेहरू जी की माता जी के पास रोज जाते थे। (प्रश्नवाचक वाक्य)
उत्तर:
(i) नागर जी के पिता जी सरकारी कर्मचारी नहीं थे।
(ii) क्या नागर जी नेहरू जी की माता जी के पास रोज जाते थे?

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ

11. वाक्य शुद्धिकरण:

निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए:
(i) नेत्रहीनों के भविष्यवाणियाँ कभी-कभी. सच होते हैं।
(ii) आपने कभी आपके लिखने की सार्थकता की परख किया है।
उत्तर:
(i) नेत्रहीनों की भविष्यवाणियाँ कभी-कभी सच होती हैं।
(ii) आपने कभी अपने लिखने की सार्थकता की परख की है।

भाषा बिंदु

(3) निम्नलिखित वाक्यों के रिक्त स्थानों की पूर्ति उचित कारक चिह्नों से कीजिए तथा संबंधित कारक और कारक चिह्न तालिका में वाक्य के सामने लिखिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ 38

उपक्रम/कृति/परियोजना

श्रवणीय
किसी बुजुर्ग से स्वतंत्रतापूर्व भारत की विस्तृत जानकारी सुनिए और मित्रों को सुनाइए।

पठनीय
प्रसिद्ध व्यक्तियों के भाषण पढ़िए और चर्चा कीजिए।

लेखनीय
किसी खिलाड़ी का साक्षात्कार लेने हेतु प्रश्नों की सूची बनाइए।
उत्तर:

  • आपको इस खेल में रुचि कैसे हुई?
  • आपने इसे सीखने के लिए क्या-क्या किया?
  • क्या आपने इसके लिए विशेष प्रशिक्षण लिया? किससे? इससे आपको क्या लाभ हुआ?
  • क्या आपने किसी प्रतियोगिता में भाग लिया है?
  • क्या कभी कोई पुरस्कार, प्रशंसा मिला/मिली है?
  • आपका लक्ष्य क्या है? Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ
  • आप अपना आदर्श किसे मानते हैं?
  • आगे चलकर आपकी क्या योजनाएँ है?
  • क्या आप अपने इस प्रयास से संतुष्ट हैं?
  • आप इस खेल से जुड़े खिलाड़ियों को क्या संदेश देना चाहते हैं?

संभाषणिय
‘आज के समय में पत्र लेखन की सार्थकता’ पर अपने विचार व्यक्त कीजिए।

जब तक जिंदा रहूँ, लिखता रहूँ Summary in Hindi

विषय-प्रवेश : साक्षात्कार साहित्य की एक महत्त्वपूर्ण विधा है। साक्षात्कार में प्रश्न उत्तर के माध्यम से किसी व्यक्ति से साक्षात्कारकर्ता उसके कार्यों एवं जीवन के विविध पक्षों के बारे में समुचित जानकारी प्राप्त करता है। साक्षात्कार में व्यक्ति के बारे में हर प्रकार की जानकारी आईने में दिखाई देने वाली तस्वीर की भाँति झलकने लगती है। __प्रस्तुत साक्षात्कार में विश्वनाथ प्रसाद तिवारी ने प्रसिद्ध लेखक अमृतलाल नागर से उनके साहित्य-सृजन, साहित्य, उनकी लेखन प्रक्रिया, उनके समकालीन साहित्यकारों, तत्कालीन राजनैतिक एवं सामाजिक परिस्थितियों तथा उनकी कुछ प्रमुख कृतियों के बारे में अनेक |. प्रश्न पूछे हैं और उन्होंने उनका बेबाक उत्तर दिया है।

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions दूसरी इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Lokbharti Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Lokbharti Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति Notes, Textbook Exercise Important Questions and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Lokbharti Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति Textbook Questions and Answers

कृति

कृतिपत्रिका के प्रश्न 1 (अ) तथा 1 (आ) के लिए

सूचना के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 1
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 22

प्रश्न 2.
परिणाम लिखिए:
a. सुबह साढ़े पाँच-पौने छह बजे दरवाजा खटखटाने का –
२. साठ पैसे प्रति किलोमीटर के हिसाब से पैसे जमा करवाने का-
उत्तर:
a. सुबह साढ़े पाँच-पौने छह बजे दरवाजा खटखटाने का – नींद टूटना और बड़ी तेज आवाज में बोलना।
b. साठ पैसे प्रति किलोमीटर के हिसाब से पैसे जमा करवाने का – पिता की यह बात सुनकर दोनों भाई वहाँ रुक नहीं सके। कमरे में जाकर देर तक फूट-फूटकर रोते रहे।

प्रश्न 3.
पाठ में प्रयुक्त गहनों के नाम:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 2
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 23

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 4.
वर्ण पहेली से विलोम शब्दों की जोड़ियाँ ढूँढकर लिखिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 3
उत्तर:
(i) दुख x सुख
(ii) बुरा x भला
(iii) प्रसन्न x अप्रसन्न
(iv) सदुपयोग x दुरुपयोग।

प्रश्न 5.
पर जो असल गहना है वह तो है’ इस वाक्य से अभिप्रेत भाव लिखिए।
उत्तर:
स्त्री के सोने-चाँदी, हीरे-मोती के गहने उसके शरीर के बाह्य शृंगारिक गहने होते हैं। ये गहने स्थायी नहीं होते। स्त्री का असली गहना तो उसका पति होता है, जो जीवन भर उसका साथ निभाता है।

प्रश्न 6.
कुरते के प्रसंग से शास्त्री जी के इन गुणों (स्वभाव) का पता चलता है: १. _____________ १. _____________

प्रश्न 7.
पाठ में प्रयुक्त परिमाणों की सूची तैयार कीजिए:
a. _____________ b. _____________
उत्तर:
a. ग्राम, किलोमीटर, पैसे। साढ़े (पाँच), पौने (छह)।
b. पल, मिनट, बजे, सप्ताह, महीना।

प्रश्न 8.
‘पर’ शब्द के दो अर्थ लिखकर उनका स्वतंत्र वाक्य में प्रयोग कीजिए। १. _____________ १. _____________
उत्तर:
a. पर-अर्थ: पक्षी का पंख, डैना।
वाक्य: गिद्ध के पर बहुत बड़े और भारी होते हैं।

b. पर-अर्थ: लेकिन, परंतु।
वाक्य: सरकार ने किसानों के कर्ज माफ करने की घोषणा कर दी, पर उस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

(अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘सादा जीवन, उच्च विचार’ विषय पर अपने विचार लिखिए।
उत्तर:
संसार में दो प्रकार के मनुष्य होते हैं। एक वे, जो भौतिक सुखों को ही अपने जीवन का उद्देश्य मानते हैं। इनके लिए किसी भी तरह धन-दौलत तथा सुख-सुविधा की वस्तुएँ प्राप्त करना अनुचित नहीं होता। दूसरे प्रकार के मनुष्य हर स्थिति में अपने आप को संतुष्ट रखते हैं। ये अपने सीमित साधनों से अपना और अपने परिवार का निर्वाह करते हैं और प्रसन्न रहते हैं।

इनका रहन-सहन साधारण ढंग का होता है। विलासितापूर्ण वस्तुएँ इन्हें प्रभावित नहीं कर पातीं। वे केवल जीवनावश्यक वस्तुओं से अपना गुजारा कर लेते हैं, पर ईमानदारी, सच्चरित्रता, सच्चाई, सरलता तथा दूसरों के प्रति सहानुभूति रखना वे अपने जीवन का आदर्श मानते हैं। हमारे देश के संतों, महात्माओं तथा महापुरुषों का जीवन इसी तरह का रहा है। इन महापुरुषों को जनता आज भी याद करती है और उनका गुणगान करती है। सादा जीवन उच्च विचार को हर युग में हमारे यहाँ मान्यता मिली है और इन्हें अपने जीवन का मूलमंत्र मानकर ही मनुष्य सुखी रह सकता है।

भाषा बिंदु

प्रश्न 1.
निम्नलिखित वाक्यों को व्याकरण नियमों के अनुसार शुद्ध करके फिर से लिखिए: [प्रत्येक वाक्य में कम-से-कम दो अशुद्धियाँ हैं]
1. करामत अली गाय अपनी घर लाई।
2. उसने गाय की पीठ पर डंडे बरसाने नहीं चाहिए थी।
3. करामत अली ने रमजानी पर गाय के देखभाल का जिम्मेदारी सौंपी।
4. आचार्य अपनी शिष्यों को मिलना चाहते थे।
5. घर में तख्ते के रखे जाने का आवाज आता है।
6. लड़के के तरफ मुखातिब होकर रामस्वरूप ने कोई कहना चाहा।
7. सिरचन को कोई लड़का-बाला नहीं थे।
8. लक्ष्मी की एक झूब्बेदार पूँछ था।
9. कन्हैयालाल मिश्र जी बिड़ला के पुस्तक को पढ़ने लगे।
10. डॉ. महादेव साहा ने बाजार से नए पुस्तक को खरीदा।
11. लेखक गोवा को गए उनकी साथ साढू साहब भी थे।
12. टिळक जी ने एक सज्जन के साथ की हुई व्यवहार बराबर थी।
13. रंगीन फूल की माला बहोत सुंदर लग रही थी।
14. बूढ़े लोग लड़के और कुछ स्त्रियाँ कुएँ पर पानी भर रहे थे।
15. लड़का, पिता जी और माँ बाजार को गई।
16. बरसों बाद पंडित जी को मित्र का दर्शन हुआ।
17. गोवा के बीच पर घूमने में बड़ी मजा आई।
18. सामने शेर देखकर यात्री का प्राण मानो मुरझा गया।
19. करामत अली के आँखों में आँसू उतर आई।
20. मैं मेरे देश को प्रेम करता हूँ। Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति
उत्तर:
1. करामत अली गाय अपने घर ले आए।
2. उसे गाय की पीठ पर डंडे नहीं बरसाने चाहिए थे।
3. करामत अली ने रमजानी पर गाय की देखभाल की जिम्मेदारी सौंपी।
4. आचार्य अपने शिष्यों से मिलना चाहते थे।
5. घर में तख्ता रखे जाने की आवाज आती है।
6. लड़के की तरफ मुखातिब होकर रामस्वरूप ने कुछ कहना चाहा।
7. सिरचन को कोई बाल-बच्चा नहीं था।
8. लक्ष्मी की एक झब्बेदार पूँछ थी।
9. कन्हैयालाल मिश्र जी बिड़ला की पुस्तक पढ़ने लगे।
10. डॉ. महादेव साहा ने बाजार से नई पुस्तक खरीदी।
11. लेखक गोवा गए और उनके साथ उनके साढू साहब भी थे।
12. टिळक जी द्वारा एक सज्जन के साथ किया हुआ व्यवहार सही था।
13. रंगीन फूलों की माला बहुत सुंदर लग रही थी।
14. बूढ़े, लड़के और कुछ स्त्रियाँ कुएँ से पानी भर रहे थे।
15. लड़का, पिताजी और माँ बाजार गए।
16. बरसों बाद पंडित जी को मित्र के दर्शन हुए।
17. गोवा के बीच पर घूमने में बड़ा मजा आया।
18. सामने शेर देखकर यात्री के प्राण मानो मुरझा गए।
19. करामत अली की आँखों में आँसू उतर आए।
20. मैं अपने देश को प्यार करता हूँ। Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

उपयोजित लेखन

निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर कहानी लिखिए। उसे उचित शीर्षक दीजिए।

गाँव में लड़कियाँ-सभी पढ़ने में होशियार-गाँव में पानी का अभाव-लड़कियों का घर के कामों में सहायता करना-बहुत दूर से पानी लाना-पढ़ाई के लिए कम समय मिलनालड़कियों का समस्या पर चर्चा करना-समस्या सुलझाने का उपाय खोजना-गाँववालों की सहायता से प्रयोग करना-सफलता पाना-शीर्षक।
उत्तर:
राघोपुर आदिवासियों की आबादीवाला काफी बड़ा गाँव था। यह गाँव कस्बे और शहर से बहुत दूर था। इसलिए इस गाँव में विकास के नाम पर एक सेकेंडरी स्कूल चालू करने के अलावा कुछ भी नहीं किया गया था। गाँव के लड़के-लड़कियाँ इसी स्कूल में पढ़ते थे।

राघोपुर में पीने के पानी का भारी संकट था। इसलिए लोगों को एक किलोमीटर दूर किसनपुर से पानी लाना पड़ता था। किसनपुर के सरपंच ने गाँव वालों के सहयोग से एक बड़े कुएँ का निर्माण करवाया था। उस कुएँ में बहुत पानी था। उस कुएँ से दूर-दूर के गाँवों के लोग पीने का पानी ले जाते थे।

राघोपुर की लड़कियाँ घर के काम-काज में तो मदद करती ही थीं, किसनपुर से पीने का पानी लाने का काम भी उन्हींके जिम्मे होता था। इसलिए लड़कियों की पढ़ाई में इससे बाधा पहुँचती श्री।

एक दिन किसनपुर का सरपंच अपने गाँव के कुएँ की सफाई करवा रहा था। इसलिए राघोपुर की लड़कियों को कुएँ से पानी लेने में काफी देर हो गई। इसलिए लड़कियाँ उस दिन स्कूल नहीं जा सकी। सरपंच को इससे बहुत दुख हुआ।

सरपंच ने लड़कियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा, “तुम सब अपने गाँव में कुआँ खोदना शुरू करो। मैं तुम्हारी मदद करूँगा।” यह सुनकर लड़कियों को बहुत खुशी हुई। उन्होंने गाँव में आकर यह बात गाँव के लोगों को बताई। लड़कियों ने उसी दिन से कुआँ खोदने की शुरुआत कर दी। वे पढ़ाई और काम-धाम से बचा समय कुआँ खोदने में लगाने लगीं। उनकी देखादेखी गाँव वाले भी इस काम जुटने लगे।

एक दिन कुआँ खुदकर तैयार हो गया और उसके छोटे से गाँव के लोगों के प्रतिदिन के उपयोग करने भर का पर्याप्त पानी निकल आया। अब गाँव की लड़कियों का समय दूसरे गाँव से पानी लाने में बर्बाद नहीं होता था। वे पूरे समय स्कूल में पढ़ाई करने लगी।। गाँव के लोग भी बहुत प्रसन्न थे।

शीर्षक: सूझबूझ का फल

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति Additional Important Questions and Answers

गद्यांश क्र.1
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) पिता के न रहने पर लेखक पर यह बीता –
(ii) लेखक के जन्म के समय उनके पिता यह थे –
(iii) लेखक सदा यह कल्पना किया करते थे –
(iv) लेखक के पिता प्रधानमंत्री हुए तो वहाँ। यह गाड़ी थी –
उत्तर:
(i) पिता के न रहने पर लेखक पर यह बीता – [उन्हें बैंक में नौकरी करनी पड़ी]
(ii) लेखक के जन्म के समय उनके पिता यह थे – [उत्तर प्रदेश के पुलिस मंत्री]
(iii) लेखक सदा यह कल्पना किया। करते थे – [उनके पास बड़ी आलीशान गाड़ी होनी चाहिए]
(iv) लेखक के पिता प्रधानमंत्री हुए तो। वहाँ यह गाड़ी थी – [इंपाला शेवरलेट]

प्रश्न 2.
ऐसे दो प्रश्न बनाइए, जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द हों:
(i) सहाय साहब
(ii) अभाव।
उत्तर:
(i) लेखक के पिता के निजी सचिव का नाम क्या था?
(ii) लेखक ने अपने पिता के रहते जीवन में क्या नहीं देखा?

प्रश्न 3.
किसने, किससे कहा?
(i) मैं तो इसे चलाऊँगा नहीं। तुम्हीं चलाओ।’
(ii) ‘तुम बैठो, आराम करो, हम लोग वापस आते हैं अभी।’
उत्तर:
(i) मैं तो इसे चलाऊँगा नहीं। तुम्हीं चलाओ’
– लेखक के बड़े भाई अनिल भैया ने लेखक से कहा।

(ii) ‘तुम बैठो, आराम करो, हम लोग वापस आते हैं अभी’
– लेखक ने ड्राइवर से कहा।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 4.
उत्तर लिखिए:
(i) शान की सवारी याद आने का परिणाम – …………………..
(ii) बातचीत में समय बिताने का परिणाम – …………………..
उत्तर:
(i) (लेखक कल्पना किया करते थे कि, उनके पास बड़ी आलीशान गाड़ी होनी चाहिए। इस समय वे आलीशान गाड़ी इंपाला शेवरलेट में शान से सवारी कर रहे थे।) वह पुरानी बात याद आने पर उनके शरीर में झुरझुरी आने लगी।
(ii) (लेखक अपने परिचित व्यक्ति के यहाँ इंपाला शेवरलेट में सवार होकर भोजन करने गए थे। वहाँ बातचीत में उन्हें समय का ध्यान नहीं आया) उन्हें देर हो गई।

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 4
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 5

प्रश्न 2.
उत्तर लिखिए:
(i) लेखक हमेशा कल्पना किया करते थे –
(ii) लेखक को इस बात का गर्व था –
(iii) लेखक ने संतरी को सैलूट मारने से रोका –
(iv) लेखक घर में यहाँ से घुसे –
उत्तर:
(i) बड़ी आलीशान गाड़ी की।
(ii) प्रधानमंत्री का लड़का होने का।
(iii) ताकि आवाज न हो और लेखक के पिता को उनके लौटने का। अंदाज न हो।
(iv) पीछे किचन के दरवाजे से।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 3.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) लेखक के पिता पहले इस राज्य के गृहमंत्री थे – [ ]
(ii) पहले गृहमंत्री को यह कहा जाता था – [ ]
उत्तर:
(i) लेखक के पिता पहले इस राज्य के गृहमंत्री थे – [उत्तर प्रदेश]
(ii) पहले गृहमंत्री को यह कहा जाता था – [पुलिस मंत्री]

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के लिंग पहचानकर लिखिए:
(i) पुलिस
(ii) बदन
(iii) संतरी
(iv) पानी।
उत्तर:
(i) पुलिस – स्त्रीलिंग
(iii) संतरी – पुल्लिग
(ii) बदन – पुल्लिग
(iv) पानी – पुल्लिंग।

प्रश्न 2.
गद्यांश में आए अंग्रेजी शब्द खोजकर लिखिए।
(i) ……………………..
(ii) ……………………..
(iii) ……………………..
(iv) ……………………..
उत्तर:
(i) आर्डर
(ii) रेजिडेंस
(iii) गेट
(iv) सैलूट।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 3.
गद्यांश से ऐसे दो शब्द ढूँढ़कर लिखिए, जिनका वचन परिवर्तन से रूप नहीं बदलता।
(i) ……………………..
(ii) ……………………..
उत्तर:
(i) घर
(ii) समय

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘बच्चों की कल्पनाएँ और माता-पिता का डर’ विषय पर अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
बचपन में बच्चों को हर चीज के बारे में उत्सुकता होती है। उनके मन में तरह-तरह की कल्पनाएँ आती हैं। इन कल्पनाओं को साकार रूप देने की वे कोशिश भी करते हैं। पर वे दुनियादारी से अनभिज्ञ होते हैं। इसलिए कभी-कभी उनसे गलतियाँ हो जाया करती हैं। कुछ बच्चे डर के कारण इन गलतियों को अपने माता-पिता से छुपाने का प्रयास करते हैं। मगर ये गलतियाँ जब खुल जाती हैं, तब ये बच्चे लज्जित होते हैं। इस तरह की गलतियों को अपने माता-पिता को न बताकर बच्चे बड़ी भूल करते हैं। अपनी गलतियों को अपने मातापिता से बता देने वाले बच्चे फायदे में रहते हैं।

समझदार माता-पिता बच्चों की गलतियों पर डाँटने-फटकारने के बजाय उन्हें प्यार से समझाते हैं। वे उन्हें स्थिति से निपटने का मार्ग बताकर उनकी सहायता करते हैं। ऐसे बच्चे भविष्य में इस तरह की गलतियों करने से बचे रहते हैं। माता-पिता सदा बच्चों के हित के बारे में सोचते हैं। इसलिए बच्चों को अपने मन में उत्पन्न किसी तरह की कल्पना के बारे में अपने मातापिता को बताना चाहिए और उसके बारे में उनकी सलाह के अनुसार कार्य करना चाहिए। उन्हें उनसे डरना नहीं चाहिए।

गद्यांश क्र.2
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 6
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 7
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 8

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 2.
एक शब्द में उत्तर लिखिए:
(i) लेखक ने दरवाजा खटखटाने वाले को यह समझा ………………….
(ii) लेखक के पिता ने लेखक को इसके लिए बुलाया ………………….
उत्तर:
(i) लेखक ने दरवाजा खटखटाने वाले को यह समझा – नौकर।
(ii) लेखक के पिता ने लेखक को इसके लिए बुलाया – चाय के लिए।

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 9
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 9

प्रश्न 2.
परिणाम लिखिए:
(i) दरवाजे पर दुबारा दस्तक देने का –
उत्तर:
(i) दरवाजे पर दुबारा दस्तक देने का – झुंझलाना और जोर से बिगड़ने के मूड में बड़बड़ाना।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 3.
ऐसे दो प्रश्न बनाइए, जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द हों:
(i) खाने पर
(ii) इंपाला का।
उत्तर:
(i) लेखक और उनके भाई कहाँ गए थे?
(ii) लेखक के पिताजी किसका बहुत कम उपयोग करते थे?

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के वचन बदलकर लिखिए:
(i) गाड़ी
(ii) कमरे
(iii) दरवाजा
(iv) हम।
उत्तर:
(i) गाड़ी – गाड़ियाँ
(ii) कमरे – कमरा
(iii) दरवाजा – दरवाजे
(iv) हम – मैं।

गद्यांश क्र. 3

प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
परिणाम लिखिए:
(i) अलमारी और कमरा ठीक करने का –
उत्तर:
(i) अलमारी और कमरा ठीक करने का – फटे कुरतों के बारे में पूछताछ की गई।

प्रश्न 2.
सही विकल्प चुनकर वाक्य फिर से लिखिए:
(i) आपसे यह बात ……………………….. के तहत नहीं कर रहा। (सम्मान/अभिमान/शान)
(ii) मेरे बच्चे कहते हैं कि पापा आप हमें ……………………….. से भेजते हैं। (बाइक/रिक्शा/साइकिल)
(iii) दूसरे दिन मैं ……………………….. जाने के लिए तैयार हो रहा था कि बाबू जी ने मुझे बुलाया। (कार्यालय/बाजार/स्कूल)
(iv) वे छोटे हैं, उन्हें ……………………….. चीरकर नहीं बता सकता। (सीना/कलेजा/हृदय)
उत्तर:
(i) आपसे यह बात शान के तहत नहीं कर रहा।
(ii) मेरे बच्चे कहते हैं कि पापा आप हमें साइकिल से भेजते हैं।
(iii) दूसरे दिन मैं स्कूल जाने के लिए तैयार हो रहा था कि बाबू जी ने मुझे बुलाया।
(iv) वे छोटे हैं, उन्हें कलेजा चीरकर नहीं बता सकता।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 12
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 12
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 13

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 2.
वाक्य पूर्ण कीजिए:
(i) इतना जो उनका कहना था कि हम ……………………
(ii) याद आते हैं बचपन के वे हसीन दिन, ……………………
उत्तर:
(i) इतना जो उनका कहना था कि हम – और अनिल भैया वहाँ एक नहीं सके।
(ii) याद आते हैं बचपन के वे हसीन दिन, – वे पल, जो मैंने बाबू जी के साथ बिताए।

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के लिंग पहचानकर लिखिए:
(i) रुलाई
(ii) शान
(iii) रिक्शा
(iv) नींव।
उत्तर:
(i) रुलाई – स्त्रीलिंग
(ii) शान – स्त्रीलिंग
(iii) रिक्शा – पुल्लिंग
(iv) नींव – स्त्रीलिंग

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों के बहुवचन रूप लिखिए:
(i) बात
(ii) कोशिश
(iii) साइकिल
(iv) महीना।
उत्तर:
(i) बात – बातें
(ii) कोशिश – कोशिशें
(iii) साइकिल – साइकिलें
(iv) महीना – महीने।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘जीवन में अनुशासन की आवश्यकता’ विषय पर अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
मनुष्य के जीवन में अनुशासन का बहुत महत्त्व है। अनुशासन का पालन करने वाले व्यक्ति के कार्य सुचारु रूप से संपन्न होते हैं और अन्य लोग ऐसे व्यक्ति की प्रशंसा करते हैं और उससे प्रेरणा लेते हैं। अनुशासित व्यक्ति ही समाज को नई दिशा दे सकते हैं। रात और दिन का होना, सूर्य और चंद्रमा का अपने नियत समय पर उदय और अस्त होना, फसलों का उगना, बढ़ना और समय पर पकना आदि अनुशासन का ही नतीजा है।

अनुशासित व्यक्ति अपने सभी काम समय पर और ईमानदारी से करने में विश्वास रखता है। उसे इस मामले में लापरवाही बर्दाश्त नहीं होती। दूसरों से भी वह ऐसी ही अपेक्षा रखता है। प्रत्येक व्यक्ति का कर्तव्य है, कि वह अपने आप को अनुशासित रखे। इसके लिए अपने ऊपर अंकुश लगाना और अपने। आप को नियंत्रण में रखना अनुशासन में रहने का आरंभिक पाठ है। यह प्रक्रिया अपने आप को अनुशासित करने का उत्तम मार्ग है।

गयांश क्र.4
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 14
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 15
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 16

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 17
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 19

प्रश्न 2.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 18
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति 20

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 3.
उत्तर लिखिए:
(i) इन्हें घाटा लगा था – [ ]
(ii) गद्यांश में आया महापुरुष का नाम – [ ]
(iii) गद्यांश में प्रयुक्त एक शहर का नाम – [ ]
(iv) लेखक की माँ विदा होकर यहाँ आई थी – [ ]
उत्तर:
(i) इन्हें घाटा लगा था – [लेखक के पिता जी के चाचा जी को]
(ii) गद्यांश में आया महापुरुष का नाम – [गाँधी जी]
(iii) गद्यांश में प्रयुक्त एक शहर का नाम – [मिरजापुर]
(iv) लेखक की माँ विदा होकर यहाँ आई थी – [रामनगर]

प्रश्न 4.
दो ऐसे प्रश्न बनाकर लिखिए, जिनके उत्तर निम्नलिखित हों:
(i) सुहाग वाले
(ii) सुख-दुख।
उत्तर:
(i) लेखक की माँ ने किस तरह के गहने रख लिए थे?
(ii) जीवन में क्या सदा ही लगा रहता है?

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
गद्यांश में आए प्रत्यययुक्त शब्द छाँटकर लिखिए और प्रत्यय तथा शब्द अलग-अलग कीजिए।
(i) ……………………
(ii) ……………………
(iii) ……………………
(iv) ……………………
उत्तर:
(i) व्यक्तित्व = व्यक्ति + त्व।
(ii) रिश्तेवालों = रिश्ते + वालों।
(iii) जिम्मेदारी = जिम्मेदार + ई।:
(iv) हिचकिचाहट = हिचकिच + आहट।:

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों के समानार्थी शब्द लिखिए:
(i) शादी = ……………………
(ii) जरूरत = ……………………
(iii) गहना = ……………………
(iv) पीड़ा = ……………………
उत्तर:
(i) शादी = विवाह
(ii) जरूरत = आवश्यकता:
(iii) गहना = आभूषण
(iv) पीड़ा = कष्ट।:

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 3.
(a) निम्नलिखित शब्दों के बिलोम शब्द लिखिए:
(i) प्यार x ……………………
(ii) घाटा x ……………………
उत्तर:
(i) प्यार x नफरत
(ii) घाटा x मुनाफा।

(b) निम्नलिखित शब्दों के वचन पहचानकर लिखिए:,
(i) गहने
(ii) घर।
उत्तर:
(i) गहने-बहुवचन
(ii) घर-एकवचन/बहुवचन।

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
महिलाओं को गहनों का शौक’ विषय पर अपने विचार 25 से 30: शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
शृंगार और स्त्रियों का पुराना नाता रहा है। केश-विन्यास, परिधान और मेकअप के साथ-साथ स्त्रियों के श्रृंगार में आभूषणों का महत्त्वपूर्ण योगदान होता है। आभूषण के प्रति स्त्रियों के आकर्षण को ध्यान में रखते हुए आभूषण निर्माता तरह-तरह के सुंदर आभूषणों का निर्माण करते हैं। हमारे देश के अधिकांश हिस्सों में विवाह के समय कन्या को वर पक्ष एवं माता-पिता की ओर से आभूषण देने की प्रथा चली आ रही है। इसके पीछे कन्या को श्रृंगार के साधन के साथ-साथ जीवन में वक्त-जरूरत के समय काम आने वाली छोटी-मोटी पूँजी देने का उद्देश्य होता है। हमारे पुरखों ने इसी उद्देश्य से आभूषणों को चढ़ावे की रस्म से जोड़ दिया था, जो आज भी हमारे समाज में प्रचलित है। आभूषण शृंगार और पूँजी दोनों के काम आते हैं।

भाषा अध्ययन (व्याकरण)

प्रश्न. सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

1. शब्द भेद:

अधोरेखांकित शब्दों का शब्दभेद पहचानकर लिखिए:
(i) गाड़ी लेकर हम चल पड़े
(ii) सोना मूल्यवान धातु है।
उत्तर:
(i) पुरुषवाचक सर्वनाम
(ii) द्रव्यवाचक संज्ञा।

2. अव्यय:

निम्नलिखित अव्ययों का अपने वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
(i) अंदर
(ii) कभी-कभी।
उत्तर:
(i) हम दबे पैर पीछे किचन के दरवाजे से अंदर घुसे।
(ii) लेखक बच्चों को कभी-कभी अपनी गाड़ी से स्कूल छोड़ देते थे।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

3. संधि:

कृति पूर्ण कीजिए:

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
सूर्यास्त  ……………………  ……………………
 अथवा
…………………… दिक् + अंबर ……………………

उत्तर:

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
सूर्यास्त सूर्य + अस्त स्वर संधि
 अथवा
दिगंबर दिक् + अंबर व्यंजन संधि

4. सहायक क्रिया:

निम्नलिखित वाक्यों में से सहायक क्रिया पहचानकर उनका मूल रूप लिखिए:
(i) मैंने तुम्हारे बदन के सारे गहने उतरवा लिए।
(ii) वह सब मैंने अम्मा को दे दिए हैं।
उत्तर:
सहायक क्रिया – मूल रूप
(i) लिए – लेना
(ii) हैं – होना

5. प्रेरणार्थक क्रिया:

निम्नलिखित क्रियाओं के प्रथम प्रेरणार्थक और द्वितीय प्रेरणार्थक रूप लिखिए:
(i) देखना
(ii) दौड़ना।
उत्तर:
क्रिया – प्रथम प्रेरणार्थक रूप – दवितीय प्रेरणार्थक रूप
(i) देखना – दिखाना – दिखवाना
(ii) दौड़ना। – दौड़ाना – दौड़वाना

6. मुहावरे:

प्रश्न 1.
निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए:
(i) फूट-फूट कर रोना
(ii) देखते रह जाना।
उत्तर:
(i) फूट-फूट कर रोना।
अर्थ: जोर-जोर से रोना।
वाक्य: माँ की नाजुक हालत देखकर बेटा फूट-फूट कर रोने लगा।

(ii) देखते रह जाना।
अर्थ: आश्चर्यचकित होना।
वाक्य: प्लेटफार्म पर पहुँचते-पहुँचते यात्री की गाड़ी छूट गई और वह देखता रह गया।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 2.
अधोरेखांकित वाक्यांशों के लिए उचित मुहावरे का चयन करके वाक्य फिर से लिखिए: (बाएँ हाथ का खेल, डौंग मारना, तौलकर बोलना)
(i) रमेश के लिए तैरकर नदी पार कर लेगा बहुत सरल है।
(ii) राघव बहुत समझ-बूझकर बोलता है।
उत्तर:
(i) रमेश के लिए तैरकर नदी पार कर लेना बाएँ हाथ का खेल है।
(ii) राघव बहुत तौलकर बोलता है।

7. कारक:

निम्नलिखित वाक्यों में प्रयुक्त कारक पहचानकर उसका भेद लिखिए:
(i) एक दिन बाबू जी ने कहा, “सुनील मेरी अलमारी बहुत बेतरतीब हो गई है।”
(ii) मैंने बाबू जी के कपड़ों की तरफ ध्यान देना शुरू किया।
उत्तर:
(i) बाबू जी ने – कर्ता कारक।
(ii) बाबू जी के – संबंध कारक।

8. विरामचिह्न:

निम्नलिखित वाक्यों में यथास्थान उचित विरामचिहनों का प्रयोग करके वाक्य फिर से लिखिए:
(i) अजी आप इतनी देर से क्यों घर लौटे
(ii) वाह आपने तो गजब कर दिया
उत्तर:
(i) अजी, आप इतनी देर से क्यों घर लौटे?
(ii) वाह! आपने तो गजब कर दिया।

9. काल परिवर्तन:

निम्नलिखित वाक्यों का सूचना के अनुसार काल परिवर्तन कीजिए:
(i) अब हम उसका प्रयोग कर सकेंगे। (अपूर्ण वर्तमानकाल)
(ii) हम एक जगह खाने पर चले गए थे। (सामान्य भविष्यकाल)
उत्तर:
(i) अब हम उसका प्रयोग कर रहे हैं।
(ii) हम एक जगह खाने पर चले जाएंगे।

10. वाक्य भेद:

प्रश्न 1.
निम्नलिखित वाक्यों का रचमा के आधार पर भेद पहचानकर लिखिए:
(i) बाबूजी खुद इंपाला का प्रयोग न के बराबर करते थे और वह किसी स्टेट गेस्ट के आने पर ही निकाली जाती थी।
(ii) संतरी को जैसा कहा गया था, उसने वैसा ही किया।
उत्तर:
(i) संयुक्त वाक्य
(ii) मिश्र वाक्य।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

प्रश्न 2.
निम्नलिखित वाक्यों का अर्थ के आधार पर दी गई सूचना के अनुसार परिवर्तन कीजिए:
(i) हमने बहाना सोच लिया है। (विस्मयादिबोधक वाक्य)
(ii) यह बात शान के तहत नहीं कर रहा हूँ। (विधानवाचक वाक्य)
(iii) तुम लॉग बुक रखते हो? (आज्ञावाचक वाक्य)
उत्तर:
(i) अहा ! हमने बहाना सोच लिया।
(ii) यह बात शान के तहत कर रहा हूँ।
(ii) तुम लॉग बुक रखो।

11. वाक्य शुद्धिकरण:

निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए:
(i) वह मुसकराया और बोले, “आप चिंता न करें।”
(ii) बचपन के वह दीन याद आता है।
उत्तर:
(i) वे मुसकराए और बोले, “आप चिंता न करें।”
(ii) बचपन का वह दिन याद आता है।

उपक्रम/कृति/परियोजना

लेखनीय
आज के उपभोक्तावादी युग में पनप रही दिखावे की संस्कृति पर अपने विचार लिखिए।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 5 ईमानदारी की प्रतिमूर्ति

पठनीय
पुलिस द्वारा नागरी सुरक्षा के लिए किए जाने वाले कार्यों की जानकारी पढ़िए एवं उनकी सूची बनाइए।

संभाषणीय
अनुशासन जीवन का एक अंग है, इसके विभिन्न रूप आपको कहाँ-कहाँ देखने को मिलते हैं, बताइए।

ईमानदारी की प्रतिमूर्ति Summary in Hindi

विषय-प्रवेश:
लाल बहादुर शास्त्री भारत के प्रधानमंत्री थे। वे एक सामान्य परिवार में जन्मे ‘सादा जीवन उच्च विचार’ के सिद्धांत | को मानने वाले व्यक्ति थे। वे अपनी ईमानदारी, सादगी, सरलता आदि के लिए प्रसिद्ध थे। प्रस्तुत संस्मरण में उनके पुत्र सुनील शास्त्री ने शास्त्री जी और अपने बीच घटी कई प्रेरक एवं यादगार घटनाओं का बेबाक वर्णन किया है।

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions दूसरी इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Lokbharti Solutions Chapter 11 समता की ओर

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Lokbharti Chapter 11 समता की ओर Notes, Textbook Exercise Important Questions, and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Lokbharti Chapter 11 समता की ओर

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 11 समता की ओर Textbook Questions and Answers

कृति

(कृतिपत्रिका के प्रश्न 2 (अ) तथा प्रश्न 2 (आ) के लिए)

सूचना के अनुसार कृतियाँ कीजिए :

प्रश्न 1.
कृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 1
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 4

प्रश्न 2.
जीवन शैली में अंतर स्पष्ट कीजिए :

धनी  दीन- दरिद्र
……………………..
……………………..
……………………..
……………………..
……………………..
……………………..
……………………..
……………………..

उत्तर:

धनी  दीन- दरिद्र
(i) रात दिन मौज, आनंद ही आनंद
(ii) हलुवा-पूड़ी, दूध-मलाई का भोजन
शिशिर ऋतु के सारे दुख.
सूखी रोटी और भाजी का भी अभाव।

प्रश्न 3.
तालिका पूर्ण कीजिए:

ऋतुएँ  अंग्रेजी माह  हिंदी माह
१. वसंत  मार्च, अप्रैल  चैत्र, बैसाख
२. ग्रीष्म  …………………..  …………………..
३. वर्ष  …………………..  …………………..
४. शरद  …………………..  …………………..
५. हेमंत  …………………..  …………………..
६. शिशिर  …………………..  …………………..

उत्तर:

ऋतुएँ  अंग्रेजी माह  हिंदी माह
१. वसंत  मार्च, अप्रैल  चैत्र, बैसाख
२. ग्रीष्म मई–जून ज्येष्ठ–आषाढ़
३. वर्ष जुलाई–अगस्त श्रावण–भाद्रपद
४. शरद सितंबर–अक्तूबर आश्विन–कार्तिक
५. हेमंत नवंबर–दिसंबर मार्गशीर्ष–पौष
६. शिशिर जनवरी–फरवरी। माघ–फाल्गुन

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

प्रश्न 4.
निम्न मुद्दों के आधार पर पद्य विश्लेषण कीजिए :
1. रचनाकार
2. रचना का प्रकार
3. पसंदीदा पंक्ति
4. पसंदीदा होने का कारण
5. रचना से प्राप्त संदेश
उत्तर:
1. रचनाकार का नाम → मुकुटधर पांडेय।
2. रचना का प्रकार (विधा) → नई कविता।

3. पसंद की पंक्तियाँ →
‘हमको भाई का करना उपकार नहीं क्या होगा,
भाई पर भाई का कुछ अधिकार नहीं क्या होगा’।

4. पसंद होने का कारण → जन्म से सभी मनुष्य एक जैसे होते हैं, ऊँच-नीच, बड़ा-छोटा, धनवान-गरीब तो मनुष्य अपनी-अपनी उपलब्धियों से बनता है। मनुष्य का आपस में भाई-भाई का नाता है। प्रस्तुत पंक्तियों में कहा गया है कि मनुष्य में आपस में एक-दूसरे का उपकार करने की भावना होनी चाहिए।

5. रचना से प्राप्त संदेश → सभी मनुष्य समान होते हैं। कोई अपने को बड़ा या छोटा न समझे। मनुष्य को एक-दूसरे का उपकार करना चाहिए। (विद्यार्थी अपनी पसंद की पंक्ति लिखेंगे।)

प्रश्न 5.
अंतिम दो पंक्तियों से मिलने वाला संदेश लिखिए।
उत्तर:
कवि कहते हैं कि मनुष्य-मनुष्य में कोई अंतर नहीं होता। सभी का आपस में भाई-भाई का नाता है। एक भाई का दूसरे भाई पर कुछ-न-कुछ अधिकार होता है। इसलिए हमारे, मन में एक-दूसरे का उपकार करने की भावना होनी चाहिए।

उपयोजित लेखन

प्रश्न.
विश्वबंधता वर्तमान युग की माँग’ विषय पर अस्सी से सौ शब्दों में निबंध लिखिए।
उत्तर:
वैज्ञानिक प्रगति और उपलब्धियों के बल पर आज विश्व सिमटकर बहुत छोटा हो गया है। विभिन्न देशों के लोग आज एक-दूसरे के बहुत करीब आ गए हैं। किसी भी देश में कोई घटना होती है, तो उससे दूसरे देश भी प्रभावित होते हैं। आज लोगों का एक-दूसरे के देशों में आना-जाना और व्यापारव्यवहार बहुत सुलभ हो चुका है। लोगों में आपसी प्रेम-भाव भी बहुत है। पर कुछ शक्तियाँ ऐसी हैं, जिनके कारण लोगों के बीच वैसा सौमनस्य स्थापित नहीं हो पा रहा है, जैसा होना चाहिए। इसके कारण कई देशों में अशांति का वातावरण है।

आतंकवाद और युद्ध का भय उनमें से एक है। विश्व में लोगों में आपसी भाईचारे के प्रयास पहले भी होते रहे हैं और आज तो बहुत तेजी से जारी हैं। आज के युग में विश्वबंधुता की सबसे अधिक आवश्यकता है। आज विश्व विस्फोटकों के ढेर पर बैठा हुआ है। तरह-तरह के विनाशक अस्त्र-शस्त्रों का भय लोगों को सता रहा है, जिसकी चपेट में सारा विश्व आ सकता है। इसलिए आज सभी देशों के बीच आपसी प्रेम-भाव और सौहाय की अत्यधिक आवश्यकता है। इस बात को अब सभी देश समझने लगे हैं और इस दिशा में प्रयास भी शुरू हो गए हैं। विश्वबंधुता की भावना से ही विश्व में शांति और सौहाय स्थापित हो सकता है।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 11 समता की ओर Additional Important Questions and Answers

पद्यांश क्र. 1
प्रश्न. निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
एक शब्द में उत्तर लिखिए:
(i) पद्यांश में आए एक फूल का नाम –
(ii) श्वेत कणों के रूप में पृथ्वी पर गिरने वाली हवा में मिली भाप –
(iii) लंबे-चौड़े प्राकृतिक गड्ढे के लिए प्रयुक्त शब्द जिसमें बरसाती पानी जमा होता है –
(iv) शिशिर ऋतु से पहले आने वाली ऋतु –
उत्तर:
(i) पद्यांश में आए एक फूल का नाम – पद्म (कमल)।
(ii) श्वेत कणों के रूप में पृथ्वी पर गिरने वाली हवा में मिली भाप – तुषार (बर्फ)।
(iii) लंबे-चौड़े प्राकृतिक गड्ढे के लिए प्रयुक्त शब्द जिसमें बरसाती पानी जमा होता है – ताल।
(iv) शिशिर ऋतु से पहले आने वाली ऋतु – हेमंत ऋतु।

प्रश्न 2.
उचित जोड़ियाँ मिलाकर लिखिए: (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
‘अ’ – ‘आ’
(i) प्रकृति – ताल
(ii) अवनि – युतिहीन
(iii) पद्मदल – नृप
(iv) अन्यायी – कुंझटिका लोग
उत्तर:
(i) प्रकृति – युतिहीन
(ii) अवनि – कुंझटिका
(iii) पद्मदल – ताल
(iv) अन्यायी -नृप।

प्रश्न 3.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 3
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 5

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

कृति 2: (शब्द संपदा) (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)

प्रश्न 1.
लिंग पहचानकर लिखिए:
(i) नृप –
(ii) प्रकृति –
(iii) अवनि –
(iv) निशा –
उत्तर:
(i) नृप – पुल्लिग
(ii) प्रकृति – स्त्रीलिंग
(iii) अवनि – स्त्रीलिंग
(iv) निशा – स्त्रीलिंग।

प्रश्न 2.
वचन परिवर्तन कीजिए:
(i) ऋतु –
(ii) घर –
उत्तर:
(i) ऋत – ऋतुएँ
(ii) घर – घर।

कृति 3: (सरल अर्थ)

प्रश्न.
प्रस्तुत पद्यांश की प्रथम चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए। (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
उत्तर:
निशा काल में लोग घरों में निज-निज जा सोते हैं। बाहर श्वान, स्यार चिल्लाकर बार-बार रोते हैं। कवि कहते हैं कि शिशिर ऋतु के भाई हेमंत का समय बीत गया है। अब शिशिर ऋतु का आगमन हो गया है। शिशिर ऋतु की कँपा देने वाली ठंड के कार प्रकृति की आभा खत्म हो गई है और वह कांति रहित हो गई है। पृथ्वी पर धुंधलका छां गया है।

ठंड के कारण खूब बर्फ गिर रही है। इससे तालाबों में खिले हुए कमल के फूलों को बहुत कष्ट हो रहा है। कवि कहते हैं यह कष्ट कुछ उसी तरह का है, जैसे किसी निर्दयी और अन्यायी राजा के तरह-तरह के दंडों से उसके राज्य की प्रजा दुखी होती है।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

पद्यांश क्र. 2
प्रश्न, निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 6
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 8

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

प्रश्न 2.
एक शब्द में उत्तर लिखिए:
(i) रात के एक हिस्से का नाम –
(ii) घर के भीतर खुला छोड़े गए भाग का नाम –
(iii) देखने के अर्थ में आया हुआ शब्द –
(iv) सौर मंडल के एक उपग्रह का नाम –
उत्तर:
(i) रात के एक हिस्से का नाम – अर्धरात्रि।
(ii) घर के भीतर खुला छोड़े गए भाग का नाम – आँगन।
(iii) देखने के अर्थ में आया हुआ शब्द – ‘लख’।
(iv) सौर मंडल के एक उपग्रह का नाम – चंद्रमा।

प्रश्न 3.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 7
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 9

कृति 2: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के वचन बदलकर लिखिए:
(i) रोटी
(ii) दुशाले
उत्तर:
(i) रात-दिन
(ii) दूध-मलाई।

कृति 3: (सरल अर्थ)

प्रश्न.
पद्यांश की अंतिम चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
कवि कहते हैं कि शिशिर ऋतु की कष्टदायी ठंड में धनी वर्ग के व्यक्तियों को आनंद ही आनंद है। वे रात-दिन मौज-मजा करते हैं और प्रसन्न रहते हैं। लेकिन गरीबों और दरिद्रों के लिए शिशिर ऋतु की ठंड में दुख ही दुख है।

धनिक वर्ग के लोग हलुवा-पूड़ी और ताजी दूध-मलाई खाते हैं और ठंडक का आनंद लेते हैं। लेकिन गरीबों और दरिद्रों को सुखी रोटी और सब्जी भी नसीब नहीं होती (यानी उन्हें उपवास करना पड़ता है)।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

पयांश क्र. 3
प्रश्न. निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
जीवन-शैली में अंतर स्पष्ट कीजिए:
घनी – दीन-दरिद्र
(i) …………… – ………………
(ii) ………….. – ……………….
उत्तर:
धनी – दीन-दरिद्रमा
(i) वे रंगीन कीमती शाल – दुशाले ओढ़ते हैं – इनके काँपते हुए शरीर पर रोज पाला गिरता है
(ii) ये सुविधा-संपन्न मकानों में रहते हैं, – ये टूटे-फूटे घरों में रहते हैं जहाँ हमेशा उदासी छाई रहती हैं

प्रश्न 2.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 10
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर 11

प्रश्न 3.
एक शब्द में उत्तर लिखिए:
(i) पहले इन्हें इसकी चिंता नहीं सताती थी –
(ii) यह इनका माता की तरह भरण-पोषण करती थी –
उत्तर:
(i) पहले इन्हें इसकी चिंता नहीं सताती थी – उदर की।
(ii) यह इनका माता की तरह भरण-पोषण करती थी – प्रकृति।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

कृति 2: (शब्द संपदा)

(1) निम्नलिखित शब्दों के समानार्थी शब्द लिखिए:
(i) उदर =
(ii) माता =
उत्तर:
(i) उदर = पेट
(ii) माता = माँ

(2) निम्नलिखित शब्दों के विरुद्धार्थी शब्द लिखिए:
(i) सुख x
(ii) उपकार x
उत्तर:
(i) सुख x दुख
(ii) उपकार x अपकार

भाषा अध्ययन (व्याकरण)

प्रश्न. सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

1. शब्द भेद:

अधोरेखांकित शब्दों के शब्दभेद पहचानकर लिखिए:
(i) वे हलुवा-पूड़ी और ताजी दूध-मलाई खाते हैं।
(ii) वे कीमती शाल-दुशाले ओढ़ते हैं।
उत्तर:
(i) ताजी – गुणवाचक विशेषण।
(ii) वे – पुरुषवाचक सर्वनाम।

2. अव्यय:

निम्नलिखित अव्ययों का अपने वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
(i) रात-दिन
(ii) उधर।
उत्तर:
(i) वह रात-दिन गरीबों की सेवा में लगा रहता है।
(ii) विधि उधर मत जाओ।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

3. संधि:

कृति पूर्ण कीजिए:

संधि शब्द संधि विच्छेद संधि भेद
सदैव …………………… ……………………
अथवा
…………………… निः + रज ……………………

उत्तर:

संधि शब्द संधि विच्छेद संधि भेद
सदैव सदा + एव स्वर संधि
अथवा
नीरज निः + रज विसर्ग संधि

4. सहायक क्रिया पहचानना:

निम्नलिखित वाक्यों में से सहायक क्रियाएँ पहचानकर उसका मूल रूप लिखिए:
(i) अब वह अपने नए मकान में रहने लगा।
(ii) वे शाल-दुशाले ओढ़े रहते हैं।
उत्तर:
सहायक क्रिया – मूल रूप
(i) लगा – लगना
(ii) हैं – होना

5. प्रेरणार्थक क्रिया का रूप लिखना:

निम्नलिखित क्रियाओं के प्रथम प्रेरणार्थक और द्वितीय प्रेरणार्थक रूप लिखिए:
(i) गिरना
(ii) खाना।
उत्तर:
क्रिया – प्रथम प्रेरणार्थक रूप – द्वितीय प्रेरणार्थक रूप
(i) गिरना – गिराना – गिरवाना
(ii) खाना। – खिलाना – खिलवाना

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

6. मुहावरे:

प्रश्न 1.
निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए:
(i) पौ-बारह होना
(i) नाच नचाना।
उत्तर:
(i) पौ-बारह होना।
अर्थ – लाभ का अवसर मिलना।
वाक्य: आई.ए.एस. परीक्षा में यदि वह लड़का पास हो गया, तो उसके पौ-बारह हो जाएंगे।

(ii) नाच नचाना।
अर्थ: खूब परेशान करना।
वाक्य: वह शैतान लड़का अपनी माँ को रात-दिन नाच नचाता रहता है।

प्रश्न 2.
अधोरेखांकित वाक्यांशों के लिए कोष्ठक में दिए गए उचित मुहावरे का चयन करके वाक्य फिर से लिखिए: (जाल बिछाना, राह देखना, भनक पड़ना)
(i) पुलिस ने बदमाश को गिरफ्तार करने के लिए पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी।
(ii) बोर्ड की परीक्षा हो जाने पर विद्यार्थी परिणाम की प्रतीक्षा करने लगे।
उत्तर:
(i) पुलिस ने बदमाश को गिरफ्तार करने के लिए पूरे इलाके में जाल बिछा दिया।
(ii) बोर्ड की परीक्षा हो जाने पर विद्यार्थी परिणाम की राह देखने लगे।

7. कारक:

निम्नलिखित वाक्यों में प्रयुक्त कारक पहचानकर उसका भेद लिखिए:
(i) चंद्रमा ने पांडुवर्ण पाया है।
(ii) वे सुख से अपने घरों में रहते हैं।
उत्तर:
(i) चंद्रमा ने – कर्ता कारक।
(ii) सुख से – करण कारक।

8. विरामचिह्न:

निम्नलिखित वाक्यों में यथास्थान उचित विरामचिह्नों का प्रयोग करके वाक्य फिर से लिखिए:
(i) वाह आपने तो कमाल कर दिया
(ii) क्रिकेट खिलाड़ी की प्रशंसा करते हुए उन्होंने कहा एक दिन तुम देश का नाम रोशन करोगे।
उत्तर:
(i) वाह! आपने तो कमाल कर दिया।
(ii) क्रिकेट खिलाड़ी की प्रशंसा करते हुए उन्होंने कहा, “एक दिन तुम देश का नाम रोशन करोगे।”

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

9. काल परिवर्तन:

निम्नलिखित वाक्यों का सूचना के अनुसार काल परिवर्तन कीजिए:
(i) वे सुंदर मकानों में रहते हैं। (अपूर्ण वर्तमानकाल)
(ii) इनके बदन पर नित पाले गिरते हैं। (सामान्य भविष्यकाल)
उत्तर:
(i) वे सुंदर मकानों में रह रहे हैं।
(ii) इनके बदन पर नित पाले गिरेंगे।

10. वाक्य भेद:

प्रश्न 1.
निम्नलिखित वाक्यों का रचना के आधार पर भेद पहचान कर लिखिए:
(i) रात के समय लोग अपने-अपने घरों में सो जाते हैं।
(ii) हेमंत ऋतु बीत गई और शिशिर ऋतु आ गई।
उत्तर:
(i) सरल वाक्य
(ii) संयुक्त वाक्य।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित वाक्यों का अर्थ के आधार पर दी गई सूचना के अनुसार वाक्य परिवर्तन कीजिए:
(i) उन्हें काँपते हुए रात काटनी पड़ती है। (निषेधवाचक वाक्य)
(ii) ठंड भरे मौसम में आकाश के तारे धुंधले से दिखाई देते हैं। (प्रश्नवाचक वाक्य)
उत्तर:
(i) उन्हें काँपते हुए रात नहीं काटनी पड़ती है।
(ii) क्या ठंड भरे मौसम में आकाश के तारे धुंधले दिखाई देते हैं?

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 समता की ओर

11. वाक्य शुद्धिकरण:
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए:
(i) पहले प्रक्रिति हमारे माता के समान थी।
(ii) इनकी बदन पर पाला गिरती है।
उत्तर:
(i) पहले प्रकृति हमारी माता के समान थी।
(ii) इनके बदन पर पाला गिरता है।

समता की ओर Summary in Hindi

विषय-प्रवेश : शिशिर ऋतु की ठंडक समूचे वातावरण को प्रभावित कर देती है। उसका प्रभाव प्रकृति, पृथ्वी, वनस्पतियों, जीवजंतुओं, मनुष्यों तथा आकाश में स्थित चाँद-तारों पर भी पड़ता है।
यह ऋतु धनिक वर्ग जैसे सुविधा-संपन्न लोगों के लिए जहाँ आनंददायी होती है, वहीं दीन-दरिद्र जैसे सुविधा-विहीन लोगों के लिए कष्टदायी होती है।

प्रस्तुत कविता में कवि ने शिशिर ऋतु में पड़ने वाली अत्यधिक ठंड से परेशान प्राणियों तथा साधन-संपन्न एवं अभावग्रस्त व्यक्तियों के जीवनयापन का सजीव वर्णन किया है। अंत में कवि कहता है कि धनवान और निर्धन दोनों भाई-भाई हैं। इसलिए धनी वर्ग के लोगों को अपने दीन-दरिद्र भाइयों की भलाई के लिए प्रयास करना चाहिए।

समता की ओर कविता का सरल अर्थ

1. बीत गया हेमंत ………………………….. बार-बार रोते हैं।

कवि कहते हैं कि शिशिर ऋतु के भाई हेमंत का समय बीत गया है। अब शिशिर ऋतु का आगमन हो गया है। शिशिर ऋतु की कँपा देने वाली ठंड के कारण प्रकृति की आभा खत्म हो गई है और वह कांति रहित हो गई है। पृथ्वी पर धुंधलका छा गया है।

ठंड के कारण खूब बर्फ गिर रही है। इससे तालाबों में खिले हुए कमल के फूलों को बहुत कष्ट हो रहा है। कवि कहते हैं कि यह कष्ट कुछ उसी तरह का है, जैसे किसी निर्दयी और अन्यायी राजा के तरहतरह के दंडों से उसके राज्य की प्रजा दुखी होती है।

रात्रि के समय बहुत ठंड होती है। ऐसे समय लोग अपने-अपने घरों में जाकर सो जाते हैं। पर ठंड के मारे बाहर कुत्तों और सियार जैसे जानवरों का बुरा हाल है। ये असहाय प्राणी चिल्ला-चिल्लाकर सारी रात रोते रहते हैं।

2. अर्धरात्रि को घर से ………………………….. और न भाजी।

आधी रात को यदि कोई व्यक्ति घर के आँगन में आकर निर्जन आकाश-मंडल की ओर देखता है, तो वहाँ का दृश्य देखकर उसे डर लगने लगता है।

ठंड भरे इस मौसम में आकाश के तारे भी धुंधले दिखाई देते हैं और चंद्रमा का रंग पीलापन लिए हुए सफेद हो गया है। इन्हें देखकर ऐसा लगता है, जैसे किसी राज्य पर कोई राष्ट्रीय संकट आ गया हो।

कवि कहते हैं कि शिशिर ऋतु की कष्टदायी ठंड में धनी वर्ग के व्यक्तियों को आनंद ही आनंद है। वे रात-दिन मौज-मजा करते हैं और प्रसन्न रहते हैं। लेकिन गरीबों और दरिद्रों के लिए शिशिर ऋतु की ठंड में दुख ही दुख है।

धनिक वर्ग के लोग हलवा-पूड़ी और ताजी दूध-मलाई खाते हैं और ठंडक का आनंद लेते हैं। लेकिन गरीबों और दरिद्रों को सूखी रोटी और सब्जी भी नसीब नहीं होती (यानी उन्हें उपवास करना पड़ता है)।

3. वे सुख से रंगीन ………………………….. नहीं क्या होगा।

घनिक वर्ग के लोगों पर ठंड का कोई असर नहीं होता। वे रंगीन और मूल्यवान शाल-दुशाले ओढ़ते हैं इससे उन पर जाड़े का तनिक भी असर नहीं होता। मगर ऐसे समय गरीबों की बुरी हालत होती है। उन्हें काँपते हुए दिन-रात काटनी पड़ती है और ऊपर से उन्हें ओस और पाले का भी सामना करना पड़ता है। धनिक वर्ग के पास सुख के तरह-तरह के साधन होते हैं और वे सुंदर-सुंदर घरों में रहते हैं। दूसरी ओर गरीबों और दरिद्रों के घर टूटे फूटे, झुग्गी-झोपड़ियोंवाले होते हैं और उनमें किसी तरह की कोई सुविधा नहीं होती। वहाँ सदा उदासी का माहौल होता है।

कवि कहते हैं कि पहले सब लोग प्रकृति पर निर्भर करते थे। किसी को पेट भरने यानी क्षुधा-पूर्ति की कोई चिंता करने की आवश्यकता नहीं थी। प्रकृति से ही सारी आवश्यकताएं पूरी हो जाती थीं। वह माता की तरह हमारा पालन-पोषण किया करती थी।

कवि कहते हैं कि मनुष्य-मनुष्य में कोई अंतर नहीं होता। सभी का आपस में भाई-भाई का नाता है। एक भाई का दूसरे भाई पर कुछ-नकुछ अधिकार होता है। इसलिए हमारे मन में एक-दूसरे का उपकार करने की भावना होनी चाहिए।

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions दूसरी इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Lokbharti Solutions Chapter 10 ठेस

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Lokbharti Chapter 10 ठेस Notes, Textbook Exercise Important Questions and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Lokbharti Chapter 10 ठेस

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 10 ठेस Textbook Questions and Answers

कृति

(कृतिपत्रिका के प्रश्न 3 (अ) के लिए)

सूचना के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 1
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 13

प्रश्न 2.
कृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 2
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 12
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 22

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 7

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

प्रश्न 3.
वाक्यों का उचित क्रम लगाकर लिखिए:
a. सातों तारे मंद पड़ गए।
b. ये मेरी ओर से हैं। सब चीजें हैं दीदी।
c. लोग उसको बेकार ही नहीं, ‘बेगार’ समझते हैं।
d. मानू दीदी काकी की सबसे छोटी बेटी है।
उत्तर:
a. सातों तारे मंद पड़ रहे हैं।
b. ये मेरी ओर से हैं। सब चीजें हैं दीदी!
c. लोग उसको बेकार ही नहीं, ‘बेगार’ समझते हैं।
d. मानू दीदी काकी की सबसे छोटी बेटी है।

(अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘कला और कलाकार का सम्मान करना हमारा दायित्व है’, इस कथन पर अपने विचारों को शब्दबद्ध कीजिए।
उत्तर:
हमारे देश की संस्कृति में लोक कलाओं की सशक्त पहचान रही है। ये मूलतः ग्रामीण अंचलों में अनेक जातियों व जनजातियों में पीढ़ी-दर-पीढ़ी संरक्षित पारंपरिक कलाएँ हैं। लोक कला का इतिहास उतना ही पुराना है, जितना कि भारतीय ग्रामीण सभ्यता का। लोक कलाओं में लोकगीत, लोकनृत्य, गायन, वादन, अभिनय, मूर्तिकला, काष्ठकला, धातुकला, चित्रकला, हस्तकला आदि का समावेश होता है। हस्तकला ऐसे कलात्मक कार्य को कहते हैं, जो उपयोगी होने के साथ-साथ सजाने के काम आता है तथा जिसे मुख्यतः हाथ से या साधारण औजारों की सहायता से ही किया जाता है।

ऐसी कलाओं का धार्मिक एवं सांस्कृतिक महत्त्व होता है। वर्तमान में लोक कलाओं और कलाकारों को उचित प्रश्रय न मिलने के कारण अनेक लोक कलाओं पर संकट उत्पन्न हो गया है। धीरे-धीरे समय परिवर्तन, भौतिकतावाद, पश्चिमीकरण तथा आर्थिक संपन्नता के कारण परंपरागत लोक कलाओं पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। जनता व प्रशासन दोनों को ही लोक कलाओं और कलाकारों की पहचान नष्ट होने से बचाने के प्रयास करने चाहिए।

भाषा बिंदु

प्रश्न 1.
कोष्ठक की सूचना के अनुसार निम्न वाक्यों का काल परिवर्तन कीजिए:

a. अली घर से बाहर चला जाता है। (सामान्य भूतकाल)
—————————————————————
b. आराम हराम हो जाता है। (पूर्ण वर्तमानकाल एवं पूर्ण भविष्यकाल)
—————————————————————
c. सरकार एक ही टैक्स लगाती है। (सामान्य भविष्यकाल)
—————————————————————
d. आप इतनी देर से नाप-तौल करते हैं। (अपूर्ण वर्तमानकाल)
—————————————————————
e. वे बाजार से नई पुस्तक खरीदते हैं। (पूर्ण भूतकाल एवं अपूर्ण भविष्यकाल)
—————————————————————
f. वे पुस्तक शांति से पढ़ते हैं। (अपूर्ण भूतकाल)
—————————————————————
g. सातों तारे मंद पड़ गए। (अपूर्ण वर्तमानकाल)
—————————————————————
h. मैंने खिड़की से गरदन निकालकर झिड़की के स्वर में कहा। (अपूर्ण भूतकाल)
—————————————————————
उत्तर:
a. अली घर से बाहर चला गया।
b. (अ) आराम हराम हो गया है।
(ब) आराम हराम हो चुका होगा।
c. सरकार एक ही टैक्स लगाएगी।
d. आप इतनी देर से नाप-तौल कर रहे हैं।
e. (अ) उन्होंने बाजार से नई पुस्तक खरीदी थी।
(ब) वे बाजार से नई पुस्तक खरीदते रहेंगे।
f. वे पुस्तक शांति से पढ़ रहे थे।
g. सिरचन ने मुस्कराकर पान का बीड़ा मुँह में ले लिया।
h. मैं खिड़की से गरदन निकालकर झिड़की के स्वर में कह रहा था।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

प्रश्न 2.
नीचे दिए गए वाक्य का काल पहचानकर निर्देशानुसार काल परिवर्तन कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 3
उत्तर:
मानू को ससुराल पहुँचाने मैं ही जा रहा था – अपूर्ण भूतकाल

1. सामान्य वर्तमानकाल  मानू को ससुराल पहुँचाने में ही जाता हूँ।
2. सामान्य भविष्यकाल  मानू को ससुराल पहुँचाने में ही जाऊँगा।
3. अपूर्ण भविष्यकाल  मानू को ससुराल पहुँचाने में ही जाता रहँगा।
4. पूर्ण वर्तमानकाल  मानू को ससुराल मैंने ही पहुँचाया है।
5. सामान्य वर्तमानकाल  मानू को ससुराल पहुँचाने में ही गया।
6. अपूर्ण वर्तमानकाल  मानू को ससुराल पहुँचाने में ही जा रहा हूँ।
7. पूर्ण भूतकाल  मानू को ससुराल पहुँचाने में ही गया था।
8. पूर्ण भविष्यकाल  मानू को ससुराल पहुंचाने में ही जा चुका हूँगा।

उपयोजित लेखन

प्रश्न.
‘पुस्तक प्रदर्शनी में एक घंटा’ विषय पर अस्सी से सौ शब्दों में निबंध लेखन कीजिए।
उत्तर:
पुस्तकें अनमोल होती हैं। वे हमारी सबसे अच्छी मित्र होती हैं, क्योंकि वे ज्ञान-विज्ञान का भंडार होती हैं। व्यक्ति आते हैं और चले जाते हैं परंतु उनके श्रेष्ठ विचार, ज्ञान, संस्कृति, सभ्यता, मानवीय मूल्य पुस्तकों के रूप में जीवित रहते हैं। पुस्तक प्रदर्शनी और मेले हमारे लिए वरदान हैं। ये पाठकों और लेखकों का संगम होते हैं। प्रत्येक वर्ष अगस्त में पुणे में कोरेगाँव पार्क में पुस्तक प्रदर्शनी और मेले का आयोजन किया जाता है। अनेक पुस्तक विक्रेता और प्रकाशक वहाँ आते हैं। इस बार मैं भी उस प्रदर्शनी में गया।

स्टालों पर पुस्तकें बड़े आकर्षक ढंग से सजी हुई थीं। सभी स्तर और रुचि के लोगों के लिए वहाँ यथेष्ट सामग्री थी। इतिहास, भूगोल, ज्ञान-विज्ञान, साहित्य, धर्म, भाषा, यात्रा, जीवन-वृत्त आदि सभी विषयों की पुस्तकें वहाँ थीं। अनेक स्कूलों के विद्यार्थी वहाँ आए हुए थे। बच्चे-बड़े सभी पुस्तकें खरीदने में व्यस्त थे या उनको देख-पढ़ रहे थे। कुछ लोग ग्रुप में खड़े पुस्तकों पर चर्चा कर रहे थे। मेरे पास समय का अभाव था। मैंने अपने और छोटे भाई के लिए मुंशी प्रेमचंद का कहानी-संग्रह तथा हिंदी का एक शब्दकोश खरीदा।

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 10 ठेस Additional Important Questions and Answers

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

गद्यांश क्र. 1
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
कारण लिखिए:
गाँव के लोग अब सिरचन को खेत-खलिहान की मजदूरी के लिए इसलिए नहीं बुलाते:
उत्तर:
लोग उसको बेकार ही नहीं, बेगार’ समझते हैं। दूसरे मजदूर खेत पर पहुँचकर एक-तिहाई काम कर चुकते हैं, तब पगडंडी पर तौल-तौलकर पाँव रखता हुआ, धीरे-धीरे कहीं सिरचन राय हाथ में खुरपी डुलाता हुआ दिखाई पड़ेगा।

प्रश्न 2.
वाक्यों को उचित क्रम लगाकर लिखिए:
(i) तुम्हारी भाभी ने कहाँ से बनाना सीखी हैं?
(ii) लोग उसको बेकार ही नहीं, ‘बेगार’ समझते हैं।
(iii) मुफ्त में मजदूरी देनी हो, तो और बात है।
उत्तर:
(i) मुफ्त में मजदूरी देनी हो, तो और बात है।
(ii) मैं पहले ही पूछ लेता, भोग क्या-क्या लगेगा?
(iii) तुम्हारी भाभी ने कहाँ से बनाना सीखी है?

प्रश्न 3.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 4
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 6

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

प्रश्न 4.
एक शब्द में उत्तर लिखिए:
(i) बिना मजदूरी दिए जबरदस्ती लिया गया काम – …………………………..
(ii) बाँस की तीलियों से बना परदा – …………………………..
उत्तर:
(i) बिना मजदूरी दिए जबरदस्ती लिया गया काम- बेगार।
(ii) बाँस की तीलियों से बना परदा- चिक।

कृति 2: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘खेत-खलिहान की मजदूरी इस विषय में 25 से 30 शब्दों में अपने विचार लिखिए।
उत्तर:
भारत गाँवों और खेतों का देश है। यहाँ आज भी देश की दो-तिहाई जनता खेती से जुड़ी है। खेत हैं, खेती है तो मजदूर भी जरूरी हैं। मजदूर और किसान एक-दूसरे के पूरक हैं। मजदूर के बिना किसानों का काम असंभव-सा होता है। फसल की बुआई, गुड़ाई, निराई, सिंचाई आदि के काम के लिए मजदूरों की आवश्यकता होती ही है। भूमिहीन मजदूर परिवार बहुत गरीब होते हैं। उनके पास अपनी जमीन नहीं होती। उन्हें रोजी-रोटी के लिए दूसरों के खेतों में काम करना पड़ता है। फसल की बुआई और कटाई के समय तो बड़े किसानों के खेतों में उन्हें काम और मजदूरी मिल जाती है, परंतु पूरे वर्ष काम नहीं मिल पाता। ऐसे समय इन मजदूरों को अपनी जरूरतें पूरी करने के लिए मजदूरी के अन्य कार्य करने पड़ते हैं। बार-बार कर्ज लेना पड़ता है।

गद्यांश क्र. 2
प्रश्न, निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
कृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 8
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 11
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 12

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

प्रश्न 2.
गलत वाक्य सही करके लिखिए:
(i) दूध, घी, मलाई न मिले तो कोई बात नहीं किंतु बात में जरा भी झाला सिरचन नहीं बरदाश्त कर सकता।
(ii) आज तो अब अधकपाली दर्द के कारण मन ठीक नहीं है। थोड़ा-सा रह गया है, किसी दिन आकर पूरा कर दूंगा।
उत्तर:
(i) दूध में कोई मिठाई न मिले तो कोई बात नहीं किंतु बात में जरा भी झाला सिरचन नहीं बरदाश्त कर सकता।
(ii) आज तो अब अधकपाली दर्द से माथा टनटना रहा है। थोड़ा-सा रह गया है, किसी दिन आकर पूरा कर दूंगा।

प्रश्न 3.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) सिरचन जाति का यह है – [ ]
(ii) बिना इसके पेट भर भात पर काम करने वाला कारीगर – [ ]
(iii) सिरचन को लोग यह भी समझते हैं – [ ]
(iv) ऐसे बहुत-से काम हैं जिन्हें इसके सिवा गाँव में कोई नहीं जानता – [ ]
उत्तर:
(i) सिरचन जाति का यह है – [कारीगर]
(ii) बिना इसके पेट भर भात पर काम करने वाला कारीगर – [मजदूरी]
(iii) सिरचन को लोग यह भी समझते हैं – [चटोर]
(iv) ऐसे बहुत-से काम हैं जिन्हें इसके सिवा गाँव में कोई नहीं जानता – [सिरंचन]

प्रश्न 4.
कृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 10
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 14

गद्यांश क्र. 3.
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 15
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 17

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

प्रश्न 2.
वाक्यों को उचित क्रम लगाकर लिखिए:
(i) मानू दीदी काकी की सबसे छोटी बेटी है।
(ii) मँझली भाभी का मुँह लटक गया।
(iii) मॅझली भाभी से रहा नहीं गया।
उत्तर:
(i) रंगीन सुतलियों में झब्बे डालकर सिरचन चिक बुनने बैठा।
(ii) मैंझली भाभी से रहा नहीं गया।
(iii) मँझली भाभी का मुँह लटक गया।

प्रश्न 3.
कारण लिखिए:
मझली भाभी का मुँह लटक गया –
उत्तर:
मझली भाभी का प्रस्ताव सुनकर सिरचन ने कहा कि बहुरिया, मोहर छापवाली धोती के साथ रेशमी कुर्ता देने पर भी ऐसी चीज नहीं बनती। मानू दीदी का दूल्हा अफसर है। सिरचन की बात सुनकर मझली भाभी का मुँह लटक गया।

प्रश्न 4.
वाक्य पूर्ण कीजिए:
(i) मानू के दूल्हे ने पहले ही बड़ी भाभी को –
(ii) मोहर छापवाली धोती नहीं, मुंगिया लड्डू, बेटी की बिदाई के समय –
उत्तर:
(i) मानू के दूल्हे ने पहले ही बड़ी भाभी को लिखकर चेतावनी दे दी है।
(ii) मोहर छापवाली धोती नहीं, मुँगिया लड्डू, बेटी की विदाई के समय रोज मिठाई जो खाने को मिलेगी।

प्रश्न 5.
कृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 16
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 18

कृति 2: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘मन लगाकर काम करना एक गुण है’ इस विषय में अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
किसी भी काम को मन लगाकर अर्थात तन्मयता से करना एक गुण है। उसका फल भी हमें मिलता है। मन लगाकर किए गए काम के परिणाम हमेशा उत्तम होते हैं। जिस काम को करने में मन लगता है, वह कभी बोझ नहीं लगता। जो काम मन मारकर करना पड़े, वह बोझ बन जाता है। कुछ लोग ऐसे होते हैं, जो एक किनारे खड़े होकर नाव की तलाश करते हैं अर्थात उचित काम और अवसर की तलाश करते रहते हैं और वह अवसर कभी नहीं आता, वे जिंदगी भर इंतजार ही करते रहते हैं। कुछ लोग नौकरी में मन लगाकर काम ही नहीं करना चाहते। दूसरे साथी जब मेहनत और लगन से काम करके प्रोन्नति पाकर आगे बढ़ जाते हैं, तो ईष्या के वश होकर उन्हें अधिकारियों का चमचा आदि कहते हैं।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

गद्यांश क्र. 4
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
ये वाक्य किसने, किससे कहे हैं? लिखिए:
(i) आज सिरचन को कलेवा किसने दिया है?
(ii) अरी मँझली, सिरचन को बुंदिया क्यों नहीं देती?
(iii) बँदिया मैं नहीं खाता, काकी!
(iv) किसी के नैहर-ससुराल की बात क्यों करेगा वह?
उत्तर:
(i) आज सिरचन को कलेवा किसने दिया है? – लेखक ने माँ से कहा है।
(ii) अरी मँझली, सिरचन को बुंदिया क्यों नहीं देती? – लेखक की माँ ने मँझली भाभी से कहा है।
(iii) बुंदिया मैं नहीं खाता, काकी- सिरचन ने लेखक की माँ से कहा है।
(iv) किसी के नैहर-ससुराल की बात क्यों करेगा वह? – चाची ने लेखक की माँ से कहा है।

प्रश्न 2.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) सिरचन को काम में मगन होकर खाने-पीने की यह न रहती।। – [ ]
(ii) चिक में सुतली के फंदे डालकर सिरचन ने इस पर निगाह डाली। – [ ]
(iii) मानू यह सजाकर बाहर बैठकखाने में भेज रही थी। – [ ]
(iv) अरी मैंझली, सिरचन को यह क्यों नहीं देती। – [ ]
उत्तर:
(i) सिरचन को काम में मगन होकर – खाने-पीने की यह न रहती। – [सुध]
(ii) चिक में सुतली के फंदे डालकर – सिरचन ने इस पर निगाह डाली। [सूप]
(iii) मानू यह सजाकर बाहर बैठकखाने में भेज रही थी। – [पान]
(iv) अरी मँझली, सिरचन को यह क्यों नहीं देती। – [बँदियाँ]

प्रश्न 3.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 19
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस 20

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

कृति 2: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘बहू के मायके की आलोचना करना उचित नहीं है इस विषय में अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।।
उत्तर:
कहा जाता है कि बेटियों का असली घर उनका ससुराल होता है। जिसे असली घर बताया जाता है, यानि कि ससुराल, वहाँ अकसर बहू को बेगाना समझा जाता है। ससुराल में बहू को कोई हक नहीं होता कि वह अपनी इच्छा से कुछ कर सके। हर छोटी-बड़ी बात के लिए उसे ससुरालवालों की आज्ञा की आवश्यकता होती है। बहू सबकी इच्छाओं का ख्याल रखती है, सबका सम्मान करती है, पर बहू का सम्मान अकसर नहीं किया जाता। स्थिति तब और भी भयंकर हो जाती है, जब ससुरालवाले समय-असमय बहू के मायके की आलोचना करने लगते हैं।

मायकेवालों ने क्या भेजा है, बहू क्या लाई है? आदि प्रश्न घरवाले ही नहीं, कभी-कभी अड़ोस-पड़ोसवालों की जुबान पर भी आने लगते हैं। लड़केवाले प्रायः समझते हैं कि उनका दर्जा लड़कीवालों से ऊँचा है। बात-बात पर बह के मायकेवालों की उपेक्षा की जाती है। उनमें मीन-मेख निकाली जाती है। परिणामस्वरूप, बहू के मन में ससुराल के प्रति विद्वेष की भावना आ जाती है। हमें बहू के मायकेवालों का सम्मान करना होगा। तभी बहू भी ससुरालवालों को सम्मान देगी। हमेशा उनसे कुछ लेने की अपेक्षा करना उचित नहीं है।

गद्यांश क्र.5
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढकर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
एक शब्द में उत्तर लिखिए:
*(i) सिरचन ने छोटी चाची से माँगा –
(ii) सिरचन की घरवाली ने यह बुनी थी –
उत्तर:
(i) सिरचन ने छोटी चाची से माँगा – गमकौआ जर्दा।
(i) सिरचन की घरवाली ने यह बुनी थी – शीतलपाटी।

प्रश्न 2.
वाक्यों को उचित क्रम लगाकर लिखिए:
(i) सिरचन ने मुस्कराकर पान का बीड़ा मुँह में ले लिया।
(ii) चाची कई कारणों से जली-भुनी रहती थी सिरचन से।
(iii) बस, सिरचन की उँगलियों में सुतली के फंदे पड़ गए।
उत्तर:
(ii) चाची कई कारणों से जली-भुनी रहती थी सिरचन से।
(ii) बस, सिरचन की उँगलियों में सुतली के फंदे पड़ गए।
(iii) सातों तारे मंद पड़ गए।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

प्रश्न 3.
कारण लिखिए:
(i) मेरा कलेजा धड़क उठा… हो गया सत्यानाश!
(ii) सातों तारे मंद पड़ गए।
उत्तर:
(i) चाची ने सिरचन को बुरी तरह डाँटा था। मैं जानता था कि सिरचन बड़ा स्वाभिमानी है। अब वह मानू की ससुराल के लिए चिक और शीतलपाटी बनाएगा भी या नहीं।
(ii) सिरचन बड़ा स्वाभिमानी था। चाची ने उसे बुरी तरह डाँटा तो वह उस चिक को, जिसे उसने बड़े मन से बनाना शुरू किया था, अधूरी छोड़कर चला गया।

कृति 2: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘सिरचन काम अधूरा छोड़कर चला गया। क्या यह उचित था’ इस विषय में अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
लेखक की चाची के बुरा-भला कहने पर सिरचन नाराज होकर काम अधूरा छोड़कर चला गया। इसे किसी भी प्रकार उचित नहीं कहा जा सकता। सिरचन अच्छी तरह जानता था कि चिक और पटेर की शीतलपाटियाँ मानू के अफसर दूल्हे की फरमाइश पर बनवाई जा रही हैं। मानू उन्हें लेकर ही ससुराल जाएगी। फिर भी उसने काम पूरा . नहीं किया और चला गया। यह सिरचन ने ठीक नहीं किया। उसने एक बार भी नहीं सोचा कि दूल्हे की फरमाइश पूरी न होने की स्थिति में मानू को ताने सुनने पड़ सकते हैं। सास-ससुर व घर के अन्य सदस्यों की नाराजगी का शिकार होना पड़ सकता है। उस समय वह मानू, जिसके प्रति सिरचन के मन में भी स्नेह था, कितनी दुखी होगी। सिरचन का काम अधूरा छोड़कर जाना मुझे उचित नहीं लगा। (विद्यार्थी अपने ३ विचार लिखें।)

गद्यांश क्र. 6
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
ये वाक्य किसने, किससे कहे हैं? लिखिए:
(i) यह भी बेजा नहीं दिखलाई पड़ता, क्यों मानू?
(ii) चाची और मँझली भाभी की नजर न लग जाए इसमें भी!
(iii) मानू दीदी कहाँ हैं? एक बार देखू।
(iv) ये मेरी ओर से हैं। सब चीजें हैं दीदी!
उत्तर:
(i) यह भी बेजा नहीं दिखलाई पड़ता, क्यों मानू? – बड़ी भाभी ने मानू से कहा है।
(ii) चाची और मँझली भाभी की नजर न लग जाए इसमें भी! – लेखक ने बड़ी भाभी से कहा है।
(iii) मानू दीदी कहाँ हैं? एक बार देखू। – सिरचन ने लेखक से कहा है।
(iv) यह मेरी ओर से हैं। सब चीजें हैं दीदी! – सिरचन ने मानू से कहा है।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

प्रश्न 2.
वाक्यों को उचित क्रम लगाकर लिखिए:
(i) मानू फूट-फूटकर रो रही थी।
(ii) मानू कुछ नहीं बोली!… बेचारी!
(iii) मानू को ससुराल पहुँचाने में ही जा रहा था।
उत्तर:
(i) मानू कुछ नहीं बोली!… बेचारी!
(ii) मानू को ससुराल पहुँचाने मैं ही जा रहा था।
(iii) मानू फूट-फूटकर रो रही थी।

प्रश्न 3.
दो ऐसे प्रश्न बनाइए, जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द हों:
(i) सिरचन ने
(ii) मानू।
उत्तर:
(i) किसने दाँत से जीभ को काटकर दोनों हाथ जोड़ दिए?
(ii) मोहर छापवाली धोती का दाम कौन देने लगी?

कृति 2: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘सिरचन भावनाओं से परिपूर्ण व्यक्ति था’ इस विषय में अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
सिरचन भावनाओं से परिपूर्ण व्यक्ति है। वह एक उच्चकोटि का कलाकार है। चिक, शीतलपाटी आदि बनाने में पूरे क्षेत्र में उसका कोई सानी नहीं है। लेखक का परिवार, विशेष रूप से उनकी माँ का सिरचन बहुत आदर करता है। लेखक की माँ भी सिरचन की कला का सम्मान करती है। शायद इसीलिए लेखक की चाची उससे जली-भुनी रहती है। भावुक होने के कारण सिरचन को किसी के द्वारा टोका जाना तनिक भी बर्दाश्त नहीं होता। इसीलिए चाची के बुरा-भला कहने पर वह नाराज होकर काम अधूरा छोड़कर चला जाता है।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

परंतु सिरचन जानता है कि चिक, शीतलपाटी आदि सभी चीजों के लिए मानू के अफसर पति ने फरमाइश की थी। उसे मानू से स्नेह था। अतः नाराज होने के बावजूद वह मानू के लिए वे सारी चीजें बनाता है और इतनी सुंदर कि लेखक भी उसकी कारीगरी देखकर दंग रह जाता है। सिरचन स्वयं उन्हें लेकर स्टेशन आता है। मानू जब माँ द्वारा कही गई मोहर छापवाली धोती का दाम सिरचन को देना चाहती है तो वह दोनों हाथ जोड़कर मना कर देता है।

उपक्रम/कृति/परियोजना

प्रश्न.
लेखनीय
लोक कलाओं के नामों की सूची तैयार कीजिए।
उत्तर:

  • मधुबनी
  • जादोपाटिया
  • कलमकारी
  • कांगड़ा
  • गोंड
  • चित्तर
  • तंजावुर
  • थंगक
  • पातचित्र
  • पिछवई
  • पिथोरा
  • फड़
  • बाटिक
  • यमुनाघाट
  • वरली।

प्रश्न.
पठनीय
देश की आत्मा गाँवों में बसती है, गांधी जी के इस विचार से संबंधित लेख पदिए तथा इस पर स्वमत प्रस्तुत कीजिए।
उत्तर:
हमारा देश कृषिप्रधान देश है। यह गाँवों का देश है। भारत की आत्मा गाँवों में बसती है। सरित-सरोवर, झील-जलाशय, विविध विटप, वन-पर्वत, खेत-खलिहान और सहज-स्वाभाविक जीवन शैली सब गाँवों में ही उपलब्ध हो सकती है। आज भी भारत की 65 प्रतिशत से अधिक जनसंख्या गाँवों में बसती है। परंतु देश के आर्थिक विकास का लाभ गाँववासियों को संख्या के अनुपात में नहीं मिल पाता। आज भी असंख्य गाँव देश की मुख्य धारा से नहीं जुड़ पाए हैं। गाँवों की समस्याएँ चाहे गरीबी हो, सामाजिक हो, पेयजल हो या बिजली, सड़क, शिक्षा आदि हों, इन्हें कभी भी गंभीर रूप से नहीं लिया गया। शहर के निकट बसे गाँवों में तो फिर भी विकास की संभावनाएं बनी रहती हैं, परंतु दूर-दराज के पिछड़े गाँवों के विकास के प्रति प्रशासन का ध्यान ही नहीं जाता। देखा जाए तो गाँवों की प्रगति से ही पूरे देश की प्रगति जुड़ी है, क्योंकि गाँवों से ही हमारी प्रत्येक आवश्यकता अनाज, वस्त्र, कागज, ईंधन, उद्योगों के लिए कच्चा माल आदि की पूर्ति होती है।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 10 ठेस

प्रश्न.
संभाषणीय
आपकी तथा परिवार के किसी बड़े सदस्य की दिनचर्या की तुलना कीजिए तथा समानता एवं अंतर बताइए।
उत्तर:
मैं दसवीं कक्षा की छात्रा हूँ और उसी स्कूल में पढ़ती हूँ, जहाँ मेरी माँ वाइस प्रिंसिपल हैं और हिंदी की प्राध्यापिका हैं। हम दोनों आठ बजे बस से स्कूल जाते हैं और दो बजे घर लौटते हैं। माँ सुबह जल्दी जगती हैं। नाश्ता और दोपहर का खाना बनाती हैं। मुझे जगाती हैं। स्वयं तैयार होती हैं। फिर हम स्कूल के लिए निकलते हैं। स्कूल से घर आकर मैं कपड़े बदलती हूँ, तब तक माँ खाना गरम करती हैं। खाना खाते समय हम दोनों स्कूल व मेरी पढ़ाई के विषय में बातें करते हैं। उसके बाद हम दोनों लगभग एक घंटा विश्राम करते हैं। चार बजे माँ फिर से काम पर लग जाती हैं।

विद्यार्थियों का गृहकार्य-कक्षाकार्य आदि जाँचना, कभी परीक्षा के लिए प्रश्नपत्र बनाना और कभी परीक्षा की उत्तर-पुस्तिकाएँ जाँचना, हर दिन माँ के पास स्कूल से संबंधित काम होता ही है। मैं भी उनके पास बैठकर पढ़ती हूँ। छह-साढ़े छह बजे माँ रात के खाने की तैयारी के लिए रसोई में जाती हैं। इस बीच मैं अपनी सहेलियों के साथ कुछ देर खेलने चली जाती हूँ। आठ बजे पिता जी के आने के बाद हम तीनों खाना खाते हैं। उसके बाद मैं पढ़ती हूँ और ग्यारह बजे सो जाती हूँ।

प्रश्न.
श्रवणीय
महाराष्ट्र में चलाए जाने वाले लघु उद्योगों की जानकारी रेडियो/दूरदर्शन पर सुनिए और इसके मुख्य मुद्दों को लिखिए।
उत्तर:
महाराष्ट्र में चलाए जाने वाले लघु उद्योग और क्षेत्र:

  • कोल्हापुरी चप्पलें (कोल्हापुर)
  • वरली पेंटिंग (ठाणे)
  • लकड़ी के खिलौने (सावंतवाडी)
  • गंजीफा (सावंतवाडी)
  • चाँदी का काम (हुपरी)
  • बीदरी काम (बीदर)
  • दरी (विदर्भ)
  • बाँस का सामान (रायगड, ठाणे)
  • पीतल के संगीत वाद्य (ताल, झाँझ, घंटे)

ठेस Summary in Hindi

विषय-प्रवेश : कलाकार किसी भी धर्म, जाति और वर्ग का हो, उसे अपनी कला पर अभिमान होता है। वह स्वाभिमान के मूल्य को समझता है और उसकी रक्षा के लिए हमेशा तत्पर रहता है। जाति या धर्म के नाम पर जब उसके स्वाभिमान पर आघात होता है तो वह उसे बरदाश्त नहीं करता।

प्रस्तुत कहानी में सिरचन नामक एक ग्रामीण कलाकार का वर्णन किया गया है। वह मोथी घास और पटेर की रंगीन शीतलपाटी (चटाई), बाँस की तीलियों की झिलमिलाती चिक, सतरंगे डोर के मोढ़े, भूसी-चुन्नी रखने के लिए पूँज की रस्सी के बड़े-बड़े जाले, ताल के सूखे पत्तों की छतरी-टोपी आदि उपयोगी वस्तुएँ बनाता है। ये वस्तुएँ बनाकर वह अपनी आजीविका कमाता है। स्वाभिमानी होने के कारण वह हर परिस्थिति में अपने स्वाभिमान की रक्षा करता है।

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Pdf Free Download पहली इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Lokbharti Solutions Chapter 11 कृषक गान

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Lokbharti Chapter 11 कृषक गान Notes, Textbook Exercise Important Questions and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Lokbharti Chapter 11 कृषक गान

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 11 कृषक गान Textbook Questions and Answers

कृति

कृतिपत्रिका के प्रश्न 2 (अ) तथा प्रश्न 2 (आ) के लिए
सूचना के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 1
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 8

प्रश्न 2.
कृतियाँ पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 2
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 6
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 7

प्रश्न 3.
वाक्य पूर्ण कीजिए:
a. कृषक कमजोर शरीर को ____________
b. कृषक बंजर जमीन को ____________
उत्तर:
(i) कृषक कमजोर शरीर को पत्तियों से पालता है।
(ii) कृषक बंजर जमीन को अपने खून से सींचकर उर्वरा बना देता है।

Maharashtra Board Solutions

प्रश्न 4.
निम्नलिखित पंक्तियों में कवि के मन में कृषक के प्रति जागृत होने वाले भाव लिखिए:

पंक्ति  भाव
१. आज उसपर मान कर लूँ
२. आह्वान उसका आज कर लूँ
३. नव सृष्टि का निर्माण कर लूँ
४. आज उसका ध्यान कर लूँ।

उत्तर:

पंक्ति  भाव
१. आज उसपर मान कर लूँ अभिमान
२. आह्वान उसका आज कर लूँ मानवता
३. नव सृष्टि का निर्माण कर लूँ सृजनशीलता
४. आज उसका ध्यान कर लूँ। आदर

प्रश्न 5.
कविता में आए इन शब्दों के लिए प्रयुक्त शब्द हैं:
१. निर्माता – ____________
२. शरीर – ____________
३. राक्षस – ____________
४. मानव – ____________
उत्तर:
१. निर्माता – सृजक
२. शरीर – तन
३. राक्षस – असुर।
४. मानवता – मनुजता।

प्रश्न 6.
कविता की प्रथम चार पंक्तियों का भावार्थ लिखिए।
उत्तर:
कृषक के अभावों की कोई सीमा नहीं है। परंतु वह संतोष रूपी धन के सहारे अपना जीवन व्यतीत कर रहा है। पूरे संसार में कैसा भी वसंत आए, कृषक के जीवन में सदैव पतझड़ ही बना रहता है। अर्थात ऋतुएँ बदलती हैं, लोगों की परिस्थितियाँ बदलती हैं, परंतु कृषक के भाग्य में अभाव ही अभाव हैं। ऐसी दयनीय स्थिति के बावजूद उसे किसी से कुछ माँगना अच्छा नहीं लगता। वह हाथ फैलाना नहीं जानता। कृषक को अपनी दीन-हीन दशा पर भी नाज है। मैं ऐसे व्यक्ति पर अभिमान करना चाहता हूँ। कृषक के गीत गाना चाहता हूँ।

प्रश्न 7.
निम्न मुद्दों के आधार पर पद्य विश्लेषण कीजिए:
1. रचनाकार कवि का नाम:
2. रचना का प्रकार:
3. पसंदीदा पंक्ति:
4. पसंदीदा होने का कारण:
5. रचना से प्राप्त प्रेरणा:
उत्तर:
(1) रचनाकार का नाम → दिनेश भारद्वाज।
(2) कविता की विधा → गान।
(3) पसंदीदा पंक्ति → हाथ में संतोष की तलवार ले जो उड़ रहा है।
(4) पसंदीदा होने का कारण → अनगिनत अभावों के होते हुए भी कृषक के पास संतोष रूपी धन है।
(5) रचना से प्राप्त संदेश/प्रेरणा → कृषक दिन-रात परिश्रम करके संपूर्ण सृष्टि का पालन करता है। हमें उसके परिश्रम के महत्त्व को समझना चाहिए। उसका सम्मान करना चाहिए।

Maharashtra Board Solutions

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 11 कृषक गान Additional Important Questions and Answers

पद्यांश क्र. 1

प्रश्न.
निम्नलिखित पठित पट्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

→ कृति 1: (आकलन)

(1) कविता में आए इन शब्दों के लिए प्रयुक्त शब्द हैं:
(i) वसंत
(ii) पाला हुआ
उत्तर:
(i) वसंत – मधुमास
(ii) पाला हुआ – पालित

(2) सही विकल्प चुनकर वाक्य फिर से लिखिए:
(i) कृषक हाथ में _____________ की तलवार लेकर चल रहा है। (श्रम/संतोष/धन)
(ii) सारे संसार में _____________ और उस पर सदा पतझड़ रहता है। (वसंत/वर्षा/फूल)
(iii) कृषक को अपनी _____________ पर अभिमान है। (मेहनत/गरीबी/दीनता)
(iv) उसके लिए _____________ और छाया एक जैसी है। (धूप/रोशनी/कालिमा)
उत्तर:
(i) कृषक हाथ में संतोष की तलवार लेकर चल रहा है।
(ii) सारे संसार में वसंत और उस पर सदा पतझड़ रहता है।
(iii) कृषक को अपनी दीनता पर अभिमान है।
(iv) उसके लिए धूप और छाया एक जैसी है।

→ कृति 2: (शब्दल)

(1) पद्यांश से प्रत्यय जुड़े हुए दो शब्द ढूँढकर लिखिए:
(i) ______________
(ii) ______________
उत्तर:
(i) दीनता (ii) मनुजता।

(2) निम्नलिखित शब्दों के अर्थ लिखिए:
(i) मधुमास – ______________
(ii) आह्वान – ______________
उत्तर:
(i) मधुमास – वसंत ऋतु
(ii) आह्वान – पुकार।

पद्यांश क्र. 2

प्रश्न.
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

→ कृति 1: (आकलन)

(1) संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 9
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 12

Maharashtra Board Solutions

(2) उत्तर लिखिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 10
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 13

(3) आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) कृषक विश्व का यह है
(ii) वह अपने क्षीण तन को इनसे पालता है
(iii) कृषक अपने खून से सींचकर ऊसरों को यह बना देता है
(iv) आज यह पीड़ित होकर रो रही है
उत्तर:
(i) कृषक विश्व का यह है – पालक
(ii) वह अपने क्षीण तन को इनसे पालता है – पत्तियों से
(iii) कृषक अपने खून से सींचकर ऊसरों को यह बना देता है – उर्वर
(iv) आज यह पीड़ित होकर रो रही है – मनुजता

(4) कविता की पंक्तियों को उचित क्रमानुसार लिखकर प्रवाह तख्ता पूर्ण कीजिए:
(i) आज उससे कर मिला, नव सृष्टि का निर्माण कर लूँ।
(ii) छोड़ सारे सुर-असुर, मैं आज उसका ध्यान कर लूँ।
(iii) जोड़कर कण-कण उसी के, नीड़ का निर्माण कर लूँ।
(iv) किंतु अपने पालितों के, पद दलित हो मर रहा है।
उत्तर:
(i) किंतु अपने पालितों के, पद दलित हो मर रहा है।
(ii) आज उससे कर मिला, नव सृष्टि का निर्माण कर लूँ।
(iii) छोड़ सारे सुर-असुर, मैं आज उसका ध्यान कर लूँ।
(iv) जोड़कर कण-कण उसी के, नीड़ का निर्माण कर लूँ।

(5) आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 11
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 11 कृषक गान 14

Maharashtra Board Solutions

→ कृति 2: (शब्द संपदा)

(1) पद्यांश में प्रयुक्त शब्द-युग्म ढूँढ़कर लिखिए:
(i) …………………
(ii) …………………
उत्तर:
(i) सुर-असुर
(ii) कण-कण।

(2) निम्नलिखित शब्दों में से प्रत्यय अलग करके लिखिए:
(i) पालक = _____________
(ii) मनुजता = _____________
(iii) पीड़ित = _____________
(iv) जोड़कर = _____________
उत्तर:
(i) पालक = पाल + क
(ii) मनुजता = मनुज + ता”
(iii) पीड़ित = पीड़ा + इत
(iv) जोड़कर = जोड़ + कर।

(3) पद्यांश में आए इन शब्दों के लिए प्रयुक्त शब्द हैं:
(i) उपजाऊ
(ii) किसान
उत्तर:
(i) उपजाऊ – उर्वरा
(ii) किसान – कृषक

→ कृति 3: (सरल अर्थ)

प्रश्न.
पद्यांश की अंतिम चार पंक्तियों का सरल अर्थ लिखिए।
उत्तर:
देखिए कविता का सरल अर्थ [5]।

पद्य विश्लेषण

सूचना: यह प्रश्नप्रकार कृतिपत्रिका के प्रारूप से हटा दिया गया है। लेकिन यह प्रश्न पाठ्यपुस्तक में होने के कारण विद्यार्थियों के अधिक अभ्यास के लिए इसे उत्तर-सहित यहाँ समाविष्ट किया गया है।

भाषा अध्ययन (व्याकरण)

1. शब्द भेद:
अधोरेखांकित शब्दों के शब्दभेद पहचानकर लिखिए:
(i) हमें अपने देश पर अभिमान है।
(ii) भूकंप में घंटों मलबे के नीचे दबे रहकर भी बच्चा जीवित रहा।
उत्तर:
(i) अभिमान – भाववाचक संज्ञा।
(ii) जीवित – गुणवाचक विशेषण।

Maharashtra Board Solutions

2. अव्यय:
निम्नलिखित अव्ययों का अपने वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
(i) बल्कि
(ii) तो।
उत्तर:
(i) सिरचन को लोग पूछते ही नहीं थे, बल्कि उसकी खुशामद भी करते थे।
(ii) लहरें बच्चों का रेत का घर गिरा देती तो वे नया घर बनाने लगते।

3. संधि:
कृति पूर्ण कीजिए

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
…………..  सम् + सार  …………..
अथवा
निश्चय  ………….. …………..

उत्तर:

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
संसार  सम् + सार  व्यंजन संधि
अथवा
 निश्चय  निः + चय विसर्ग संधि

4. सहायक क्रिया:
निम्नलिखित वाक्यों में से सहायक क्रियाएँ पहचानकर उनका मूल रूप लिखिए:
(i) सामने शेर को देखते ही सभी यात्री काँपने लगे।
(ii) तुम्हारी भाभी ने कहाँ से सीखी हैं?
उत्तर:
सहायक क्रिया – मूल रूप
(i) लगे – लगना
(ii) हैं – होना

5. प्रेरणार्थक क्रिया:
निम्नलिखित क्रियाओं के प्रथम प्रेरणार्थक और द्वितीय प्रेरणार्थक रूप लिखिए:
(i) चलना
(ii) चमकना
(iii) लिखना।
उत्तर:
क्रिया – प्रथम प्रेरणार्थक रूप – द्वितीय प्रेरणार्थक रूप
(i) चलना – चलाना – चलवाना
(ii) चमकना – चमकाना – चमकवाना
(iii) लिखना – लिखाना – लिखवाना

Maharashtra Board Solutions

6. मुहावरे:
(1) निम्नलिखित मुहावरों के अर्थ लिखकर वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
(i) चंपत होना
(ii) मन न लगना।
उत्तर:
(i) चंपत होना।
अर्थ: गायब हो जाना।
वाक्य: पुलिस के आते ही चोर चंपत हो गया।

(ii) मन न लगना।
अर्थ: इच्छा न होना।
वाक्य: सिरचन का किसी काम में मन नहीं लग रहा था।

(2) अधोरेखांकित वाक्यांशों के लिए उचित मुहावरे का चयन कर वाक्य फिर से लिखिए: (खून का चूंट पीकर रह जाना, पानी फेरना, पिंड छुडाना)
(i) लालची और निर्लज्ज लोगों से छुटकारा पाना आसान नहीं होता।
(ii) शिवाजी आगरे से भाग निकले, इसलिए औरंगजेब को अपना मन मारकर रह जाना पड़ा।
उत्तर:
(i) लालची और निर्लज्ज लोगों से पिंड छुड़ाना आसान नहीं होता।
(ii) शिवाजी आगरे से भाग निकले, इसलिए औरंगजेब को अपना खून का चूंट पीकर रह जाना पड़ा।

7. कारक:
निम्नलिखित वाक्यों में प्रयुक्त कास्क पहचानकर उनका भेद लिखिए:
(i) मानू फूट-फूटकर रो रही थी।
(ii) सिरचन ने जीभ को दाँत से काटकर दोनों हाथ जोड़ दिए।
उत्तर:
(i) मानू-कर्ता कारक
(ii) दाँत से-करण कारक।

8. विरामचिह्न:
निम्नलिखित वाक्यों में यथास्थान उचित विरामचिह्नों का प्रयोग करके वाक्य फिर से लिखिए:
(i) माँ हँसकर कहती जा जा बेचारा मेरे काम में पूजा भोग की बात ही नहीं उठाता कभी
(ii) मानू कुछ नहीं बोली बेचारी किंतु मैं चुप नहीं रह सका चाची और मँझली भाभी की नजर न लग जाए इसमें भी
उत्तर:
(i) माँ हँसकर कहती,“जा-जा बेचारा मेरे काम में पूजा भोग की बात ही नहीं उठाता कभी।”
(ii) मानू कुछ नहीं बोली।…बेचारी! किंतु मैं चुप नहीं रह सका-“चाची और मँझली भाभी की नजर न लग जाए इसमें भी!”

Maharashtra Board Solutions

9. काल परिवर्तन:
निम्नलिखित वाक्यों का सूचना के अनुसार काल परिवर्तन कीजिए:
(i) सिरचन को एक सप्ताह पहले ही काम पर लगा दिया। (पूर्ण भूतकाल)
(ii) मानू ससुराल जाती है। (सामान्य भविष्यकाल)
(iii) उनके आशीर्वाद आज भी हमें मिले। (सामान्य वर्तमानकाल)
उत्तर:
(i) सिरचन को एक सप्ताह पहले ही काम पर लगा दिया था।
(ii) मानू ससुराल जाएगी।
(iii) उनके आशीर्वाद आज भी हमें मिलते हैं।

10. वाक्य भेद:
(1) निम्नलिखित वाक्यों का रचना के आधार पर भेद लिखिए:
(i) यह वही लड़का है, जिसे पुरस्कार मिला था।
(ii) मजदूर गड़ढ़ा खोदे और घर चले गए।
उत्तर:
(i) मिश्र वाक्य
(ii) संयुक्त वाक्य।

(2) निम्नलिखित वाक्यों का अर्थ के आधार पर दी गई सूचना के अनुसार परिवर्तन कीजिए:
(i) गाँव के किसान सिरचन को मजदूरी के लिए नहीं बुलाते। (इच्छावाचक वाक्य)
(ii) तुम्हें समय पर स्कूल जाना चाहिए। (आज्ञावाचक वाक्य)
उत्तर:
(i) काश! गाँव के किसान सिरचन को मजदूरी के लिए नहीं बुलाते।
(ii) तुम समय पर स्कूल जाओ।

11. वाक्य शुद्धिकरण:
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके लिखिए:
(i) लोग गंगा नदी को पवीत्र मानते हैं।
(ii) किसी झमाने में यह शहर बहुत आबाद हैं।
उत्तर:
(i) लोग गंगा नदी को पवित्र मानते हैं।
(ii) किसी जमाने में यह शहर बहुत समृद्ध था।

कृषक गान Summary in Hindi

विषय-प्रवेश : प्रस्तुत गीत में गीतकार दिनेश भारद्वाज एक कृषक का महत्त्व प्रतिपादित कर रहे हैं। कृषक, जो कि संपूर्ण संसार का अन्नदाता है, स्वयं अभावों में जीता है। पर किसी के समक्ष हाथ नहीं फैलाता। कवि समाज में उसका सम्मान पूर्ववत स्थापित करना चाहते हैं।

कविता का सरल अर्थ

1. हाथ में संतोष ………………………… का गान कर लूँ।।

कृषक के अभावों की कोई सीमा नहीं है। परंतु उसके पास संतोष रूपी धन है। वह उसी संतोष के सहारे अपना जीवन व्यतीत कर रहा है। पूरे संसार में कैसा भी वसंत आए, कृषक के जीवन में सदैव पतझड़ ही रहता है। अर्थात ऋतुएँ बदलती हैं, लोगों की परिस्थितियाँ बदलती हैं, परंतु कृषक के भाग्य में अभाव ही अभाव हैं। ऐसी दयनीय स्थिति के बावजूद उसे किसी से कुछ माँगना अच्छा नहीं लगता। कृषक को अपनी दीन-हीन दशा पर भी नाज है। कवि कहते हैं कि में ऐसे व्यक्ति पर अभिमान करना चाहता हूँ। मैं कृषक के गीत गाना चाहता हूँ।

2. चूसकर श्रम रक्त ………………………… का गान कर लूँ।।

कृषक दिन-रात खेतों में काम करता है। अपने रक्त को पसीने के रूप में बहाता है और संपूर्ण जगत को जीवन-रस प्रदान करता है। ईश्वर की बनाई इस सृष्टि में उसके लिए धूप-छाया दोनों एक-सी हैं। मौसम में कैसा भी बदलाव आए, कृषक की स्थिति नहीं बदलती। मैं मानवता के साथ उसका आह्वान करना चाहता हूँ। मैं कृषक के गीत गाना चाहता हूँ।

3. विश्व का पालक  ………………………… का गान कर लूँ।।

कृषक संपूर्ण संसार का अन्नदाता है। वह अन्न उगाकर पूरे विश्व का पालन करता है। लोगों को जीवन देता है। किंतु अफसोस की बात है कि जिन लोगों को वह पालता है, उन्हीं के द्वारा उसे पददलित

किया जाता है। अपमानित किया जाता है। मैं चाहता हूँ कि मैं कृषक का हाथ पकड़कर एक नवीन सृष्टि का निर्माण करूँ, जहाँ लोग उसके महत्त्व को समझें। उसका सम्मान करें। मैं कृषक के गीत गाना चाहता हूँ।

4. क्षीण निज बलहीन ………………………… का गान कर लूँ।।

कृषक को जीवन में पर्याप्त सुविधाएँ नहीं मिल पाती। उसे अपने दुर्बल, क्षीण शरीर को ढकने के लिए कपड़े तक नहीं प्राप्त होते। वह पत्तों से अपना तन ढकने को मजबूर होता है। कृषक ऊसर धरती में जी-तोड़ मेहनत करके, पसीने के रूप में अपने खून को बहाकर उसे उपजाऊ बनाता है। मेरे लिए वह सभी देवी-देवताओं से ऊपर है। मैं चाहता हूँ कि देव-दानवों के स्थान पर कृषक का ही ध्यान करूं, उसी के जीवन को बेहतर बनाने का प्रयास करूं। मैं कृषक के गीत गाना चाहता हूँ।

5. यंत्रवत जीवित बना ………………………… का गान कर लूँ।

कृषक एक जीवित मशीन के समान है। वह बिना अपने अधिकार माँगे मशीन की तरह पूरा जीवन काम करता रहता है। उस अन्नदाता, सृष्टि के पालक की दुर्दशा देखकर आज मानवता रो रही है। मैं कण-कण जोड़कर कृषक के लिए एक ऐसे नीड़ का, ऐसे घर का निर्माण करना चाहता हूँ, जहाँ उसे एक अच्छा जीवन जीने के लिए सभी आवश्यक सुविधाएँ प्राप्त हों। मैं कृषक के गीत गाना चाहता हूँ।

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Pdf Free Download पहली इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Lokbharti Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Lokbharti Chapter 9 रीढ़ की हड्डी Notes, Textbook Exercise Important Questions and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Lokbharti Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 9 रीढ़ की हड्डी Textbook Questions and Answers

कृति

कृतिपत्रिका के प्रश्न 1 (अ) तथा प्रश्न 1 (आ) के लिए।

सूचना के अनयुार कृहत्‍ँ कीहजए:-

प्रश्न 1.
संजाल पूण् कीहजए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 17
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 2

प्रश्न 2.
कृहत पूण् कीहजए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 18
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 3
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 4

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 3.
गोपाल प्रसाद की दृष्टि में बहू ऐसी हो:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 19
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 7

प्रश्न 4.
कारण लिखिए :
a. बाप-बेटे चौंक उठे –
b. उमा को चश्मा लगा –
c. रामस्वरूप ने हारमोनियम उठाकर लाने को कहा –
d. उमा को गुस्सा आया –
उत्तर:
a. उन्होंने उमा के चेहरे पर सुनहरी रिमवाला चश्मा देखा।
b. पिछले महीने उमा की आँखें दुखने लगी थीं।
c. रामस्वरूप, गोपाल प्रसाद और शंकर को दिखाना चाहते थे कि उनकी लड़की हारमोनियम बजाना जानती है।
d. गोपाल प्रसाद उमा के चश्मे, उसके गाने-बजाने, पेंटिंग, सिलाई और उसकी पढ़ाई आदि के बारे में एक के बाद एक प्रश्न करते जा रहे थे।

प्रश्न 5.
सूचनानुसार लिखिए :
१. कृदंत बनाइए :
पढ़ना [ ]
समझना [ ]
सीना [ ]
चाहना [ ]
उत्तर:
(i) पढ़ना – पढ़ाकू
(ii) समझना – समझदार
(iii) सीना – सीनेवाला
(iv) चाहना – चाहत।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

२. शब्दयुग्म पूर्ण कीजिए :
a. पढ़े – ……….,
b. सभा – ………
c. पेंटिंग – ……….,
d. सीधा – ……… .
उत्तर:
a. पढ़े – लिखे
b. सभा – सोसायटी
c. पेंटिंग – वेंटिंग
d. सीधा – सादा।

अभिव्यक्ति

सुनी-पढ़ी अंधविश्वास की किसी घटना में निहित आधारहीनता और अवैज्ञानिकता का विश्लेषण करके लिखिए।
उत्तर:
मेरी दादी बड़ी अंधविश्वासी हैं। उनका मानना था कि कोई घर से बाहर जा रहा हो और किसी को छींक आ जाए तो जाने वाले का काम पूरा नहीं होगा। किसी के बाहर जाते समय कोई छींक दे तो दादी बाहर जाने वाले को रोक देती थीं। घर के सभी लोग उनकी इस आदत से परेशान थे। एक बार मेरे भाई को इंटरव्यू के लिए बाहर। जाना था। यह इंटरव्यू हमारे जिले के सर्वश्रेष्ठ स्कूल में वाइस प्रिंसिपल के पद के लिए था। भाई काफी दिनों से इसके लिए तैयारी और प्रतीक्षा कर रहे थे। मुझे बहुत खाँसी-जुकाम हो रहा था। जैसे ही भाई ने बैग उठाकर चलना चाहा; मुझे जोर-जोर से छींकें आने लगी।

दादी ने भाई को जाने नहीं दिया और उनका वह महत्त्वपूर्ण इंटरव्यू छूट गया। घर के सभी लोग इस घटना से बहुत दुखी हुए। मैंने दादी को समझाया कि छींक एक स्वाभाविक क्रिया है। जुकाम होने पर नाक में एक प्रकार की सरसराहट होती है। नाक में मौजूद नर्व सेल इसका संकेत मस्तिष्क को भेजते हैं। मस्तिष्क इसकी प्रतिक्रिया में चेहरे, गले और छाती की मांसपेशियों को सक्रिय कर देता है, जिसके फलस्वरूप ये सब मिलकर तेज हवा निकालकर बाहरी कणों को बाहर फेंक देते हैं। यही क्रिया 8 छींक है। दादी के मन में भी भाई के इंटरव्यू को लेकर अफसोस था।। उन्होंने मेरी बात समझी और धीरे-धीरे अपनी इस आदत को छोड़ दिया।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

भाषा बिंदु

प्रश्न 1.
निम्नलिखित वाक्यों में आए हए अव्ययों को रेखांकित कीजिए और उनके भेद दिए गए स्थान पर लिखिए :

वाक्य  अव्यय भेद
गाय को घर के सामने खूटे से बाँधा।  _____________________
वह उठा और घर चला गया।  _____________________
अरे ! गऊशाला यहाँ से दो किलोमीटर दूर है।  _____________________
वह भारी कदमों से आगे बढ़ने लगा।  _____________________
उन्होंने मुझे धीरे-धीरे हिलाना शुरू किया। _____________________
मुझे लगा कि आज फिर कोई दुर्घटना होगी।  _____________________
वाह-वाह ! खूब सोचा आपने ! _____________________
चाची, माँ के पास चली गई।  _____________________

उत्तर:
(1) गाय को घर के सामने – के सामने – संबंधबोधक खूटे से बाँधा। – अव्यय
(2) वह उठा और घर चला – और – समुच्चयबोधक – अव्यय
(3) अरे! गऊशाला यहाँ से दो – अरे: – विस्मयादिबोधक किलोमीटर दूर है। – अव्यय
(4) वह भारी कदमों से आगे – आगे – क्रियाविशेषण बढ़ने लगा। – अव्यय
(5) उन्होंने मुझे धीरे-धीरे – धीरे-धीरे – क्रियाविशेषण हिलाना शुरू किया। – अव्यय
(6) मुझे लगा कि आज फिर – आज – क्रियाविशेषण कोई दुर्घटना होगी। – अव्यय
(7) वाह-वाह! खूब सोचा – वाह-वाह – विस्मयादिबोधक आपने! – अव्यय
(8) चाची, माँ के पास चली – के पास – संबंधबोधक गई। – अव्यय

प्रश्न 2.
पाठ में प्रयुक्त अव्यय छाँटिए और उनसे वाक्य बनाकर लिखिए :

क्रियाविशेषण अव्यय
1. ———- 2. ———- वाक्य = _______________
उत्तर:
(1) धीरे-धीरे। वाक्य: मुन्ना धीरे-धीरे चलने लगा।
(2) ज्यादा। वाक्य: बीमारी से अभी उठे हो, ज्यादा मत खाओ।

संबंधसूचक अव्यय
1. ———- 2. ———- वाक्य = _______________
उत्तर:
(1) के पास। वाक्य: हमारे स्कूल के पास नदी बहती है।
(2) के साथ। वाक्य: टॉमी गाड़ी के साथ दौड़ रहा है।

समुच्चयबोधक अव्यय
1. ———- 2. ———- वाक्य = _______________
उत्तर:
(1) कि। वाक्य: गांधी जी ने कहा था कि गाय करुणा की कविता है।
(2) और। वाक्य: दुर्योधन और कर्ण की मित्रता अनमोल थी।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

विस्मयादिबोधक अव्यय
1. ———- 2. ———- वाक्य = _______________
उत्तर:
(1) ओह! वाक्य: ओह! कितनी गरमी है।
(2) हैं हैं हैं! वाक्य: हैं हैं हैं ! आइए, विराजिए।

प्रश्न 3.
नीचे आकृति में दिए हुए अव्ययों के भेद पहचानकर उनका अर्थपूर्ण स्वतंत्र वाक्यों में प्रयोग कीजिए :
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 20
उत्तर:
(1) हाय! – विस्मयादिबोधक अव्यय
वाक्य: हाय! कितनी भयानक रेल-दुर्घटना थी।

(2) काश! – विस्मयादिबोधक अव्यय
वाक्य: काश! समय पर दवा मिल जाती, तो रोगी बच जाता।

(3) प्रायः – क्रियाविशेषण अव्यय
वाक्य: प्रयाग प्रायः स्कूल में अनुपस्थित रहता है।

(4) बाद – क्रियाविशेषण अव्यय
वाक्य: स्कूल से आने के बाद थोड़ा आराम करके पढ़ने बैठो।

(5) और – समुच्चयबोधक अव्यय
वाक्य: शुभम और हर्षित भाई हैं।

(6) बल्कि – समुच्चयबोधक अव्यय
वाक्य: आपको निबंध केवल पढ़ना ही नहीं है, बल्कि उसकी समीक्षा भी करनी है।

(7) के पास – संबंधबोधक अव्यय
वाक्य: हमारे घर के पास एक मंदिर है।

(8) यदि… तो – समुच्चयबोधक अव्यय
वाक्य: यदि इसी तरह समय बरबाद करते रहे, तो पास नहीं हो पाओगे।

(9) इसलिए – समुच्चयबोधक अव्यय
वाक्य: मेहमान आने वाले हैं इसलिए जल्दी से खाना बना लो।

(10) वाह! – विस्मयादिबोधक अव्यय
वाक्य: वाह! कितना सुंदर दृश्य है।

(11) की तरफ – संबंधबोधक अव्यय
वाक्य: नदी की तरफ जाओ।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

(12) के अलावा – संबंधबोधक अव्यय
वाक्य: यहाँ मेरे और भगवान के अलावा कोई नहीं है।

(13) कारण – क्रियाविशेषण अव्यय
वाक्य: महिम, किस कारण तुम दस दिन तक स्कूल नहीं आए?

(14) के लिए – संबंधबोधक अव्यय
वाक्य: अंशु ने वारिजा के लिए फ्रॉक खरीदा।

(15) अच्छा – विस्मयादिबोधक अव्यय
वाक्य: अच्छा! स्तुति भी नृत्य में भाग लेगी।

(16) क्योंकि – समुच्चयबोधक अव्यय
वाक्य: अनुज कल स्कूल नहीं आया था, क्योंकि बीमार था।

(17) नहीं… तो – समुच्चयबोधक अव्यय
वाक्य: खेल-कूद छोड़कर पढ़ाई पर ध्यान दो, नहीं तो फेल हो जाओगे।

उपयोजित लेखन

अपने परिसर में विद्यार्थियों के लिए योगसाधना शिविर का आयोजन करने हेतु आयोजक के नाते विज्ञापन तैयार कीजिए।
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 14

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी Additional Important Questions and Answers

गद्यांश क्र. 1

प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 16
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 5

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
कारण लिखिए:
(i) उमा मेहमानों के सामने जरा करीने से आए –
उत्तर:
(i) गोपाल प्रसाद खूबसूरत बहू चाहते थे।

प्रश्न 2.
ये वाक्य किसने, किससे कहे हैं? लिखिए:
(i) अबे! धीरे-धीरे चल।
(ii) बिछा दें साहब?
(iii) लेकिन वह तुम्हारी लाड़ली बेटी उमा तो मुँह फुलाए पड़ी है।
(iv) अरे हाँ, देखो, उमा से कह देना कि जरा करीने से आए।
उत्तर:
(i) अबे! धीरे-धीरे चल। – रामस्वरूप ने रतन से कहा है।
(ii) बिछा दें साहब?- रतन ने रामस्वरूप से कहा है।
(iii) लेकिन वह तुम्हारी लाड़ली बेटी उमा तो मुँह फुलाए पड़ी है। – प्रेमा ने रामस्वरूप से कहा है।
(iv) अरे हाँ, देखो, उमा से कह देना कि जरा करीने से आए। – रामस्वरूप ने प्रेमा से कहा है।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 3.
दो ऐसे प्रश्न बनाइए, जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द हों:
(i) तख्त
(ii) उमा।
उत्तर:
(i) कमरे में रतन क्या बिछाता है?
(ii) मुँह फुलाए कौन पड़ी है?:

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
म्नलिखित शब्दों का वचन बदलकर लिखिए:
(i) बेटी
(ii) तकलीफ
(iii) रास्ता
(iv) छुट्टी।
उत्तर:
(i) बेटी – बेटियाँ
(ii) तकलीफ – तकलीफें
(iii) रास्ता – रास्ते
(iv) छुट्टी – छुट्टियाँ।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों के लिंग पहचानकर लिखिए:
(i) पसीना
(ii) अक्ल
(iii) मजबूरी
(iv) सितार।
उत्तर:
(i) पसीना – पुल्लिंग
(ii) अक्ल – स्त्रीलिंग
(iii) मजबूरी – स्त्रीलिंग
(iv) सितार – पुल्लिंग।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 3.
गद्यांश में प्रयुक्त शब्द-युग्म पूर्ण कीजिए।
(i) ठीक ………………………………
(ii) धीरे ………………………………
उत्तर:
(i) ठीक-ठाक
(ii) धीरे-धीरे।

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘रामस्वरूप अपनी बेटी की उच्च शिक्षा की बात छिपाते हैं,: उसे अपनी मजबूरी बताते हैं’ इस विषय में अपने विचार लिखिए।
उत्तर:
रामस्वरूप एक अच्छे पिता हैं। उमा उनकी इकलौती पुत्री है। वे स्त्री शिक्षा के पक्षधर हैं। इसलिए उमा को बी. ए. तक पढ़ाते हैं। वे उमा का विवाह एक शिक्षित परिवार के सुशिक्षित युवक से करना चाहते हैं। यह नाटक जिस दौर में लिखा गया, उस समय सभी लोग स्त्री शिक्षा को महत्त्व नहीं देते थे, आवश्यक नहीं समझते थे। लोगों की नजरों में बहू की उच्च शिक्षा घरेलू जीवन में व्यवधान थी। परिणामस्वरूप जहाँ कहीं भी वे विवाह-संबंध के लिए बात करते, बेटी की उच्च शिक्षा बाधा बन जाती। कहीं भी विवाह निश्चित न हो पाने के कारण रामस्वरूप परेशान हो जाते हैं और मजबूर होकर उमा के बी. ए. तक पढ़े होने की बात छिपाने का रास्ता चुनते हैं। स्वयं प्रगतिशील विचारों का होते हुए भी विवाह योग्य लड़की का पिता होने के कारण रामस्वरूप जी को विवशतावश रूढ़िग्रस्त लोगों के सामने झुकना पड़ता है। यही उनकी मजबूरी है।

गद्यांश क्र.2
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
सही विकल्प चुनकर वाक्य फिर से लिखिए:
(i) अच्छा तो साहब, फिर ……………………….. की बातचीत हो जाए। (काम/शादी/बिजनेस)
(ii) जरा ……………………….. तो कर लीजिए। (नाश्ता/आराम/भोजन)
(iii) ब्याह तय करने आए हो, ……………………….. सीधी करके बैठो। (गरदन/कमर/टाँगें)
(iv) वाकई आजकल ……………………….. का सवाल भी बेढब हो गया है। (खूबसूरती/महँगाई/टैक्स)
उत्तर:
(i) अच्छा तो साहब, फिर बिजनेस की बातचीत हो जाए।
(ii) जरा नाश्ता तो कर लीजिए।
(iii) ब्याह तय करने आए हो, कमर सीधी करके बैठो।
(iv) वाकई आजकल खूबसूरती का सवाल भी बेढब हो गया है।

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
गलत वाक्यों को सही करके फिर से लिखिए:
(i) यह तो मेरी बड़ी तकदीर है कि आप मेरे यहाँ ठहरेंगे।
(ii) सुना है, सरकार अब ज्यादा जमीन खरीदने वालों पर टैक्स लगाएगी।
उत्तर:
(i) यह तो मेरी बड़ी तकदीर है कि आप मेरे यहाँ तशरीफ लाए।
(ii) सुना है, सरकार अब ज्यादा चीनी लेने वालों पर टैक्स लगाएगी।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 2.
घटना के अनुसार वाक्यों का उचित क्रम लगाकर लिखिए:
(i) शादी तय करने में खूबसूरती का हिस्सा कितना होना चाहिए?
(ii) ठाकुर जी के चरणों में रख दिया है।
(iii) तुम्हारे दोस्त ठीक कहते हैं कि शंकर की बैकबोन-
(iv) आपको विलायती चाय पसंद है या हिंदुस्तानी?
उत्तर:
(i) तुम्हारे दोस्त ठीक कहते हैं कि शंकर की बैकबोन
(ii) आपको विलायती चाय पसंद है या हिंदुस्तानी?
(iii) शादी तय करने में खूबसूरती का हिस्सा कितना होना चाहिए?
(iv) ठाकुर जी के चरणों में रख दिया है।

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के विरुद्धार्थी शब्द लिखिए:
(i) दोस्त
(ii) आमदनी
(iii) मुश्किल
(iv) खूबसूरती।
उत्तर:
(i) दोस्त x दुश्मन
(ii) आमदनी x खर्च
(iii) मुश्किल x आसान
(iv) खूबसूरती x बदसूरती।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों के समानार्थी शब्द लिखिए:
(i) नाश्ता
(ii) खयाल
(iii) ब्याह
(iv) जरूरी।
उत्तर:
(i) नाश्ता = जलपान
(ii) खयाल = विचार
(iii) ब्याह = शादी
(iv) जरूरी = आवश्यक।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 3.
गद्यांश में प्रयुक्त उर्दू शब्द ढूँढकर लिखिए।
(i) ……………………………
(ii) ……………………………
(iii) ……………………………
(iv) ……………………………
उत्तर:
(i) तकल्लुफ
(ii) तकदीर
(iii) तशरीफ
(iv) खूबसूरती।

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
गोपाल प्रसाद विवाह को बिजनेस मानते हैं इस विषय में अपने विचार लिखिए।
उत्तर:
गोपाल प्रसाद विवाह को एक बिजनेस मानते हैं। जिस प्रकार एक व्यापारी पहले अपने लाभ-हानि का विचार करता है, फिर व्यापार करता है। उसी प्रकार गोपाल प्रसाद अपने डॉक्टर पुत्र का विवाह एक संपन्न परिवार में करना चाहते हैं। हिंदू समाज में विवाह एक ऐसा पवित्र बंधन माना जाता है, जो दो परिवारों को सदा के लिए एक कर देता है। दोनों परिवार एक-दूसरे के सुख-दुख में साथी होते हैं। परंतु गोपाल प्रसाद के लिए विवाह दो परिवारों का मिलन न होकर एक प्रकार का बिजनेस है। वे चाहते हैं कि एक अच्छी हैसियत वाले परिवार की कम पढ़ी-लिखी लड़की से बेटे का विवाह कराया जाए, ताकि बढ़िया-सा दहेज मिले और बहू बिना किसी नाज-नखरे के घर के कामों में लगी रहे।

गद्यांश क्र. 3
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
उमा की विशेषताएँ लिखिए।
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 8
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 9

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
वाक्य पूर्ण कीजिए:
(i) जी हाँ सितार भी और बाजा भी। सुनाओ तो उमा ………………….
(ii) सिलाई तो सारे घर की इसी के जिम्मे रहती है, ………………….
उत्तर:
(i) जी हाँ सितार भी और बाजा भी। सुनाओ तो उमा एकाध गीत. सितार के साथ।
(ii) सिलाई तो सारे घर की इसी के जिम्मे रहती है, यहाँ तक कि मेरी कमीजें भी।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 2.
विधानों के सामने सत्य/असत्य लिखिए:
(i) पढ़ाई-वढ़ाई की वजह से तो नहीं है कुछ।
(ii) आपकी लड़की सितार अच्छा बजाती है।
(iii) तो तुमने पेंटिंग-वेंटिंग भी सीखी है?
(iv) हाँ बेटी, तुमने कुछ इनाम-बिनाम भी जीते थे।
उत्तर:
(i) असत्य
(ii) असत्य
(iii) सत्य
(iv) सत्य।

प्रश्न 3.
जोड़ियाँ मिलाइए:
‘अ’ – ‘आ’
(i) सकपकाना – मीरा
(ii) भजन – तख्त
(iii) तस्वीर चश्मा
(iv) बाजा – कुत्तेवाली
उत्तर:
(i) सकपकाना – चश्मा
(ii) भजन – मीरा
(ii) तस्वीर -कुत्तेवाली
(iv) बाजा – तख्त

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों का वचन बदलकर लिखिए:
(i) दीवार
(ii) महीना
(iii) कमीज
(iv) आँखें।
उत्तर:
(i) दीवार – दीवारें
(ii) महीना – महीने
(iii) कमीज – कमीजें
(iv) आँखें – आँख।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों के लिंग पहचानकर लिखिए:
(i) चश्मा
(ii) सिलाई
(iii) तख्त
(iv) दीवार।
उत्तर:
(i) चश्मा – पुल्लिंग
(ii) सिलाई – स्त्रीलिंग
(iii) तख्त – पुल्लिंग
(iv) दीवार – स्त्रीलिंग।

प्रश्न 3.
गद्यांश में प्रयुक्त शब्द-युग्म पूर्ण कीजिए:
(i) गाना ……………………..
(ii) पढ़ाई ……………………..
(iii) इनाम ……………………..
उत्तर:
(i) गाना-बजाना
(ii) पढ़ाई-वढ़ाई
(iii) इनाम-बिनाम।

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘गोपाल प्रसाद बहू में गाना-बजाना, सिलाई, पेंटिंग आदि गुण चाहते हैं पर पढ़ाई नहीं, क्या यह उचित है’ इस विषय में अपने विचार लिखिए।
उत्तर:
गोपाल प्रसाद एक वकील हैं। उनका पुत्र डॉक्टर है। वे अपने पुत्र के लिए लड़की देखने आए हैं। वे अपनी पत्रवधू के रूप में एक मैट्रिक पास लड़की चाहते हैं। डॉक्टर पुत्र और मैट्रिक पास पुत्रवधू। कैसा विरोधाभास लगता है। पति और पत्नी गृहस्थी रूपी गाड़ी के दो पहियों की तरह होते हैं। यदि दोनों पहिये समान नहीं होंगे, तो गाड़ी सुचारू रूप से कैसे चलेगी। गोपाल प्रसाद चाहते हैं कि भावी पुत्रवधू सुंदर हो। वह बाजा बजाना जानती हो, उसे अच्छी तरह गाना आता हो। वह न केवल सिलाई-पेंटिंग करना जानती हो, बल्कि उसमें प्रवीण भी हो। घर के सारे काम करती रहे। उसके गुणों की चर्चा करके परिवार के लोग वाहवाही लूटते रहें। गोपाल प्रसाद की सोच किसी भी तरह उचित नहीं कही जा सकती।

गद्यांश क्र. 4
प्रश्न. निम्नलिखित पठित मद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) दुकानदार इनसे कुछ नहीं पूछता
(ii) जो आप इतनी देर से यह कर रहे हैं –
(iii) क्या हम लड़कियों की यह नहीं होती –
(iv) बाबू रामस्वरूप आपने मेरे साथ यह किया –
उत्तर:
(i) दुकानदार इनसे कुछ नहीं पूछता – कुर्सी-मेज से |
(ii) जो आप इतनी देर से यह कर रहे हैं – नाप-तौल
(ii) क्या हम लड़कियों की यह नहीं होती – बेइज्जती
(iv) बाबू रामस्वरूप आपने मेरे साथ यह किया – दगा

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 2.
नीचे दिए गए शब्दों के आधार पर प्रश्न बनाइए:
(i) शंकर
(i) उमा।
उत्तर:
(i) नौकरानी के पैरों में पड़कर मुंह छुपाकर कौन भागा था?
(ii) कौन बी.ए. पास है?

प्रश्न 3.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 10
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 11

कृति 2: (आकलन)

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 12
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी 13

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 2.
कारण लिखिए:
(i) शंकर नौकरानी के पैरों में पड़कर मुंह छिपाकर भागा।
(ii) गोपाल प्रसाद का रामस्वरूप पर गुस्सा होना।
(iii) उमा का तेज आवाज में बोलना।
उत्तर:
(i) शंकर लड़कियों के होस्टल में ताक-झाँक करता पकड़ा गया था।
(ii) क्योंकि रामस्वरूप ने उनके साथ दगा किया है।
(iii) क्योंकि नाप-तोल करके उमा की बेइज्जती की जा रही थी।

कृति 3: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
गद्यांश में प्रयुक्त अंग्रेजी शब्द ढूँढकर लिखिए।
(i) ……………………..
(ii) ……………………..
(iii) ……………………..
(iv) ……………………..
उत्तर:
(i) पेंटिंग
(ii) बैकबोन
(iii) होस्टल
(iv) मैट्रिक।

प्रश्न 2.
गद्यांश में प्रयुक्त प्रत्यययुक्त शब्दों से मूल शब्द और प्रत्यय अलग करके लिखिए।
(i) ……………………..
(ii) ……………………..
(iii) ……………………..
(iv) ……………………..
उत्तर:
(i) दुकानदार = दुकान + दार
(ii) कायरता = कायर + ता
(iii) नौकरानी = नौकर + आनी
(iv) बेइज्जती = बेइज्जत + ई।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

प्रश्न 3.
गद्यांश में आई हुई दो समानार्थी शब्दों की जोड़ियाँ ढूँढ़कर लिखिए:
(i) ……………………………
(ii) ……………………………
उत्तर:
(i) बेटा = पुत्र
(ii) इज्जत = मान।

कृति 4: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न 1.
उमा को गोपाल प्रसाद की किन बातों पर गुस्सा आया? क्या वह उचित था? इस विषय पर अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
गोपाल प्रसाद अपने डॉक्टर लड़के के विवाह के लिए उमा को देखने आते हैं। वे स्वयं वकील हैं परंतु उन्हें पुत्रवधू केवल मैट्रिक पास चाहिए। गोपाल प्रसाद का मानना है कि स्त्रियों का काम केवल घर सँभालना होता है। वे कभी उमा से गाने-बजाने की बात कर रहे थे, कभी यह जानना चाह रहे थे कि उसे सिलाई-पेंटिंग आदि करना आता है या नहीं, कुछ इनाम वगैरह भी जीते हैं या नहीं। उमा को इन सब बातों पर तो गुस्सा आ ही रहा था। परंतु उसे इससे भी अधिक गुस्सा उनके पुत्र को देखकर आ रहा था। वह जानती थी कि शंकर एक चरित्रहीन युवक है।

वह लड़कियों के होस्टल के पास ताक-झाँक करते हुए पकड़ा गया था और उसे बेइज्जत करके वहाँ से निकाला गया था। शंकर के जीवन का कोई आदर्श नहीं था। ऐसे विचारहीन, चरित्रहीन व्यक्ति का उमा के जीवन में कोई स्थान नहीं था। उमा कोई भेड़-बकरी या निर्जीव वस्तु नहीं है कि लोग देख-भालकर अपनी इच्छानुसार खरीद सकें। विवाह में उसे भी पसंद-नापसंद का अधिकार मिलना चाहिए। उसे उचित सम्मान मिलना चाहिए।

भाषा अध्ययन (व्याकरण)

प्रश्न. सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

1. शब्द भेद:

अधोरेखांकित शब्दों का शब्दभेद पहचानकर लिखिए:
(i) बापू की लिखावट अच्छी नहीं थी। –
(ii) कुछ बिजनेस की बातचीत हो जाए।
(iii) मैंने आपसे पहले ही कहा था।
उत्तर:
(i) अच्छी – गुणवाचक विशेषण।
(ii) बातचीत – भाववाचक संज्ञा।
(iii) मैंने – पुरुषवाचक सर्वनाम।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

2. अव्यय:

निम्नलिखित अव्ययों का अपने वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
(i) शायद
(ii) या
(iii) ऊपर।
उत्तर:
(i) शायद आज वर्षा होगी।
(ii) बच्चे खेलने या घूमने गए होंगे।
(iii) छत के ऊपर बंदर कूद रहे हैं।

3. संधि:

कृति पूर्ण कीजिए:

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
…………………  मनः + हर  …………………
 अथवा
 ………………… वागीश …………………

उत्तर:

संधि शब्द संधि विच्छेद संधि भेद
मनोहर  मनः + हर विसर्ग संधि
अथवा
वागीश वागीश व्यंजन संधि

4. सहायक क्रिया:

निम्नलिखित वाक्यों में से सहायक क्रियाएँ पहचानकर उनका मूलरूप लिखिए:
(i) आपकी लड़की अच्छा गाती है।
(ii) मैं आपको बताना ही भूल गया।
(iii) अब तख्त को उधर मोड़ दें।:
उत्तर:
सहायक क्रिया – मूल रूप
(i) है – होना
(ii) गया – जादेा
(iii) दें – देना

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

5. प्रेरणार्थक क्रिया:

निम्नलिखित क्रियाओं के प्रथम प्रेरणार्थक और द्वितीय प्रेरणार्थक रूप लिखिए:
(i) चढ़ना
(ii) पढ़ना
(iii) उड़ना।
उत्तर:
क्रिया – प्रथम प्रेरणार्थक रूप – द्वि.प्रेरणार्थक रूप
(i) चढ़ना – चढ़ाना – चढ़वाना
(ii) पढ़ना – पढ़ाना – पढ़वाना
(ii) उड़ना – उड़ाना – उड़वाना

6. मुहावरे:

(1) निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए:
(i) तिलिस्म टूटना
(ii) बस चलना
(iii) खेल करना।
उत्तर:
(i) तिलिस्म टूटना।
अर्थ: वास्तविकता सामने आना। वाक्य: ढोंगी साधु की सच्चाई प्रकट होते ही उसका तिलिस्म टूट गया।

(ii) बस चलना।
अर्थ: काबू में होना, सामर्थ्य होना।
वाक्य: बेटे का बस चले तो वह अपनी माँ को सारे तीर्थ करा दे।

(iii) खेल करना।
अर्थ: काम को ठीक से न करना, काम को बिगाड़ना।
वाक्य: सड़क बनाने का काम कर रहे मजदूरों में से कुछ तो खेल ही कर रहे थे।

(2) अधोरेखांकित वाक्यांश के लिए उचित मुहावरे का चयन कर वाक्य फिर से लिखिए:
(गिनती में न होना, अंजाम देना, कानों में गूंजना)
(i) काम कैसा भी हो, उसे पूरा करना कर्मचारी का कर्तव्य है।
(ii) माता जी के कहे वचन आज भी राजू को सुनाई देते हैं।
उत्तर:
(i) काम कैसा भी हो, उसे अंजाम देना कर्मचारी का कर्तव्य है।
(ii) माता जी के कहे वचन आज भी राजू के कानों में गूंजते हैं।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

7. कारक:

निम्नलिखित वाक्यों में प्रयुक्त कारक पहचानकर उनका भेद लिखिए:
(i) नहीं साहब वह तो मैंने अर्ज किया न।
(ii) आपके लाड़ले बेटे के रीढ़ की हड्डी भी है या नहीं।
(iii) अब तख्त को उधर मोड़ दे।
उत्तर:
(i) मैंने – कर्ता कारक।
(ii) आपके – संबंध कारक।
(iii) तख्त को – कर्म कारक।

8. विरामचिहन:

निम्नलिखित वाक्यों में यथास्थान उचित विरामचिह्नों का प्रयोग करके वाक्य फिर से लिखिए:
(i) अरे प्रेमा वे आ भी गए तुम उमा को समझा देना थोड़ा सा गा देगी मेहमानों से हैं हैं हैं आइए आइए
(ii) ठीक लेकिन हाँ बेटी तुमने कुछ इनाम बिनाम भी जीते थे
(iii) बिजनेस समझकर ओह अच्छा अच्छा लेकिन जरा नाश्ता तो कर लीजिए
उत्तर:
(i) अरे प्रेमा, वे आ भी गए। … तुम उमा को समझा देना, थोड़ा-सा गा देगी। (मेहमानों से) हैं-ह-हैं। आइए, आइए!
(ii) ठीक।… लेकिन, हाँ बेटी, तुमने कुछ इनाम-बिनाम भी जीते थे?
(iii) “बिजनेस’ ? – (समझकर) ओह !…अच्छा, अच्छा। लेकिन जरा नाश्ता तो कर लीजिए।

9. काल परिवर्तन:

निम्नलिखित वाक्यों का सूचना के अनुसार काल परिवर्तन कीजिए:
(i) ठीक समय पर गो. प्रसाद और शंकर आते हैं। (सामान्य भूतकाल)
(ii) मेरी चाय में चीनी ज्यादा डालते हैं। (सामान्य भविष्यकाल)
(iii) आपके पुत्र मुंह छिपाकर भागते हैं। (पूर्ण भूतकाल)
उत्तर:
(i) ठीक समय पर गो. प्रसाद और शंकर आए।
(ii) मेरी चाय में चीनी ज्यादा डालिएगा।
(iii) आपके पुत्र मुँह छिपाकर भागे थे।:

10. वाक्य भेद:

(1) निम्नलिखित वाक्यों का रचना के आधार पर भेद पहचानिए:
(i) मैंने कोई पाप नहीं किया और न ही कोई चोरी की है।
(ii) उमा से कह देना कि जरा करीने से आए।
उत्तर:
(i) संयुक्त वाक्य
(ii) मिश्र वाक्य।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

(2) निम्नलिखित वाक्यों का अर्थ के आधार पर दी गई सूचना के अनुसार परिवर्तन कीजिए:
(i) उमा ने सितार पर भजन गाया। (निषेधवाचक)
(ii) गोपाल प्रसाद शंकर का विवाह उमा से करेंगे। (प्रश्नवाचक)
उत्तर:
(i) उमा ने सितार पर भजन नहीं गाया।
(ii) क्या गोपाल प्रसाद शंकर का विवाह उमा से करेंगे?

11. वाक्य शुद्धिकरण:

निम्नलिखित वाक्यों को शुद्ध करके फिर से लिखिए:
(i) वे असली भारत के सपूत थे।
(ii) सोमनाथ को आबादी इतिहास में प्रसिद्ध है।
(iii) जिंदगी हमारी अब नहीं बचेगी।
उत्तर:
(i) वे भारत के असली सपूत थे।
(ii) सोमनाथ की समृद्धि इतिहास में प्रसिद्ध है।
(iii) अब हमारी जिंदगी नहीं बचेगी।

उपक्रम/कृति/परियोजना

पठनीय
उत्तर:

  • कॉलेज – महाविद्यालय
  • सोसायटी – समाज
  • बी. एस्सी – विज्ञान स्नातक
  • कोर्स – पाठ्यक्रम
  • वीक एंड – सप्ताहांत
  • मार्जिन – गुंजाइश
  • बिजनेस – व्यापार
  • बैकबोन – रीढ़ की हड्डी
  • टैक्स – कर
  • पेंटिंग – चित्रकारी
  • होस्टल – छात्रावास
  • मैट्रिक – मैट्रिक

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 9 रीढ़ की हड्डी

श्रवणीय
विवाह में गाए जाने वाले पारंपरिक मंगल गीत सुनिए और सुनाइए।

संभाषणीय
‘दहेज एक अभिशाप’ विषय पर चर्चा कीजिए।

प्रश्न.
‘दहेज प्रथा’ विषय पर अपने विचार लिखिए।
उत्तर:
दहेज अर्थात पुत्री के विवाह के समय पिता द्वारा उसे प्रेमपूर्वक दिए जाने वाले उपहार। समाज में यह प्राचीन काल से प्रचलित है। महाराज जनक ने भी सीता को दहेज दिया था। परंतु समय के साथ-साथ यह प्रथा कुप्रथा बनती गई। हमारे देश में अधिकतर समाजों में यह कुप्रथा अपना स्थान बना चुकी है। आज विवाह संबंध दो परिवारों का मिलन न होकर धन बटोरने का साधन बन गया है। कन्या पक्ष से बटोरी जाने वाली राशि वर की शिक्षा एवं पद के अनुरूप तय की जाती है। समाज में व्याप्त इस कलंक के कारण न जाने कितनी मासूम बच्चियाँ जन्म लेने से पहले ही मार दी जाती हैं। अनेक वधुएँ ससुराल वालों के अत्याचारों से त्रस्त होकर या तो आत्महत्या कर लेती हैं, या उन्हीं के द्वारा मार डाली जाती हैं। हालाँकि सन 1961 में दहेज प्रतिबंध अधिनियम लागू किया जा | चुका है, पर फिर भी अनगिनत लोग दहेज ले रहे हैं और कन्याओं के माता-पिता को देना पड़ रहा है।

लेखनीय

प्रश्न.
आपके घर की किसी परंपरा के बारे में घर के बुजुर्गों से जानकारी प्राप्त कीजिए। वह परंपरा उचित है या अनुचित, इस पर अपना मत शब्दांकित कीजिए।
उत्तर:
हमारे घर में जिससे कुछ लाभ होता है, उसकी पूजा करने की परंपरा रही है। हम सूर्य और चंद्रमा की पूजा करते हैं। इसके अलावा वृक्षों में नीम, वट और पीपल की भी पूजा की जाती है। इन सबसे हमें कोई न कोई लाभ होता है। तुलसी के पौधे से तो लाभ ही लाभ है। इससे वातावरण शुद्ध रहता है। घर में मच्छर-मक्खी नहीं आते। इसकी पत्तियाँ और मंजरी औषधि के रूप में काम में आती हैं। इसलिए लोग तुलसी को अपने आँगन, बगीचे तथा घर के आसपास लगाते हैं। उसकी श्रद्धापूर्वक सेवा और पूजा करते हैं। इससे इस उपयोगी पौधे का संरक्षण होता है। इसलिए तुलसी की पूजा अवश्य होनी चाहिए।

रीढ़ की हड्डी Summary in Hindi

विषय-प्रवेश : प्रस्तुत अति प्रसिद्ध एकांकी में एकांकीकार जगदीशचंद्र माथुर ने तत्कालीन समाज में स्त्री-शिक्षा के विषय में लोगों की दकियानूसी विचारधारा पर प्रकाश डाला है। उमा के द्वारा स्त्रियों की भावनाओं को महत्त्व दिया गया है। नारी के सम्मान का मुद्दा उठाया गया है।

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Pdf Free Download पहली इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम Notes, Textbook Exercise Important Questions, and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Chapter 7 महिला आश्रम

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 7 महिला आश्रम Textbook Questions and Answers

कृति

कृतिपत्रिका के प्रश्न 1 (अ) तथा 1 (आ) के लिए

सूचना के अनुसार कृतियाँ कीजिए :

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 18
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 12

प्रश्न 2.
कारण लिखिए:
a. काका जी ने कंपास बॉक्स मँगाकर रखा –
b. लेखक ने फूल के गमले अपने पास से निकाल दिए –
उत्तर:
(i) काका जी को तारों के नक्शे बनाने थे, इसलिए उन्होंने कंपास बॉक्स मँगा कर रखा।
(ii) काका जी के पासवाले गमलों में लगे फूलों के पौधे सूख गए थे, इसलिए काका जी ने फूलों के गमले अपने पास से निकाल दिए।

प्रश्न 3.
लिखिए:
a. जिन्हें ‘ता’ प्रत्यय लगा हो ऐसे शब्द पाठ से ढूँढ़कर उन प्रत्ययसाधित शब्दों की सूची बनाइए।

शब्द  ‘ता’  प्रत्यय साधित
………………………………… ………………………………… …………………………………
………………………………… ………………………………… …………………………………

उत्तर:

1. मानव  ता  मानवता
2. कुशल  ता  कुशलता
3. उत्कृष्ट  ता  उत्कृष्टता
4. एक  ता  एकता

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

b. पाठ में प्रयुक्त पर्यायवाची शब्द लिखकर उनका स्वतंत्र वाक्यों में प्रयोग कीजिए।
उत्तर:
(i) घर = मकान।
घर – वाक्य : मनुष्य को अपने ही घर में सुकून मिलता है।
मकान – वाक्य : महानगरों में रोटी और वस्त्र तो किसी तरह मिल भी जाता है, पर मकान की व्यवस्था बहुत जटिल होती है।

(ii) बोझ = भार।
बोझ – वाक्य : गरीब लोगों के लिए गृहस्थी के खर्च का बोझ उठाना आसान नहीं होता।
भार – वाक्य : जिम्मेदार व्यक्ति दिए गए कार्य का भार उठाने में प्रसन्नता महसूस करते हैं।

प्रश्न 4.
प्रवाह तालिका पूर्ण कीजिए :
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 19
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 3

अभिव्यक्ति

पत्र लिखने का सिलसिला सदैव जारी रहना चाहिए’ इस संदर्भ में अपने विचार लिखिए।
उत्तर :
हर युग में पत्रों का बहुत महत्त्व हुआ करता था। प्राचीन काल में राजाओं-महाराजाओं के यहाँ विचारों के आदान-प्रदान के लिए पत्र-वहन की अपनी व्यवस्था थी। कबूतर जैसे पक्षी के माध्यम से भी पत्र भेजने का उल्लेख मिलता है। आम जनता के पत्र भेजने की सरकारी व्यवस्था थी। सरकारी हरकारे दूर-दराज के क्षेत्रों में पत्र पहुँचाने के लिए घोड़े और ऊँट आदि जानवरों का प्रयोग करते थे। आधुनिक काल में डाकघरों के माध्यम से पत्र भेजे जाते हैं। पर आजकल संचार माध्यम का बहुत तेजी से विकास होने के कारण संदेश भेजने के माध्यम में बहुत प्रगति हो रही है।

पत्रों के साथ ई-मेल से संदेश भेजने की प्रक्रिया खूब लोकप्रिय हुई। आजकल अपनी बात दूसरों तक पहुँचाने में मोबाइल फोन अच्छा काम कर रहा है। पत्र (संदेश) भेजने के माध्यमों में समय के अनुसार बदलाव भले आता गया हो, पर पत्र (संदेश) का महत्त्व हमेशा बना रहेगा। सरकारी कामकाज तथा व्यवसाय के क्षेत्र में लेन-देन की बात भले फोन पर हो जाए, पर जब तक पत्र के माध्यम से लिखित रूप में कुछ नहीं होता, तब तक बात आगे नहीं बढ़ती है। इस तरह पत्र लिखने का सिलसिला सदा जारी रहा है और भविष्य में भी यह सिलसिला जारी रहेगा।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

उपयोजित लेखन

‘संदेश वहन के आधुनिक साधनों से लाभ-हानि’ विषय पर अस्सी से सौ शब्दों तक निबंध लिखिए।
उत्तर:
एक समय ऐसा था, जब संदेश वहन के साधन बहुत सीमित थे। संदेश वहन का सर्वसुलभ और लोकप्रिय साधन पत्र हुआ करता था। तार और टेलीफोन भी संदेश वहन के साधन थे। तार का संकटकाल के समय उपयोग किया जाता था और टेलीफोन सबके लिए उपलब्ध नहीं था। आज जमाना बदल गया है। आज संदेश वहन के एक-से-बढ़ कर एक साधन उपलब्ध हैं। आप देश के किसी भी कोने में बैठे हों, क्षण भर में मोबाइल फोन पर अपना मनचाहा नंबर डायल करके सामनेवाले से बात कर सकते हैं।

अपने मोबाइल फोन पर सामनेवाले को सामने-सामने बात करते हुए देख सकते हैं। वीडियो कांफ्रेसिंग में अलग-अलग जगहों पर बैठे लोगों से अपने घर में बैठकर सामने-सामने लोग बात कर लेते हैं। व्हाट्सअप पर अपने चित्र, डॉक्यूमेंट स्कैन करके क्षण भर में सामनेवाले तक पहुंचा सकते हैं। एस.एम.एस., फेसबुक, ट्विटर से मनचाहा संदेश भेजा जा सकता है।

ई-मेल से पत्र के रूप में लिखित समाचार भेज सकते हैं, जिसे प्रमाण के रूप में रखा जा सकता है।

संदेश वहन के आधुनिक साधनों के कारण जनता को जहाँ इस तरह की सुविधाएँ उपलब्ध है, वहीं लोगों को इनसे अनेक परेशानियाँ भी हो रही हैं। आप इन साधनों के कारण सबसे जुड़े हुए हैं। तरहतरह के लोग इसका फायदा उठाकर आपको अनावश्यक एस.एम.एस. के द्वारा तंग कर सकते हैं, आपको ठगने की कोशिश कर सकते हैं। एस.एम.एस. के द्वारा झूठी बातें और अफवाए भी फैलाई जा सकती हैं। मोबाइल फोन से अधिकतर लोग चिपके रहते हैं और अपना समय बर्बाद करते रहते हैं।

इस तरह आधुनिक संदेश वहन के साधनों से जहाँ अनेक प्रकार के लाभ हैं, वहीं उनसे कुछ नुकसान भी हैं। पर इससे चिंता करने की जरूरत नहीं है। आधुनिक संदेश वहन साधनों की कमियाँ भी धीरे-धीरे दूर हो जाएँगी, ऐसी उम्मीद हमें रखनी चाहिए।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

भाषा बिंदु

निम्न शब्दों से बने दो मुहावरों के अर्थ लिखकर उनका स्वतंत्र वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 20
उत्तर:
(1) आँख :
(i) आँखों से ओझल होना।
अर्थ : अदृश्य हो जाना।
वाक्य : हवाई अड्डे से उड़ान भरने के बाद विमान देखते देखते आँखों से ओझल हो गया।

(ii) आँखें भर आना।
अर्थ : आँखों में आँसू आ जाना।
वाक्य : बेटी की बिदाई के समय पिता की आँखें भर आईं।

(2) मुँह :
(i) मुँह मोड़ लेना :
अर्थ : बेरुखी करना, ध्यान न देना।
वाक्य : सच्चाई से मुँह मोड़ लेने से सच बात झूठ नहीं “हो जाती।

(ii) मुँह की खाना।
अर्थ : बुरी तरह हारना।
वाक्य : करगिल युद्ध में पाकिस्तान को मुंह की खानी पड़ी।

(3) दाँत :
(i) दाँत पीसना।
अर्थ : क्रोध में दाँत पर दाँत रगड़ना।
वाक्य : बात-बात पर मुनीम जी की फटकार सुनकर चपरासी दाँत पीसने लगा।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

(ii) दाँत काटी रोटी।
अर्थ : गहरी दोस्ती।
वाक्य : नेताजी और उस गुंडे में दाँत काटी रोटी थी।

(4) हाथ:
(i) हाथ का मैल होना।
अर्थ : बहुत तुच्छ वस्तु।
वाक्य : लाला रूपचंद के लिए छोटा-मोटा चंदा देना हाथ-का मैल है।

(ii) हाथ में आना।
अर्थ : काबू या कब्जे में आना।
वाक्य : काफी भाग-दौड़ के बाद अपराधी पुलिस के हाथ में आ गया।

(5) हृदय :
(i) हृदय उछलना।
अर्थ : बहुत प्रसन्नता होना।
वाक्य : छोटे-छोटे बच्चों की देशभक्ति देखकर हृदय आनंद से उछल पड़ता है।

(ii) हृदय पसीजना।
अर्थ : मन में करुणा, दया आदि भावों का संचार होना।
वाक्य : मोबाइल चोर पकड़े जाने पर लोगों से गिड़गिड़ता रहा कि वे उसे पुलिस को न दें, पर लोगों का हृदय नहीं पसीजा।

उपयोजित लेखन

अपने मित्र/सहेली को जिला विज्ञान प्रदर्शनी में प्रथम पुरस्कार प्राप्त होने के उपलक्ष्य में बधाई देते हुए निम्न प्रारूप में। पत्र लिखिए।
दिनांक : ………………………….
संबोधन : ………………………….
अभिवादन : ………………………….
प्रारंभ : ………………………….
विषय विवेचन: ………………………….
समापन : ………………………….
हस्ताक्षर : ………………………….
नाम : ………………………….
पता : ………………………….
ई-मेल आईडी : ………………………….
उत्तर :
15 नवंबर 2020
प्रिय नरेश,
खुश रहो।
आज ही तुम्हारा पत्र मिला। यह जानकर बहुत खुशी हुई कि जिला विज्ञान प्रदर्शनी में तुम्हें प्रथम पुरस्कार प्राप्त हुआ है। मेरी ओर से तुम्हें बहुत-बहुत बधाई।

जब मैंने तहसील स्तर पर आयोजित विज्ञान प्रदर्शनी में तुम्हारी कृति देखी थी, तभी मुझे विश्वास हो गया था कि तुम्हारी यह कृति एक दिन जिला स्तर की प्रदर्शनी में तुम्हें पुरस्कार अवश्य दिलाएगी। तुम्हारा प्रथम पुरस्कार पाना तुम्हारे शहर के लोगों के लिए गर्व की बात होगी। विज्ञान की कृतियों में तुम्हारी यह लगन एक-न-एक दिन तुम्हें प्रांत स्तर पर अवश्य सफलता दिलाएगी। हमारी शुभकामनाएँ सदा तुम्हारे साथ हैं।

तुम्हारा,
कमल

श्री. विजय पाठक
४५, कृष्णा विला,
महात्मा गांधी रोड,
औरंगाबाद, पिन कोड नं. 431 007
Kamal@abc.com

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 7 महिला आश्रम Additional Important Questions and Answers

गद्यांश क्र. 1
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए :

कृति 1 : (आकलन)

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए :
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 2
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 4

कृति 2 : (आकलन)

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए :
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 5
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 6

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

प्रश्न 2.
उत्तर लिखिए :
(i) गरीब स्त्री की सिफारिश कर आश्रम में दाखिल कराने वाली स्त्री का खर्च ये देंगे –
(ii) आश्रम में स्वावलंबन की मात्रा –
(iii) आश्रम में ये सिखाए जाएँगे –
(iv) आश्रम यह संस्था नहीं होगी –
उत्तर:
(i) गरीब स्त्री की सिफारिश कर आश्रम में दाखिल कराने वाली स्त्री का खर्च ये देंगे – सिफारिश करने वाले लोग।
(ii) आश्रम में स्वावलंबन की मात्रा – यथासंभव।
(iii) आश्रम में ये सिखाए जाएँगे – उपयोगी उद्योग।
(iv) आश्रम यह संस्था नहीं होगी – शिक्षा संस्था।

कृति 3 : (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के समानार्थी शब्द लिखिए :
(i) अखबार = ……………………..
(ii) व्यवस्था = ……………………..
(iii) बेखटक = ……………………..
(iv) बोझ = ……………………..
उत्तर:
(i) अखबार = समाचारपत्र
(ii) व्यवस्था = इंतजाम
(iii) बेखटक = अर्शक
(iv) बोझ = भार।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों के विलोम शब्द लिखिए :
(i) पुरुष x ………………………………
(ii) गरीब x ………………………………
(iii) स्वतंत्र x ………………………………
(iv) मान्य x ………………………………
उत्तर:
(i) पुरुष x स्त्री
(i) गरीब x अमीर
(iii) स्वतंत्र x परतंत्र
(iv) मान्य x अमान्य।

कृति 4 : (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
आश्रमों की आवश्यकता’ विषय पर अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
हमारे देश में आश्रमों की कल्पना बहुत प्राचीन काल से चली आ रही है। राजा-महाराजा बूढ़े हो जाने पर राज-पाट छोड़कर वानप्रस्थ आश्रम अपना लेते थे और अपना शेष जीवन जंगलों में कुटी बनाकर सामान्य मनुष्य की तरह बिताया करते थे। पर आज वैसा समय नहीं रहा और राजा-महाराजा भी नहीं रहे। अब समाज में नई तरह की समस्याएँ खड़ी हुई हैं। संयुक्त परिवार टूट रहे हैं। पति-पत्नी में संबंधविच्छेद हो रहे हैं। इसका प्रभाव बच्चों पर पड़ रहा है। ऐसे में बच्चे घर से भागते हैं।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

वृद्ध माता-पिता बेटे-बहू के लिए भार लगने लगते हैं। इन सब समस्याओं ने आधुनिक ढंग के आश्रमों को जन्म दिया है। इसके परिणामस्वरूप आज देश में वृद्धाश्रम, महिला आश्रम तथा बाल-आश्रम (बाल सुधारगृह) जैसे आश्रमों का निर्माण किया जा रहा है। इन आश्रमों में तिरस्कृत, उपेक्षित और परित्यक्त बच्चों, महिलाओं और वृद्धों को सहारा मिलता है। इन आश्रमों में इन्हें अपना सुरक्षित जीवन जीने का अवसर मिलता है। आश्रम आज के समय की आवश्यकता हैं।

गद्यांश क्र. 2
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए :

कृति 1 : (आकलन)

आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 7
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 8
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 9

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

कृति 2 : (आकलन)

प्रश्न 1.
उत्तर लिखिए :
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 11
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 13

कृति 3 : (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के वचन बदलकर लिखिए :
(i) बहनें – …………………………………
(ii) संस्था – …………………………………
(iii) मैं – …………………………………
(iv) पंखुड़ी – …………………………………
उत्तर:
(i) बहनें – बहन
(ii) संस्था – संस्थाएँ
(iii) मैं – हम
(iv) पंखुड़ी – पंखुड़ियाँ।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों के लिंग पहचानकर लिखिए :
(i) संगीत – …………………………………
(ii) समाज – …………………………………
(iii) कली – …………………………………
(iv) पंखुड़ी – …………………………………
उत्तर:
(i) संगीत – पुल्लिग
(ii) समाज – पुल्लिंग
(iii) कली – स्त्रीलिंग
(iv) पंखुड़ी – स्त्रीलिंग।

कृति 4 : (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘आश्रमों की व्यवस्था’ के बारे में अपना विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
हमारे देश में तरह-तरह के अनेक आश्रम हैं। इन आश्रमों का संचालन कुछ धर्मादा संस्थानों और सरकारी एजेंसियों द्वारा किया जाता है। इन आश्रमों की व्यवस्था संस्थानों अथवा सरकारी एजेंसियों द्वारा नियुक्त व्यक्तियों द्वारा की जाती है। कभी-कभी इन व्यक्तियों द्वारा अनुशासन अथवा अन्य किसी बात को लेकर आश्रमवासियों पर ज्यादती अथवा अत्याचार करने की खबरें भी आती रहती हैं।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

अच्छा यह हो कि आश्रमों की व्यवस्था का काम आश्रमों में अपना जीवन बिताने वाले कुशल व्यक्तियों में से किसी व्यक्ति को सौंपा जाए अथवा बारी-बारी से निश्चित समय के लिए आश्रमवासियों में से कुशल व्यक्तियों को यह काम दिया जाए। इससे आश्रम में रहने वाले लोगों को व्यवस्था का कार्य सीखने का मौका मिलेगा और आश्रम में अत्याचार अथवा भ्रष्टाचार की समस्या पर भी अंकुश लगेगा। आश्रमों की समस्याओं से आश्रमवासियों से अधिक कौन परिचित हो सकता है? आश्रमवासियों के हाथ में आश्रम की व्यवस्था का काम देने से आश्रम की समस्याएँ आसानी से सुलझ सकती हैं।

गद्यांश क्र.3
प्रश्न. निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए :

कृति 1 : (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए :
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 14
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 15

प्रश्न 2.
उत्तर लिखिए :
(i) पूज्य बापू जी क्या चाहते हैं?
(ii) परिच्छेद में आए दो धर्मों के नाम।
उत्तर:
(i) हिंदू-मुस्लिम एकता के लिए उर्दू भाषा सीखना आवश्यक है।
(ii) (अ) हिंदू
(ब) मुस्लिम।

कृति 2 : (आकलन)

प्रश्न 1.
दो ऐसे प्रश्न बनाकर लिखिए, जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द हों :
(i) एक-दो महीने
(ii) गुलाब।
उत्तर:
(i) जिनिया का पौधा कितने दिन फूल देने के बाद सूख गया?
(ii) अब कौन-सा फूल खिलने लगा है?

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

प्रश्न 2.
एक/दो शब्दों में उत्तर लिखिए :
(i) काका जी द्वारा सरोज को भेजा हुआ संदेश ………..
(ii) तबीयत से कमजोर
(iii) तारों के नक्शे बनाने के लिए उपयोगी ………..
(iv) काका जी ने इन्हें अपने पास से निकाल दिया
उत्तर:
(i) उर्दू लिखना सीखो
(ii) सरोज
(iii) कंपास बॉक्स
(iv) फूल के गमले।

प्रश्न 3.
संजाल पूर्ण कीजिए : (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 16
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम 17

प्रश्न 4.
उत्तर लिखिए :
(i) काका जी ने सरोज को इन तारीखों में पत्र लिखे – ……….
(ii) सरोज की तबीयत कमजोर होने तक काका जी को ये पत्र लिखेंगी – ………….
(iii) काका जी को सरोज का पत्र इस दिन मिला था –
(iv) इस फूल की आँखें उत्कटता से बोलती लगती थीं –
उत्तर:
(i) काका जी ने सरोज को इन तारीखों में पत्र लिखे – 1,9,15, 21.
(ii) सरोज की तबीयत कमजोर होने तक काका जी को ये पत्र लिखेंगी – चिरंजीव रैहाना।
(iii) काका जी को सरोज का पत्र इस दिन मिला था – गुरुवार, 21 दिसंबर 1944.
(iv) इस फूल की आँखें उत्कटता से बोलती लगती थीं – जिनिया।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

प्रश्न 5.
निम्नलिखित कथन पढ़कर सत्य अथवा असत्य पहचानकर लिखिए : (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
(i) पत्र रैहाना को लिखा गया है –
(ii) सरोज की तबीयत कमजोर है –
(iii) काका साहब ने अपने फूल के गमले अपने पास से निकाल दिए हैं –
(iv) काका साहब ने सरोज को पत्र लिखा है –
उत्तर:
(i) असत्य
(ii) सत्य
(iii) सत्य
(iv) सत्य।

कृति 3 : (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
उपसर्ग जोड़कर नए शब्द बनाइए :
(i) गति
(i) शासन
(ii) जय
(iv) दिन।
उत्तर:
(i) प्र + गति = प्रगति
(i) अनु + शासन = अनुशासन
(iii) परा + जय = पराजय
(iv) दुर् + दिन = दुर्दिन।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों में प्रत्यय लगाकर नए शब्द बनाइए :
(i) नौकर
(ii) चतुर
(iii) सुंदर
(iv) महान।
उत्तर:
(i) नौकर + ई = नौकरी
(ii) चतुर + आई = चतुराई
(iii) सुंदर + ता = सुंदरता
(iv) महान + ता = महानता।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

प्रश्न 3.
गद्यांश में प्रयुक्त दो विदेशी शब्द ढूँढकर लिखिए।
(i) ………………………………
(ii) ………………………………
उत्तर:
(i) क्रोटन
(ii) तारीख

प्रश्न 4.
शब्द-समूह के लिए एक शब्द लिखिए : (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
(i) सात दिनों का समूह ………………………………
(ii) 28, 29, 30, 31 दिनों का समूह ………………………………
उत्तर:
(i) सात दिनों का समूह-सप्ताह।
(ii) 28, 29, 30, 31 दिनों का समूह-महीना। 3

प्रश्न 5.
निम्नलिखित शब्दों के पर्यायवाची शब्द लिखिए : (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
(1) पत्र = ………………………………
(ii) तारीख = ………………………………
उत्तर:
(i) पत्र = चिट्ठी, खत।
(ii) तारीख = दिनांक, तिथि।

कृति 4 : (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न 1.
अपनी भावनाएँ प्रभावी ढंग से पहुँचने का सशक्त माध्यम पत्र हैं’ इस विषय पर अपने विचार 25 से 30 शब्दों में लिखिए। (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
उत्तर:
मनुष्य अपनी भावनाओं को विभिन्न माध्यमों के द्वारा दूसरों तक पहुँचाता है। पत्र मनुष्य की भावनाओं को लिखित रूप में 3 किसी व्यक्ति तक पहुँचाने का सशक्त माध्यम है। हालाँकि टेलीफोन और मोबाइल फोन लोगों की भावनाओं को शीघ्र दूसरों तक पहुँचाने के साधन बन गए हैं। पर पत्रों की उपयोगिता आज भी पहले जैसी ही बरकरार है। इन्हें लोग बार-बार पढ़ते और सँजोकर भी रखते हैं। पत्र बहुत कीमती होते हैं। समय बीत जाने पर कुछ पत्र इतिहास की घटनाएँ बन जाते हैं। जिन्हें अन्य लोग भी पढ़ना चाहते हैं। जवाहरलाल नेहरू ३ द्वारा अपनी पुत्री इंदिरा को लिखे हुए पत्र ‘पिता के पत्र पुत्री के नाम’ ३ से प्रसिद्ध हैं। इसी तरह अमेरिका के राष्ट्रपति अब्राहम लिंकन द्वारा अपने बेटे के शिक्षक को लिखा गया एक पत्र भी बहुत प्रसिद्ध है। इस १ तरह पत्र के माध्यम से अपनी भावनाओं को प्रभावी ढंग से एक-दूसरे 3 तक पहुँचाने के उपर्युक्त पत्र जीते-जागते प्रमाण हैं।

भाषा अध्ययन (व्याकरण)

प्रश्न. सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए :

1. शब्द भेद :

अधोरेखांकित शब्दों के शब्दभेद पहचानकर लिखिए :
(i) आगे चलकर संस्था की जमीन पर छोटे-छोटे मकान बनेंगे।
(ii) अब चिरंजीव रैहाना मुझे पत्र लिखेंगी।
उत्तर :
(i) छोटे-छोटे – गुणवाचक विशेषण।
(ii) रैहाना – व्यक्तिवाचक संज्ञा।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

2. अव्यय:

निम्नलिखित अव्ययों का अपने वाक्यों में प्रयोग कीजिए :
(i) यहाँ
(ii) कहीं।
उत्तर:
(i) इतना विश्वास न होता तो मैं यहाँ सूचित ही न करता।
(ii) आश्रम के लिए कहीं पैसे माँगने नहीं जाना है।

3. संधि :

कृति पूर्ण कीजिए :

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
उल्लेख  ……………………………  ……………………………
 अथवा
…………………………… अति + अधिक ……………………………

उत्तर:

संधि शब्द  संधि विच्छेद  संधि भेद
उल्लेख उत् + लेख व्यंजन संधि
 अथवा
अत्यधिक अति + अधिक स्वर संधि

4. सहायक क्रिया:

निम्नलिखित वाक्यों में से सहायक क्रियाएँ पहचानकर उनका मूल रूप लिखिए :
(i) तुम पूरा आराम लेकर पूरी तरह ठीक हो जाओ।
(ii) ऐसा कदम सोचकर लेना होगा।
उत्तर :
सहायक क्रिया – मूलरूप
(i) जाओ – जाना
(ii) होगा – होना।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

5. प्रेरणार्थक क्रिया :

निम्नलिखित क्रियाओं के प्रथम प्रेरणार्थक और द्वितीय प्रेरणार्थक रूप लिखिए :
(i) लिखना
(ii) मिलना।
उत्तर:
क्रिया – प्रथम प्रेरणार्थक रूप – द्वितीय प्रेरणार्थक रूप
(i) लिखना – लिखाना – लिखवाना
(ii) मिलना – मिलाना – मिलवाना

6. मुहावरे :

प्रश्न 1.
निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए :
(i) सन्न रह जाना
(ii) भार वहन करना।
उत्तर :
(i) सन्न रह जाना।
अर्थ : भौचक रह जाना।
वाक्य : नरेश की लांछन लगाने वाली बातें सुनकर मोहन सन्न रह गया।

(i) भार वहन करना।
अर्थ : किसी चीज का भार उठाना।
वाक्य : जनता को सरकारी कर का भार वहन करना ही पड़ता है।

प्रश्न 2.
अधोरेखांकित वाक्यांशों के लिए कोष्ठक में दिए गए उचित मुहावरे का चयन करके वाक्य फिर से लिखिए : (पर्दाफाश करना, खानापूर्ति करना, सिर माथे लेना)
(i) चोर के एक साथी ने पुलिस अधिकारी के सामने मोटर साइकिल चुराने वाले दल का भेद खोल दिया।
(ii) मुंशी जी सेठ जी का आदेश सदा आदर सहित मानते हैं।
उत्तर :
(i) चोर के एक साथी ने पुलिस अधिकारी के सामने मोटर साइकिल चुराने वाले दल का पर्दाफाश कर दिया।
(ii) मुंशी जी सेठ जी का आदेश सदा सिर माथे लेते हैं।

7. कारक:

निम्नलिखित वाक्यों में प्रयुक्त कारक पहचानकर उसका भेद लिखिए :
(i) बहन महिलाओं को संगीत की शिक्षा दें।
(ii) आश्रम का विज्ञापन अखबार में नहीं दिया जाए।
उत्तर :
(i) महिलाओं को – कर्म कारक।
(ii) अखबार में – अधिकरण कारक।

8. विरामचिह्न :

निम्नलिखित वाक्यों में यथास्थान उचित विरामचिह्नों का प्रयोग करके वाक्य फिर से लिखिए :
(i) संस्था की जमीन पर छोटे छोटे मकान बनाए जाएँगे
(ii) फूलों में गुलदाउदी क्रिजेन्थीमम फूल बहार में हैं
उत्तर :
(i) संस्था की जमीन पर छोटे-छोटे मकान बनाए जाएंगे।
(ii) फूलों में गुलदाउदी, क्रिजेन्थीमम फूल बहार में हैं

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

9. काल परिवर्तन :

निम्नलिखित वाक्यों का सूचना के अनुसार काल परिवर्तन कीजिए :
(i) आश्रम शिक्षा संस्था नहीं होगी। (सामान्य वर्तमानकाल)
(ii) संस्था अपने आप चलेगी। (अपूर्ण वर्तमानकाल)
उत्तर :
(i) आश्रम शिक्षा संस्था नहीं होती है।
(ii) संस्था अपने आप चल रही है।

10. वाक्य भेद :

प्रश्न 1.
निम्नलिखित वाक्यों का रचना के आधार पर भेद पहचानकर लिखिए :
(i) आश्रम किसी एक धर्म से चिपका नहीं होगा।
(ii) यहाँ परेशान महिलाएं बेखटके अपने खर्च से रह सकें और अपने जीवन का सदुपयोग पवित्र सेवा में कर सकें।
(iii) वह यदि गरीब है, तो उसकी सिफारिश करने वाले लोगों को खर्च की पक्की व्यवस्था करनी चाहिए।
उत्तर :
(i) सरल वाक्य
(ii) संयुक्त वाक्य
(iii) मिश्र वाक्य।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित वाक्यों का अर्थ के आधार पर दी गई सूचना के अनुसार वाक्य परिवर्तन कीजिए :
(i) तुम्हें अपना खयाल रखना चाहिए। (आज्ञावाचक वाक्य)
(ii) यहाँ सरदी अच्छी है। (प्रश्नवाचक वाक्य)
उत्तर :
(i) तुम अपना खयाल रखो!
(ii) क्या यहाँ सरदी अच्छी है?

11. वाक्य शुद्धिकरण :

निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए :
(i) उनके ऊपर अइसा बोज नहीं आएगा, जिससे कि उन्हें परेशानी हो।
(ii) सभी धरम आश्रम को मान होंगे।
उत्तर :
(i) उनके ऊपर ऐसा बोझ नहीं आएगा, जिससे कि उन्हें परेशानी हो।
(ii) सभी धर्म आश्रम को मान्य होंगे।

उपक्रम/कृति/परियोजना

श्रवणीय
मानवतावाद पर विचार सुनिए।

पठनीय
अंतरिक्ष विज्ञान में ख्याति प्राप्त दो महिलाओं की जानकारी पदिए।

संभाषणीय
‘अनुशासन स्वयं विकास का प्रथम चरण है’, कथन पर चर्चा कीजिए।

उपयोजित लेखन

प्रश्न 1.
लेखनीय : किसी सामाजिक संस्था की जानकारी लिखिए।
उत्तर :
स्वयंसेवी संस्था ‘मासूम’ रात्रिकालीन पाठशालाओं में विद्यार्थियों तथा अध्यापकों की हर प्रकार की मदद देने के प्रति समर्पित एक स्वयंसेवी संस्था है-‘मासूम’। इस संस्था की स्थापना की है निकिता केतकर ने।

Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 7 महिला आश्रम

यह संस्था रात्रिकालीन पाठशालाओं में पढ़ने वाले सभी विद्यार्थियों को प्रतिदिन नाश्ता प्रदान करने के साथ-साथ उन्हें मुफ्त पाठ्यपुस्तकें, सहायक पुस्तकें, कापियाँ, कंपास बॉक्स तथा अन्य सामग्री प्रदान करती है। इसके अलावा मोबाइल-प्रयोगशाला तथा प्रयोग करने की विभिन्न सामग्री भी मुहैया कराती है। संस्था रात्रिकालीन पाठशालाओं के विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई के लिए स्कॉलरशिप देती है।

विद्यार्थियों की सुविधा के लिए यह संस्था स्पेशल क्लास और कैरिअर गाइडेन्स की व्यवस्था करती है। इसके अलावा यह रात्रिकालीन पाठशालाओं के मुख्याध्यापकों तथा शिक्षकों की ट्रेनिंग की भी व्यवस्था करती है। मुंबई की 70 रात्रिकालीन पाठशालाओं को ये सारी सुविधाएँ मुफ्त प्रदान की जाती हैं।

महिला आश्रम Summary in Hindi

विषय-प्रवेश : प्रसिद्ध गांधीवादी काका कालेलकर की गणना उच्च कोटि के निबंधकारों में की जाती है। प्रस्तुत रचना पत्र के रूप में लिखी गई है। प्रस्तुत पत्रों में लेखक ने आदर्श महिला आश्रम की स्थापना, उसकी व्यवस्था, उसके नियम तथा अनुशासन आदि के बारे में विस्तार से लिखा है।

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions दूसरी इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Lokbharti Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Lokbharti Chapter 6 गिरिधर नागर Notes, Textbook Exercise Important Questions and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Lokbharti Chapter 6 गिरिधर नागर

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 6 गिरिधर नागर Textbook Questions and Answers

कृति

(कृतिपत्रिका के प्रश्न 2 (अ) तथा प्रश्न 2 (आ) के लिए)
सूचनानुसार कृतियाँ कीजिए:

प्रश्न 1.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 1
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 16

प्रश्न 2.
प्रवाह तालिका पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 2
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 8

Maharashtra Board Solutions

प्रश्न 3.
इस अर्थ में आए शब्द लिखिए:

 अर्थ शब्द
i.  दासी ………….
ii.  साजन ………….
iii.  बार-बार ………….
iv.  आकाश ………….

उत्तर:

 अर्थ शब्द
i.  दासी चेरी
ii.  साजन पति
iii.  बार-बार बेर-बेर
iv.  आकाश अंबर

प्रश्न 4.
कन्हैया के नाम
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 3
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 5

प्रश्न 5.
दूसरे पद का सरल अर्थ लिखिए।
उत्तर:
(i) निकट – ढिग
(ii) साजन – पति।

उपयोजित लेखन

निम्नलिखित शब्दों के आधार पर कहानी लेखन कीजिए तथा उचित शीर्षक दीजिए:
अलमारी, गिलहरी, चावल के पापड़, छोटा बच्चा
उत्तर:
जीव दया
एक गाँव में एक छोटा बच्चा रहता था। उसका नाम चिंटू था। एक दिन चिंटू अपने घर के बाहर खेल रहा था। उसने देखा कि सामने एक पेड़ के नीचे दो-तीन कौए किसी चीज पर चोंच मार रहे हैं और वहाँ से हल्की-हल्की चर्ची-चीं की आवाज आ रही है। चिंटू दौड़कर वहाँ पहुँचा और उसने उन कौओं को वहाँ से उड़ाया। उसने देखा कि एक छोटी-सी गिलहरी वहाँ ची-चीं कर रही थी। उसका शरीर कौओं की चोंच से घायल हो गया था। चिंटू ने अपनी जेब से रूमाल निकाला और डरे बिना धीरे से गिलहरी को उठा लिया। उसने घर के अंदर लाकर उसे पानी पिलाया, उसके घावों को साफ करके उन पर सोफामाइसिन लगाई और उसे मेज पर बैठा दिया।

गिलहरी कुछ देर बाद धीरे-धीरे मेज पर घूमने लगी। मेज पर एक प्लेट में चावल के पापड़ रखे थे। गिलहरी ने एक पापड़ उठाया और अपने अगले दोनों पंजों में पकड़कर धीरे-धीरे उसे खाने लगी। चिंटू को बहुत अच्छा लगा। उसने माँ से पूछा कि जब तक गिलहरी बिलकुल ठीक नहीं हो जाती क्या मैं उसे अपने पास रख सकता हूँ। अभी अगर वह बाहर जाएगी तो कौए उसे अपना आहार बना लेंगे। माँ को चिंटू की ऐसी सोच पर गर्व हुआ और उन्होंने खुशी-खुशी उसकी बात मान ली। चिंटू ने अपनी किताबों की खुली आलमारी के एक खाने में एक तौलिया बिछाकर गिलहरी को बैठा दिया। उसके पास चावल के कुछ पापड़ तथा अमरूद के कुछ टुकड़े रख दिए। तीन-चार दिन बाद जब गिलहरी अच्छी तरह दौड़ने लगी तो चिंटू ने उसे बाहर पेड़ पर छोड़ दिया।

सीख: हमें पशु-पक्षियों के प्रति दया भाव रखना चाहिए।

Maharashtra Board Solutions

अपठित पद्यांश

सूचना के अनुसार कृतियाँ कीजिए:-

काम जरा लेकर देखो, सख्त बात से नहीं स्नेह से
अपने अंतर का नेह अरे, तुम उसे जरा देकर देखो।
कितने भी गहरे रहें गर्त, हर जगह प्यार जा सकता है,
कितना भी भ्रष्ट जमाना हो, हर समय प्यार भा सकता है।
जो गिरे हुए को उठा सके, इससे प्यारा कुछ जतन नहीं,
दे प्यार उठा पाए न जिसे, इतना गहरा कुछ पतन नहीं ।।

– (भवानी प्रसाद मिश्र)

प्रश्न 1.
उत्तर लिखिए:
a. किसी से काम करवाने के लिए उपयुक्त – ………….
b. हर समय अच्छी लगने वाली बात – ………….
उत्तर:

प्रश्न 2.
उत्तर लिखिए:
a. अच्छा प्रयत्न यही है – ………….
b. यही अधोगति है – ………….
उत्तर:

प्रश्न 3.
पद्यांश की तीसरी और चौथी पंक्ति का संदेश लिखिए।
उत्तर:

भाषा बिंदु

कोष्ठक में दिए गए प्रत्येक/कारक चिह्न से अलग-अलग वाक्य बनाइए और उनके कारक लिखिए:
[ने, को, से, का, की, के, में, पर, हे, अरे, के लिए]
………………………………………………………..
………………………………………………………..
………………………………………………………..
………………………………………………………..
………………………………………………………..
उत्तर:
(1) ने – ऋतु ने खाना बनाया।
(2) को – विपिन ने प्रगति को खाना खिलाया।
(3) से – हिमानी साइकिल से ऑफिस जाती है।
(4) का – शुभम हर्षित का भाई है।
(5) की – पूर्वी आयुष की बहन है।
(6) के – नीरज के तीन चाचा हैं।
(7) में – नीनू घर में है।
(8) पर – पेड़ पर बंदर कूद रहे हैं।
(9) हे – हे भगवान, कितना शोर है यहाँ।
(10) अरे – अरे! सलिल तुम कहाँ हो?
(11) के लिए – अंशु वारिजा के लिए फ्रॉक लाई।

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर Additional Important Questions and Answers

Maharashtra Board Solutions

पद्यांश क्र. 1

प्रश्न.
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i)
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 2
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 6

(ii) a. श्रीकृष्ण के सिर पर है
b. मीरा इन्हें अपना पति मानती हैं –
उत्तर:
a. श्रीकृष्ण के सिर पर है – मोर मुकट
b. मीरा इन्हें अपना पति मानती हैं – गिरधर गोपाल

प्रश्न 2.
संजाल पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 3
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 7

Maharashtra Board Solutions

प्रश्न 3.
उचित जोड़ियाँ मिलाइए:

 आ
आँसुओं के जल से
कुल की मर्यादा
प्रेम बेल
संत संगति के कारण
छोड़ दी
आनंद फल
लोक लाज खोई
प्रेम की बेल सींची
प्रेम से बिलोई।

उत्तर:

आँसुओं के जल से
कुल की मर्यादा
प्रेम बेल
संत संगति के कारण
प्रेम की बेल सींचा।
छोड़ दी।
आनंद फल।
लोक लाज खोई।

कृति 2: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों को शुद्ध रूप में लिखिए:
(i) भगत – …………………….
(ii) माखन – …………………….
(iii) आणंद – …………………….
(iv) जाके – …………………….
उत्तर:
(i) भगत – भक्त
(ii) माखन – मक्खन
(iii) आणंद – आनंद
(iv) जाके – जिसके।

प्रश्न 2.
निम्नालाखत शब्दा क समानाथा शब्दालाखए:
(i) मोर = …………………….
(ii) जगत = …………………….
(iii) दूध = …………………….
(iv) प्रेम = …………………….
उत्तर:
(i) मोर = मयूर
(ii) जगत = संसार
(iii) दूध = दुग्ध
(iv) प्रेम = प्यार।

प्रश्न 3.
निम्नलिखित अर्थवाले शब्द पद्यांश से चुनकर लिखिए:
(i) उद्घार करो – …………………….
(ii) मुझे – …………………….
उत्तर:
(i) उद्घार करो – तारो
(ii) मुझे – मोही।

Maharashtra Board Solutions

कृति 3: (सरल अर्थ)

प्रश्न.
उपर्युक्त पद्यांश की अंतिम चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
मैंने दूध जमाने के पात्र में जमे दही को मथानी से बड़े प्रेम से बिलोया और उसमें से कृष्ण-प्रेम रूपी मक्खन को निकाल लिया। शेष छाछ रूपी निस्सार जगत को छोड़ दिया। कृष्ण-भक्तों को देखकर मैं प्रसन्न होती हूँ, परंतु संसार का व्यवहार देख मुझे दुख होता है और मैं रो पड़ती हूँ। हे गिरधरलाल, मीरा तो आपकी दासी है, उसे इस संसार रूप भव-सागर से पार लगाओ।

पद्यांश क्र. 2

प्रश्न.
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
आकृति पूर्ण कीजिए:

(i) ये मीरा के प्रतिपालक हैं
(ii) कृष्ण के बिना इनको कहीं आश्रय नहीं है –
(iii) मीरा को प्रभु से मिलने की तीव्र यह है –
(iv) मीरा की यह संसार सागर में डूबने वाली है
उत्तर:
(i) ये मीरा के प्रतिपालक हैं – कृष्ण
(ii) कृष्ण के बिना इनको कहीं आश्रय नहीं है – मीरा
(iii) मीरा को प्रभु से मिलने की तीव्र यह है – लालसा
(iv) मीरा की यह संसार सागर में डूबने वाली है – नौका

प्रश्न 2.
पद्यांश में आए इस अर्थ के शब्द लिखिए:

(i) दासी
(ii) आश्रय
(iii) बार-बार
(iv) नौका।
उत्तर:
(i) दासी – चेरी
(ii) आश्रय – गती
(iii) बार-बार – बेर-बेर
(iv) नौका – बेरी।

प्रश्न 3.
विधानों के सामने सत्य / असत्य लिखिए:

(i) हरि बिना मीरा को कहीं आश्रय नहीं है।
(ii) कृष्ण मीरा के पति हैं और वे उनकी पत्नी।
(iii) मीरा बार-बार प्रभु की आरती करती हैं।
(iv) मीरा की जीवन नौका संसार सागर में डूबने वाली है।
उत्तर:
(i) सत्य
(i) असत्य
(iii) असत्य
(iv) सत्य।

प्रश्न 4.
आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 9
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 10

Maharashtra Board Solutions

कृति 2: (शब्द संपदा)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित शब्दों के अर्थ लिखिए:

(i) कूण – …………………..
(ii) रावरी – …………………..
(iii) बेरी – …………………..
(iv) नेरी – …………………..
उत्तर:
(i) कूण – कहाँ
(ii) रावरी – आपकी
(iii) बेरी – बेड़ा
(iv) नेरी – पास, निकट।

प्रश्न 2.
निम्नलिखित शब्दों के लिंग पहचान कर लिखिए:
(i) पखावज …………………..
(ii) पिचकारी …………………..
(iii) गुलाल …………………..
(iv) चरण …………………..
उत्तर:
(i) पखावज – स्त्रीलिंग
(ii) पिचकारी – स्त्रीलिंग
(iii) गुलाल – पुल्लिंग
(iv) चरण – पुल्लिंग।

कृति 3: (सरल अर्थ)

प्रश्न.
उपयुक्त पद्यांश की ‘हरि बिन कूण आरति है तेरी।।’ पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
हे हरि, आपके बिना मेरा कौन है? अर्थात आपके सिवा मेरा कोई ठिकाना नहीं है। आप ही मेरा पालन करने वाले हैं और मैं आपकी दासी हूँ। मैं रात-दिन, हर समय आपका ही नाम जपती रहती हूँ। में बार-बार आपको पुकारती हूँ, क्योंकि मुझे आपके दर्शनों की तीव्र लालसा है।

पद्यांश क्र. 3

कृति 1: (आकलन)

प्रश्न 1.
पद्यांश में आए इस अर्थ के शब्द लिखिए:
बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका

(i) कमल
(ii) आकाश
(iii) श्रेष्ठ
(iv) संतोष।
उत्तर:
(i) कमल – कँवल
(ii) आकाश – अंबर
(iii) श्रेष्ठ – छतीयूँ
(iv) संतोष – संतोख।

Maharashtra Board Solutions

प्रश्न 2.
जोड़ियाँ बनाइए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 11
उत्तर:
(i) सुर – राग
(ii) करताल – झनकार
(iii) घट – पट
(iv) प्रेम – पिचकार।

प्रश्न 3.
आकृति पूर्ण कीजिए:
(i) आकाश लाल हो गया है इससे –
(ii) गिरिधर नागर हैं मीरा के ये –
उत्तर:
(i) आकाश लाल हो गया है इससे – गुलाल से।
(ii) गिरिधर नागर हैं मीरा के ये – प्रभु।

प्रश्न 4.
उत्तर लिखिए: (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 12
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 14
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 6 गिरिधर नागर 15

कृति 2: (शब्द संपदा) (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)

पद्यांश से ढूँढ़कर लिखिए:
ऐसे दो शब्द जिनका वचन परिवर्तन से रूप नहीं बदलता –
(i) ……………………..
(ii) ……………………..
उत्तर:
(i) दिन
(ii) चरण।

Maharashtra Board Solutions

कृति 3: (सरल अर्थ)

प्रश्न.
उपर्युक्त पद्यांश की प्रथम चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए। (बोर्ड की नमूना कृतिपत्रिका)
उत्तर:
हे मेरे मन, फागुन मास में होली खेलने का समय अति अल्प होता है। अतः तू जी भरकर होली खेल। अर्थात मानव जीनव अस्थायी है, इसलिए भगवान कृष्ण से पूर्ण रूप से प्रेम कर ले। जिस प्रकार होली के उत्सव में नाच आदि का आयोजन होता है, उसी प्रकार कृष्ण-प्रेम में मुझे ऐसा प्रतीत होता है मानो करताल, पखावज आदि बाजे बज रहे हैं और अनहद नाद का स्वर सुनाई दे रहा है, जिससे मेरा हृदय बिना स्वर और राग के अनेक रागों का आलाप करता रहता है। मेरा रोम-रोम भगवान कृष्ण के प्रेम के रंग में डूबा रहता है। मैंने अपने प्रिय से होली खेलने के लिए शील और संतोष रूपी केसर का रंग घोला है। मेरा प्रिय-प्रेम ही होली खेलने की पिचकारी है।

भाषा अध्ययन (व्याकरण)

प्रश्न.
सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

1. शब्द भेद:
अधोरेखांकित शब्दों का शब्दभेद पहचानकर लिखिए:
(i) बाहर कोई नहीं है।
(ii) माँ को हंसी आ गई।
(iii) चतुर वैद्य विष से भी दवा का काम ले सकता है।
उत्तर:
(i) कोई – अनिश्चयवाचक सर्वनाम।
(ii) हँसी – भाववाचक संज्ञा।
(iii) चतुर – गुणवाचक विशेषण।

2. अव्यय:
निम्नलिखित अव्ययों का अपने वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
(i) भी
(ii) इसलिए।
उत्तर:
(i) भी – हमारी बेटी गाय से भी अधिक सीधी है।
(ii) इसलिए – नीरज बीमार था, इसलिए दफ्तर नहीं गया।

3. संधि:
कृति पूर्ण कीजिए:
संधि शब्द – संधि विच्छेद – संधि भेद
…………. – उत् + लेख। – ……………
अथवा
तपोबल – …………… – ……………
उत्तर:
संधि शब्द – संधि विच्छेद – संधि भेद
उल्लेख – उत् + लेख – व्यंजन संधि
अथवा
तपोबल – तपः + बल – विसर्ग संधि

4. सहायक क्रिया:
निम्नलिखित वाक्यों में से सहायक क्रियाएँ पहचानकर उनका मूल रूप लिखिए:
(i) यह कुरसी दीवार की तरफ खिसका दो।
(ii) हम समय पर स्टेशन पहुंच गए।
उत्तर:
सहायक क्रिया – मूल रूप
(i) दो – देना
(ii) गए – जाना

Maharashtra Board Solutions

5. प्रेरणार्थक क्रिया:
निम्नलिखित क्रियाओं के प्रथम प्रेरणार्थक और द्वितीय प्रेरणार्थक रूप लिखिए:
(i) पढ़ना
(ii) जीतना
(ii) करना।
उत्तर:
क्रिया – प्रथम प्रेरणार्थक रूप – द्वितीय प्रेरणार्थक रूप
(i) पढ़ना – पढ़ाना – पढ़वाना
(ii) जीतना – जिताना – जितवाना
(iii) करना – कराना – करवाना

6. मुहावरे:
(1) निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए:
(i) चैन न मिल पाना
(ii) झेंप जाना।
उत्तर:
(i) चैन न मिल पाना।

अर्थ: बेचैनी अनुभव करना। वाक्य: मालिक की कड़ी बातें सुनकर मुनीम को चैन न मिल पाया।

(ii) झेंप जाना।
अर्थ: लज्जित होना, शरमाना। वाक्य: नकल करने पर मित्र की फटकार सुनकर अभिनव झेंप गया।

(2) अधोरेखांकित वाक्यांशों के लिए कोष्ठक में दिए गए उचित मुहावरे का चयन करके वाक्य फिर से लिखिए:
(नाक-भौं सिकोड़ना, गुदगुदा देना, सिर झुका देना)
(i) अप्रिय बात सुनकर सभी तिरस्कार प्रकट करेंगे।
(ii) जीवन में आनंददायी क्षण बहुत कम होते हैं।
उत्तर:
(i) अप्रिय बात सुनकर सभी नाक-भौं सिकोड़ेंगे।
(ii) जीवन में गुदगुदाने वाले क्षण बहुत कम होते हैं।

7. विरामचिह्न:
निम्नलिखित वाक्यों में यथास्थान उचित विरामचिह्नों का प्रयोग करके वाक्य फिर से लिखिए:
(i) मैं कहाँ से पैसे , पहले तो दूध की बिक्री के पैसे मेरे पास जमा रहते थे
(ii) सहसा कानों में आवाज आई काकी उठो मैं पूड़ियाँ लाई हूँ
उत्तर:
(i) “मैं कहाँ से पैसे दूँ? पहले तो दूध की बिक्री के पैसे मेरे पास जमा रहते थे।”
(ii) सहसा कानों में आवाज आई – “काकी, उठो मैं पूड़ियाँ लाई हूँ।”

8. काल परिवर्तन:
निम्नलिखित वाक्यों का सूचना के अनुसार काल परिवर्तन कीजिए:
(i) विदा का क्षण आ गया। (सामान्य भविष्यकाल)
(ii) आप छत पर क्या करते हैं? (अपूर्ण भूतकाल)
(iii) मेरी गाड़ी तो बिक जाती है। (पूर्ण वर्तमानकाल)
उत्तर:
(i) विदा का क्षण आ जाएगा।
(ii) आप छत पर क्या कर रहे थे?
(iii) मेरी गाड़ी तो बिक गई है।

9. वाक्य भेद:
(1) निम्नलिखित वाक्यों का रचना के आधार पर भेद पहचान कर लिखिए:
(i) संसार का व्यवहार देखकर मुझे दुःख होता है और मैं रो पड़ती हूँ।
(ii) मीराबाई कहती हैं कि अब उन्हें लोकलाज का कोई डर नहीं हैं।
उत्तर:
(i) संयुक्त वाक्य
(ii) मिश्र वाक्य।

Maharashtra Board Solutions

(2) निम्नलिखित वाक्यों का अर्थ के आधार पर दी गई सूचना के अनुसार परिवर्तन कीजिए:
(i) संतो के साथ बैठकर मैंने लोकलाज त्याग दी है। (विस्मयादिबोधक वाक्य)
(ii) हे हरि, आप ही मेरा पालन करने वाले हैं। (आज्ञावाचक वाक्य)
उत्तर:
(i) हाय! संतों के साथ बैठकर मैंने लोकलाज त्याग दी है।
(ii) हे हरि, आप ही मेरा पालन करें।।

11. वाक्य शुद्धिकरण:
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके लिखिए:
(i) लेखक ने अभिनेता की घमंड तोड़ी।
(ii) हमने क्रिकेट की मैच देखी।
उत्तर:
(i) लेखक ने अभिनेता का घमंड तोड़ा।
(ii) हमने क्रिकेट का मैच देखा।

गिरिधर नागर Summary in Hindi

गिरिधर नागर कविता का सरल अर्थ

1. मेरे तो गिरधर गोपाल …………………………….. तारो अब मोही।।

गिरि को धारण करने वाले, गायों के पालक कृष्ण के सिवा मेरा और कोई नहीं है। जिनके मस्तक पर मोर का मुकुट शोभित है, वे ही मेरे पति हैं। उनके लिए मैंने कुल की मर्यादा छोड़ दी है। चाहे कोई मुझे कुछ भी कहे। संतों के साथ बैठ-बैठकर मैंने लोकलाज त्याग दी है। मैंने अपने प्रेम रूपी बेल को अपने अश्रु रूपी जल से सींच-सींचकर बड़ा किया है। अब तो यह प्रेम-बेल फैल गई है और इसमें आनंद रूपी फल लगने लगा है। मैंने दूध जमाने के पात्र में जमे दही को मथानी से बड़े प्रेम से बिलोया और उसमें से कृष्ण-प्रेम रूपी मक्खन को निकाल लिया। शेष छाछ रूपी निस्सार जगत को छोड़ दिया। कृष्ण-भक्तों को देखकर मैं प्रसन्न होती हूँ, परंतु संसार का व्यवहार देख मुझे दुख होता है और मैं रो पड़ती हूँ। हे गिरधरलाल, मीरा तो आपकी दासी है, उसे इस संसार रूपी भव-सागर से पार लगाओ।

2. हरि बिन कूण गती मेरी …………………………….. मैं सरण हूँ तेरी।।

हे हरि, आपके बिना मेरा कौन है? अर्थात आपके सिवा मेरा कोई ठिकाना नहीं है। आप ही मेरा पालन करने वाले हैं और मैं आपकी दासी हूँ। मैं रात-दिन, हर समय आपका ही नाम जपती रहती हूँ। मैं बार-बार आपको पुकारती हूँ, क्योंकि मुझे आपके दर्शनों की तीव्र लालसा है। यह संसार विभिन्न प्रकार के दोषों और विकारों से भरा हुआ सागर है, जिसके बीच में घिर गई हैं। इस संसार रूपी सागर में मेरी नाव टूट गई है। हे प्रभु, आप शीघ्र इस नाव का पाल बाँधिए, अन्यथा यह जीवन-नौका इस संसार-सागर में डूब जाएगी। हे प्रियतम, आपकी यह विरहिणी निरंतर आपकी बाट जोहती रहती है। आपके आगमन की प्रतीक्षा करती रहती है। आपकी यह दासी मीरा सदा आपके नाम का स्मरण करती रहती है और आपकी शरण में आई है।

3. फागुन के दिन चार …………………………….. चरण कँवल बलिहार रे।।

हे मेरे मन, फागुन मास में होली खेलने का समय अति अल्प होता है। अतः तू जी भरकर होली खेल। अर्थात मानव जीनव अस्थायी है, : इसलिए भगवान कृष्ण से पूर्ण रूप से प्रेम कर ले। जिस प्रकार होली के : उत्सव में नाच आदि का आयोजन होता है, उसी प्रकार कृष्ण-प्रेम में मुझे ऐसा प्रतीत होता है मानो करताल, पखावज आदि बाजे बज रहे हैं और अनहद नाद का स्वर सुनाई दे रहा है, जिससे मेरा हृदय बिना स्वर और राग के अनेक रागों का आलाप करता रहता है। मेरा रोम-रोम भगवान कृष्ण के प्रेम के रंग में डूबा रहता है। मैंने अपने प्रिय से होली खेलने के लिए शील और संतोष रूपी केसर का रंग घोला है। मेरा प्रिय-प्रेम ही होली खेलने की पिचकारी है। उड़ते हुए गुलाल से सारा आकाश लाल हो गया है। अब मुझे लोक-लज्जा का कोई डर नहीं है, इसलिए मैंने हृदय रूपी घर के दरवाजे खोल दिए हैं। अंत में मीरा कहती हैं कि मेरे स्वामी गोवर्धन पर्वत को धारण करने वाले कृष्ण भगवान हैं। मैंने उनके चरण-कमलों में अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया है।

गिरिधर नागर विषय-प्रवेश :

प्रस्तुत काव्य में रसिक शिरोमणि श्रीकृष्ण की अनन्य उपासिका मीराबाई अपना प्रेम प्रकट कर रही हैं। सभी पदों में | श्रीकृष्ण के प्रति मीराबाई के प्रेम, उनकी भक्ति, उत्सुकता, प्रिय-मिलन की आशा, प्रतीक्षा आदि का मार्मिक चित्रण है।

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Pdf Free Download पहली इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Lokbharti Solutions Chapter 4 मन

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Lokbharti Chapter 4 मन Notes, Textbook Exercise Important Questions and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Lokbharti Chapter 4 मन

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 4 मन Textbook Questions and Answers

कृति

सूचना के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

प्रश्न 1.
लिखिए:

हाइकु द्वारा मिलने वाला संदेश
करते जाओ पाने की मत सोचो जीवन सारा। भीतरी कुंठा नयनों के द्वार से आई बाहर।

उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 4 मन 5

प्रश्न 2.
कृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 4 मन 1
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 4 मन 3

प्रश्न 3.
उत्तर लिखिए:
a. मँझधार में डोले —-
b. छिपे हुए ——-
c. धुल गए ——-
d. अमर हुए ——-
उत्तर:
a. मँझधार में डोले – जीवन नैया।
b. छिपे हुए सितारे
c. घुल गए विषाद
d. अमर हुए गीतों के स्वर।

Maharashtra Board Solutions

प्रश्न 4.
निम्नलिखित काव्य पंक्तियों का केंद्रीय भाव स्पष्ट कीजिए:
a. चलतीं साथ पटरियाँ रेल की फिर भी मौन।
b. काँटों के बीच खिलखिलाता फूल देता प्रेरणा।
उत्तर:
a. रेल की पटरियाँ अनंत काल से साथ चल रही हैं, परंतु वे सदा मौन रहती हैं। एक-दूसरे से कभी बात नहीं करती।
b. गुलाब का फूल काँटों के बीच भी हँसता है, खिलखिलाता है। वह हमें हर पल प्रेरणा देता है कि हमें परेशानियों से घबराए बिना अपना काम करते जाना है।

उपयोजित लेखन

वक्तृत्व प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पाने के उपलक्ष्य में आपके मित्र/सहेली ने आपको बधाई पत्र भेजा है, उसे धन्यवाद देते हुए निम्न प्रारूप में पत्र लिखिए:
दिनांक: ……………………….
संबोधन: ……………………….
अभिवादन: ……………………….

प्रारंभ:
विषय विवेचन:
…………………………………………………………………………
…………………………………………………………………………
…………………………………………………………………………
…………………………………………………………………………
…………………………………………………………………………
…………………………………………………………………………

तुम्हारा/तुम्हारी,
……………………….
नाम: ……………………….
पता: ……………………….
ई-मेल आईडी: ……………………….
उत्तर:
दिनांक: 25/8/20
प्रिय अविनाश,
नमस्ते!
तुम्हारा पत्र अभी-अभी मिला। धन्यवाद।
अंतर विद्यालय वक्तृत्व प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पाने के लिए तुम्हारा बधाई-पत्र मिला। पत्र पाकर दिल गदगद हो गया। वास्तव में मेरी इस सफलता में तुम जैसे मित्रों का मुझे सदा उत्साह दिलाते रहने का बड़ा हाथ है। तुम तो जानते हो, मंच पर बोलने में मुझे कितनी झिझक होती थी।

पर तुम जैसे मित्रों और हमारे कक्षा अध्यापक के निरंतर प्रोत्साहन से आज मुझे अंतर विद्यालय वक्तृत्व प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त करने का अवसर मिला है। में इसके लिए तुम जैसे अपने सभी मित्रों और अपने कक्षा अध्यापक नरेश कौशल जी का तहे दिल से आभारी हूँ।

मेरा, उत्साह बढ़ाने के लिए धन्यवाद!
तुम्हारा मित्र
राजेश शर्मा।
17, विमल मेंशन,
महात्मा गांधी रोड,
औरंगाबाद।
ई-मेल आईडी: rajesh@xyz.com

Maharashtra Board Solutions

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 4 मन Additional Important Questions and Answers

कृतिपत्रिका के प्रश्न 3 (आ) के लिए)
पद्यांश क्र. 1

प्रश्न.
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

(1) उत्तर लिखिए:
(i) खिले हुए ……………………….
उत्तर:
(i) खिले हुए – फूल।

कृति 2: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
फागुन के महीने में प्रकृति रंगों से रंग जाती है। इस विषय पर 25 से 30 शब्दों में अपने विचार लिखिए।
उत्तर:
फागुन का महीना बहुत महत्त्वपूर्ण होता है। इस महीने में प्रकृति में चारों ओर नवीनता दिखाई देती है। खेत सरसों के पीले-पीले फूलों से भर जाते हैं। इन्हें देखकर ऐसा लगता है जैसे जमीन पर पीले रंग की विशाल चादरें बिछाई दी गई हों। बीच-बीच में अलसी के नीले-नीले फूल पीले रंग पर छाप जैसे लगते हैं। पलाश के वन लाल रंग के बड़े-बड़े फूलों से लद जाते हैं।

दूर से इन वनों को देखकर ऐसा लगता है, मानो पेड़ों से आग की लपटें निकल रही हों। विभिन्न प्रकार के पेड़ों पर गुलाबी रंग की नई-नई कोंपलें आ जाती हैं। इन्हें देखकर लगता है जैसे ये पेड़ गुलाबी रंग के वस्त्रों से सज गए हैं। इनके अतिरिक्त फागुन के महीने में ही तो होली का त्योहार आता है जब चारों ओर तरह-तरह के रंगों और अबीर-गुलाल की बहार आ जाती है। लोग खुशी से एक-दूसरे को रंगों से सराबोर कर देते हैं। इस तरह फागुन के महीने में प्रकृति तरह-तरह के रंगों से रँग जाती है।

पद्यांश क्र. 2

प्रश्न.
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)

(1) उचित जोड़ियाँ मिलाइए:

‘अ’ ‘आ’
(i) मछली मौन
(ii) गीतों के स्वर सूना
(iii) रेल की पटरियाँ प्यासी
(iv) आकाश अमर
Maharashtra Board Solutions पीड़ा

उत्तर:

‘अ’ ‘आ’
(i) मछली प्यासी
(ii) गीतों के स्वर अमर
(iii) रेल की पटरियाँ मौन
(iv) आकाश सूना।

(2) परिणाम लिखिए:
(i) सितारों का छिपना।
(ii) तुम्हारा गीतों को स्वर देना।
उत्तर
(i) सूना आकाश
(ii) गीतों का अमर होना।

(3) मन की ……………………. बरसी आँखें। इस हाइकु का सरल अर्थ लिखिए।
उत्तर
जब मन की पीड़ा बहुत गहरी हो जाती है, तो वह बादल बनकर आँसुओं के रूप में बरसने लगती है।

(4) तालिका पूर्ण कीजिए:

स्थिति  निवास  स्थान
मछली प्यासी सागर
सितारे छिपे हुए आकाश

Maharashtra Board Solutions

कृति 2: (स्वमत अभिव्यक्ति)

प्रश्न.
‘आँखें देखने के अलावा और भी कई तरह के काम करती हैं’, इस विषय पर 25 से 30 शब्दों में अपने विचार स्पष्ट कीजिए।
उत्तर:
मनुष्य के शरीर में विभिन्न अंग होते हैं और वे अपनाअपना निर्धारित काम करते हैं। कुछ अंगों से निर्धारित कामों के अलावा और भी कई तरह के काम लिए जाते हैं। आँखें हमारे शरीर का महत्त्वपूर्ण अंग हैं। इनसे देखने का काम तो लिया ही जाता है, साथ ही साथ और भी कई काम लिए जाते हैं। आँखों से तरह-तरह के इशारे किए जाते हैं, जिन्हें सामनेवाला आदमी आसानी से समझ लेता है। आँखें तरेरकर क्रोध प्रकट किया जाता है।

आँखें झुकाकर शर्म प्रदर्शित की जाती है। मन में छुपी दुख देने वाली भावनाओं को आँखों में आँसू लाकर प्रकट किया जाता है। मन भारी होने पर लोग रोकर अपना मन हल्का करते हैं। कोई अचंभेवाली घटना होने पर वाणी के साथ-साथ आँखों से भी भाव प्रदर्शित होता है। आँखों का एक आवश्यक काम मनुष्य को निद्रावस्था में ले जाकर उसे आराम दिलाना है। इस तरह आँखें देखने के अलावा कई महत्त्वपूर्ण काम करती हैं।

मन Summary in Hindi

मन कविता का सरल अर्थ

1. घना अंधेरा ……………………………. आई बहार।

जब अँधेरा घना होता है, तब प्रकाश और अधिक चमकता है अर्थात जब प्रतिकूल परिस्थितियाँ घने अंधकार के रूप में हमें घेर लेती हैं, तब वहीं से एकाएक प्रकाश की किरणें फूट पड़ती हैं।

हमें पूरा जीवन काम करते रहना चाहिए। यह नहीं सोचना चाहिए कि हमें क्या प्राप्त होगा।

जीवन रूपी नैया यदि संसार रूपी सागर में डगमगा रही है, तो उसे कोई अन्य सँभालने के लिए नहीं आएगा। हमें स्वयं उसे पार लगाने के लिए प्रयास करना होगा।

फागुन का महीना अपने संग बसंत के विविध रंग लेकर आया है। यह समय उल्लास और उमंग का समय है। अतः हम सभी को कुछ समय के लिए चिंताओं और परेशानियों को भूलकर बसंत ऋतु का आनंद लेना चाहिए।

गुलाब का फूल काँटों के बीच भी हंसता है, खिलखिलाता है। वह हमें हर पल प्रेरणा देता है कि परेशानियों से घबराए बिना अपना काम करते जाना है।

जब नेत्रों से अश्रु बहते हैं, तो यह मानना चाहिए कि मन की कुंठा नयन रूपी द्वार से बाहर आ रही है।

2. खारे जल ……………………………. प्यासी ही रही। . . .

जब नेत्रों से अश्रु बहते हैं तो यह समझना चाहिए कि आँसुओं के खारे जल के साथ मन का संपूर्ण विषाद धुल गया है और मन पहले के समान पावन हो गया है।

प्रत्येक मनुष्य के जीवन में अनेक परेशानियाँ हैं, चिंताएँ हैं, और हैं अप्रिय प्रसंग। ऐसे में जीवन रूपी संग्राम में डटे रहना हमारी जिजीविषा का प्रमाण है।

जब आकाश में बादल बहुत घने होते हैं, तभी वर्षा होती है। उसी प्रकार जब मन की पीड़ा बहुत गहरी हो जाती है, तो वह बादल बनकर आँसुओं के रूप में बरसने लगती है।

रेल की पटरियाँ अनंत काल से साथ चल रही हैं, परंतु वे सदा मौन रहती हैं। एक-दूसरे से कभी बात नहीं करती।

सितारे आकाश का शृंगार हैं। वे आकाश की शोभा बढ़ाते हैं। जैसे ही सितारे बादलों की ओट में छिपे, आकाश सूना हो जाता है। ठीक इसी प्रकार कुछ लोग हमारे जीवन में अत्यंत महत्त्वपूर्ण होते हैं। उनके चले जाने पर या विमुख हो जाने पर मानो हमारा जीवन निरर्थक हो जाता है।

कवि के अंदर अनोखी सामर्थ्य होती है। वह जिन गीतों को स्वर देता है, वे अमर हो जाते हैं। इसी प्रकार कवि अपनी रचनाओं के द्वारा समाज में परिवर्तन ला सकता है।

सागर में अथाह जलराशि होती है, परंतु खारा होने के कारण अथाह होने पर भी वह जलराशि पीने योग्य नहीं होती। उसी प्रकार कोई व्यक्ति कितना भी बड़ा या धनवान क्यों न हो, यदि वह किसी जरूरतमंद के काम नहीं आ सकता तो उसका बड़प्पन व्यर्थ है।

मन विषय-प्रवेश:

प्रस्तुत कविता ‘मन’ जापान की लोकप्रिय विधा हाइकु’ पर आधारित है। यह विधा हिंदी साहित्य में स्वीकृति पा चुकी है। इस विधा को विश्व की सबसे छोटी कविता का स्थान प्राप्त है। इस कविता में कवि ने तीन-तीन छोटी पंक्तियों में अलग-अलग घटनाओं को सुंदर ढंग से पिरोया है। प्रस्तुत कविता की यह अपनी विशेषता है।

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Pdf Free Download पहली इकाई

Maharashtra Board Class 10 Hindi Lokbharti Solutions Chapter 8 गजल

Balbharti Maharashtra State Board Class 10 Hindi Solutions Lokbharti Chapter 8 गजल Notes, Textbook Exercise Important Questions and Answers.

Maharashtra State Board Class 10 Hindi Lokbharti Chapter 8 गजल

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Chapter 8 गजल Textbook Questions and Answers

सूचना के अनयुार कृहत्‍ँ कीहजए:

(1) गजल की पंक्तियों का तातप्‍:
a. नीं के अंदर हदिाे ————
b. आईना बनकर हदिो ————
उत्तर:
(i) हमें प्रशंसा और वाहवाही का लोभ त्यागकर नींव की ईंटों के समान कुछ अच्छा और सुदृढ़ काम करना चाहिए।
(ii) हमें ऐसी शख्सियत बनना चाहिए कि कैसी भी प्रतिकूल परिस्थिति क्यों न हो, हम विचलित न हों। बिना टूटे, बिना बिखरे हर परिस्थिति का डटकर सामना करें। अपने लक्ष्य को प्राप्त करें।

(2) कृति पूण् कीहजए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 8 गजल 7
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 8 गजल 5

(3) हजनके उततर हनम् शब् हों ऐसे प्र तै्‍र कीहजए:
1. भीड़
2. जुगनू
3. हततली
4. आसमान
उत्तर:
1. कवि अक्सर किसी शक्ल को कहाँ देखना चाहता है?
2. वक्त की धुंध में साथ रहने को किसने कहा?
3. कवि खिलते फूल के स्थान पर कहाँ दिखने को कहता है?
4. गर्द बनकर कहाँ लिखना चाहिए?

(4) हनम्हलखखत पंक्तियों से प्र तीिनमूल् हलखखए:
१. आपको मिसूस ……………………………………….. भीतर हदिो।
२. कोई ऐसी श्‍ ……………………………………….. मुझे अ्‍र हदिो।.
उत्तर:
(ii) हे ईश्वर, मैं चाहता हूँ कि मैं जिसे भी देखू, मुझे उसी में तुम नजर आओ। अर्थात मानव मात्र ईश्वर का अंश है।

(5) कृहत पूण् कीहजए:
गजल मे प्रयुक्त प्कृहतक घ‍ट
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 8 गजल 8
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 8 गजल 6

(6) कहि के अनयुार ऐसे हदखो:

यदि मेरा घर अंतररक में होता,’ हिष् पर अससी से सौ शब्दों मे हनबंध लेखन कीहजए।
उत्तर:
पिछले कई वर्षों में अंतरिक्ष विज्ञान में जो प्रगति हुई है, वह सराहनीय है। पहले अंतरिक्ष यात्रा कल्पना से अधिक कुछ नहीं थी लेकिन आज अंतरिक्ष यात्रा के सपने सच हो गए हैं। रूस ने अंतरिक्ष यान के द्वारा अपने अंतरिक्ष यात्री यूरी गागरिन को पहली बार अंतरिक्ष में भेजा था। फिर तो अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री नील आर्मस्ट्रांग और एडविन एल्ड्रिन सबसे पहले चंद्रमा पर पहुचनेवाले अंतरिक्ष यात्री हो गए।

Maharashtra Board Solutions

अब तो ऐसा लगता है कि कभी-न-कभी हम को भी अंतरिक्ष में जाने का मौका मिल सकता है। लेकिन यह कब संभव होगा, कहा नहीं जा सकता। काश, मेरा घर अंतरिक्ष में होता…. यदि सच में मेरा घर अंतरिक्ष में होता तो कितना अच्छा होता। जिस आसमान को दूर से देखा करते हैं, हम उसकी खूब सैर करते। चाँद, सितारों को नजदीक से देखते। बादलों के बीच लुका-छिपी खेलते। परियों के देश में जाते।

वे किस तरह रहती हैं, जानने-देखने का अवसर पाते। हम अंतरिक्ष से अपनी सुंदर धरती को देखते। अपने प्यारे भारत को देखते। आकाशगंगा के विभिन्न ग्रहों-उपग्रहों को देखते। सौरमंडल के सबसे सुंदर ग्रह शनि और उसके वलयों को देखते। उनके जितना निकट जा सकते, अवश्य जाते। स्पेस वॉक करते। वहाँ फैली शांति का अनुभव करते। वहाँ के प्रदूषणरहित वातावरण में रहने का मौका मिलता, जिससे हमारा स्वास्थ्य बहुत बढ़िया हो जाता। काश ऐसा हो पाता…

प्रयु गजल की अपनी पसंदीदा हकनिी चार पंक्तियों का केंद्रीय भाव सपष् कीहजए।

Hindi Lokbharti 10th Textbook Solutions Chapter 8 गजल Additional Important Questions and Answers

पद्यांश क्र.1

प्रश्न.
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन)
(1) आकृति पूर्ण कीजिए:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 8 गजल 1
उत्तर:
Maharashtra Board Class 10 Hindi Solutions Chapter 8 गजल 2

(2) विधानों के सामने सत्य / असत्य लिखिए:
(i) स्वर्णिम शिखर बनकर जीना ही जीना है।
(ii) मील का पत्थर बनकर जीना अच्छा नहीं है।
(iii) मोमबत्ती के धागे जैसा जीवन जियो।
(iv) जिंदगी टूटकर नहीं बिखरनी चाहिए।
उत्तर:
(i) असत्य
(ii) असत्य
(iii) सत्य
(iv) सत्य।

Maharashtra Board Solutions

(3) उचित जोड़ियाँ मिलाइए:

 आ
(i) शिखर  गर्द
(ii) आस्मान  जिंदगी
(iii) पत्थर  स्वर्णिम
(iv) शक्ल  मील
 नींव

उत्तर:

 आ
(i) शिखर  स्वर्णिम
(ii) आस्मान  गर्द
(iii) पत्थर  मील
(iv) शक्ल  जिंदगी

(4) दो ऐसे प्रश्न तैयार कीजिए, जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द हों:
(i) आईना
उत्तर:
(i) पत्थरों के शहर में क्या बनकर दिखना चाहिए?

(5) एक शब्द में उत्तर लिखिए:
(i) पत्थर के शहर में यह बनकर दिखना है –
(ii) दिखने का शौक है तो यह बनो –
उत्तर:
(i) आईना।
(ii) नींव।

कृति 2: (शब्द संपदा)

(1) निम्नलिखित शब्दों के समानार्थी शब्द लिखिए:
(i) शक्ल = ……………………
(ii) शिखर = ……………………
(iii) गर्द = ……………………
(iv) पत्थर = ……………………
उत्तर:
(i) शक्ल = चेहरा
(ii) शिखर = शीर्ष
(ii) गर्द = धूल
(iv) पत्थर = पाषाण।

(2) निम्नलिखित शब्दों के विरुद्धार्थी शब्द लिखिए:
(i) आदमी x
(ii) शहर x
(ii) आसमान x
(iv) टूटना x
उत्तर:
(i) आदमी x जानवर
(ii) शहर x गाँव
(iii) आसमान x जमीन
(iv) टूटना x जुड़ना।

Maharashtra Board Solutions

कृति 3: (सरल अर्थ)

प्रश्न.
उपयुक्त पदयांश की आरंभ की चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
किसी भी अट्टालिका के चमचमाते शिखरों को सभी देखते हैं। उनकी शान की प्रशंसा भी करते हैं। लोग समाज में इन शिखरों के समान ही सम्मान पाना चाहते हैं। परंतु वास्तव में देखा जाए तो इन शिखरों से अधिक महत्व है उन ईंटों और पत्थरों का, जिनके कारण ये शिखर बन सके। यदि नींव की ईंटों ने गुमनामी के अंधेरे में रहना स्वीकार न किया होता, तो इन शिखरों का अस्तित्व ही न होता। यदि हम समाज के लिए कुछ करना चाहते हैं, तो हमें प्रशंसा और जैं सुदृढ़ काम करना चाहिए।

पद्यांश क्र. 2
प्रश्न.
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

कृति 1: (आकलन):

(1) सही विकल्प चुनकर वाक्य फिर से लिखिए:
(i) वक्त की इस धुंध में तुम …………………………….. बनकर दिखो। (सितारा/चिराग/रोशनी)
(ii) हम सभी के लिए एक …………………………….. है। (दुनिया/मर्यादा/मंच)
(iii) कोई …………………………….. कली फूल बनने से डर जाए। (छोटी/सुंदर/नाजुक)
(iv) कोई ऐसी शक्ल तो मुझको दिखे इस …………………………….. में। (भीड़/संसार/घर)
उत्तर:
(i) वक्त की इस धुंध में तुम रोशनी बनकर दिखो।
(ii) हम सभी के लिए एक मर्यादा है।
(iii) कोई नाजुक कली फूल बनने से डर जाए।
(iv) कोई ऐसी शक्ल तो मुझको दिखे इस भीड़ में।

(2) निम्नलिखित पंक्तियों से प्राप्त जीवनमूल्य लिखिए:
(i) एक जुगनू ने …………………………….. रोशनी बनकर दिखो।
उत्तर:
(i) जब वक्त साथ न दे रहा हो। हर तरफ असफलता और निराशा का साम्राज्य हो। ऐसे समय में एक छोटी-सी आशा की किरण भी बहुत बड़ा सहारा बन सकती है। हमें निराश, हताश लोगों के मन में आशा की किरण जगाना चाहिए।

(3) ऐसे प्रश्न तैयार कीजिए, जिनके उत्तर निम्नलिखित शब्द हों:
(iv) मोती।
उत्तर:
(iv) मोती को किसके अंदर दिखना चाहिए?

(4) जोड़ियाँ मिलाइए:

‘अ’  ‘आ’
(i) धुंध  सीप
(ii) मर्यादा  तितली
(iii) मोती  रोशनी
(iv) फूल  मनुष्य

उत्तर:

‘अ’  ‘आ’
(i) धुंध  रोशनी
(ii) मर्यादा  मनुष्य
(iii) मोती  सीप
(iv) फूल  तितली

कृति 2: (शब्द संपदा)

निम्नलिखित शब्दों के लिंग पहचानकर लिखिए:
(i) जुगनू – ……………………….
(ii) रोशनी – ……………………….
(iii) मोती – ……………………….
(iv) सीप – ……………………….
उत्तर
(i) जुगनू – पुल्लिंग
(ii) रोशनी – स्त्रीलिंग
(iii) मोती – पुल्लिंग
(iv) सीप – स्त्रीलिंग

Maharashtra Board Solutions

कृति 3: (सरल अर्थ):

प्रश्न.
उपर्युक्त पद्यांश की प्रथम चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
उत्तर:
जब वक्त हमारा साथ न दे रहा हो। हर तरफ असफलताएँ धुंध के समान छाई हों। निराशा रूपी अंधकार का साम्राज्य हो। ऐसे: समय में एक छोटी-सी आशा की किरण भी बहुत बड़ा सहारा बन सकती है। ठीक उसी प्रकार, जैसे घने अंधकार में चमकता हुआ जुगनू । तुम्हें भी निराश, हताश लोगों के मन में आशा की किरण जगाना चाहिए।

सभी मनुष्यों के लिए समाज में रहने के लिए कुछ सीमाएँ हैं, जिनका हमें पालन करना होता है। तभी समाज हमें और हमारे व्यवहार को स्वीकार करता है। अगर तुम चाहते हो कि लोगों में तुम्हारी कोई पहचान बने तो जिस प्रकार सीप के अंदर मूल्यवान मोती छिपा होता है, उसी प्रकार तुम्हें समाज के कल्याण के लिए श्रेष्ठ कर्म करने चाहिए।

भाषा अध्ययन (व्याकरण)

प्रश्न.
सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

1. शब्द भेद:
अधोरेखांकित शब्दों के शब्दभेद पहचानिए:
(i) मैं दिल्ली में अच्छा घर ढूँढ़ रहा हूँ।
(ii) वे तेजी के साथ बगीचे की ओर चल पड़े।
(iii) तुम अब पढ़ने बैठ जाओ।
उत्तर:
(i) अच्छा – गुणवाचक विशेषण।
(ii) बगीचे – जातिवाचक संज्ञा।
(iii) तुम – पुरुषवाचक सर्वनाम।

2. अव्यय:
निम्नलिखित अव्ययों का अपने वाक्यों में प्रयोग कीजिए:
(i) के मारे.
(ii) या
(iii) पर।
उत्तर:
(i) के मारे – लड़का डर के मारे काँप रहा था।
(ii) या – वे खेलने या घूमने गए होंगे।
(iii) पर – गाड़ी थी, पर पर्याप्त पेट्रोल नहीं था।

3. संधि:
कृति पूर्ण कीजिए:

संधि शब्द संधि विच्छेद संधि भेद
नरेश ………………… …………………
अथवा
………………… दिक् + अंबर …………………

उत्तर:

संधि शब्द संधि विच्छेद संधि भेद
नरेश नर + ईश स्वर संधि
अथवा Maharashtra Board Solutions
दिगंबर दिक् + अंबर व्यंजन संधि

4. सहायक क्रिया:
निम्नलिखित वाक्यों में से सहायक क्रियाएँ पहचानकर उनका मूल रूप लिखिए:
(i) वे गरीबों को फल बाँटते रहे।
(ii) देरी करने को मेरा मन गवारा नहीं कर पाया।
(iii) उनके शब्द मेरे कानों में गूंजने लगे।
उत्तर:
सहायक क्रिया – मूल रूप
(i) रहे – रहना
(ii) पाया – पाना
(iii) लगे – लगना

5. प्रेरणार्थक क्रिया:
निम्नलिखित क्रियाओं के प्रथम प्रेरणार्थक और द्वितीय प्रेरणार्थक रूप लिखिए:
(i) छोड़ना –
(ii) डूबना –
(iii) सूखना। –
उत्तर:

क्रिया  प्रथम प्रेरणार्थक रूप  द्वितीय प्रेरणार्थक रूप
(i) छोड़ना  छुड़ाना  छुड़वाना
(ii) डूबना  डुबाना  डुबवाना
(iii) सूखना  सुखाना  सुखवाना

6. मुहावरे:
(1) निम्नलिखित मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्य में प्रयोग किजिए:
(i) नाम-निशान न रहना
(ii) रटता जाना।
उत्तर:
(i) नाम-निशान न रहना।
अर्थ: अस्तित्व मिट जाना।
वाक्य: भूकंप के कारण पुराने कार्यालय का नाम-निशान नहीं रहा

(ii) रटते जाना।
अर्थ: बार-बार कहते जाना।
वाक्य: विजय गाँव जाने की बात रटता जा रहा है

Maharashtra Board Solutions

(2) अधोरेखांकित वाक्यांशों के लिए कोष्ठक में दिए गए उचित मुहावरे का चयन करके वाक्य फिर से लिखिए: (तोलकर बोलना, तीर की तरह निकल जाना, कानों में गूंजना, ठहाका लगाना)
(i) पाकिटमार महिला का बटुआ छीनकर बहुत तेजी से निकल गया
(ii) माता-पिता द्वारा दी गई सीख जीवनभर ध्वनित होती रहती है
(iii) सज्जन हमेशा सोच-समझकर बोलता है
उत्तर:
(i) पाकिटमार महिला का बटुआ छीनकर तीर की तरह निकल गया
(ii) माता-पिता द्वारा दी गई सीख जीवनभर कानों में गूंजती रहती है
(iii) सज्जन हमेशा तौलकर बोलते हैं

7. कारक:
निम्नलिखित वाक्यों में प्रयुक्त कारक पहचानकर उनका भेद लिखिए:
(i) ईश्वर की प्राप्ति आसानी से नहीं होती।
(ii) एक बच्चा कुर्सी पर चढ़ा तो दूसरा नाचने लगा।
(iii) मैंने तय किया कि आज किसी से नहीं मिलूँगा।
उत्तर:
(i) की – संबंध कारक।
(ii) पर – अधिकरण कारक।
(iii) से – करण कारक।

8. विरामचिह्न:
निम्नलिखित वाक्यों में यथास्थान उचित विरामचिह्नों का प्रयोग करके वाक्य फिर से लिखिए:
(i) “गरम गरम भूनकर मसाला लगाकर दूंगा’
(ii) आदमी ने आकर पूछा-अभी भोजन तैयार होने में कितना विलंब है
(iii) हाँ, सूर ने एक जगह लिखा है-मैं दसों दिशाओं में देख लेता हूँ
उत्तर:
(i) “गरम-गरम भूनकर मसाला लगाकर दूंगा।”
(ii) आदमी ने आकर पूछा – “अभी भोजन तैयार होने में कितना विलंब है?”
(iii) हाँ, सूर ने एक जगह लिखा है- ‘मैं दसों दिशाओं में देख लेता हूँ।’

9. काल परिवर्तन:
निम्नलिखित वाक्यों का सूचना के अनुसार काल परिवर्तन कीजिए:
(i) ठीक ग्यारह बजे प्रधानमंत्री बाहर आते हैं। (सामान्य भूतकाल)
(ii) मुझे भाई का जला हुआ चेहरा याद आता है। (सामान्य भविष्यकाल)
(iii) गुरुदेव अपने समय पर स्नान करते हैं। (पूर्ण भूतकाल)
उत्तर:
(i) ठीक ग्यारह बजे प्रधानमंत्री बाहर आए।
(ii) मुझे भाई का जला हुआ चेहरा याद आएगा।
(iii) गुरुदेव ने अपने समय पर स्नान किया था।

10. वाक्य भेद:
(1) निम्नलिखित वाक्यों का रचना के आधार पर भेद पहचानकर लिखिए:
(i) ईश्वर ने हमें मनुष्य जीवन दिया है।
(ii) हमारा उद्देश्य, सजना, सँवरना ही नहीं है, बल्कि हमारे द्वारा किए गए कार्य सुंदर होने चाहिए।
उत्तर:
(i) सरल वाक्य
(ii) संयुक्त वाक्य।

Maharashtra Board Solutions

(2) निम्नलिखित वाक्यों को अर्थ के आधार दी गई सूचना के अनुसार वाक्य परिवर्तन कीजिए:
(i) चाची जली-भुनी रहती थी। (संदेहवाचक वाक्य)
(ii) मन अब सुकून अनुभव कर रहा था। (निषेधवाचक वाक्य)
उत्तर:
(i) शायद चाची जली-भुनी रहती थी।
(ii) मन अब सुकून अनुभव नहीं कर रहा था।

11. वाक्य शुद्धिकरण:
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके लिखिए:
(i) इस मंदिर में अनेकों बूध की मूर्तियाँ हैं।
(ii) माँ को यहाँ से गए बस एक मिनेट हुई है।
(iii) मेरा घर तुमसे अच्छा है।
उत्तर:
(i) इस मंदिर में बुद्ध की अनेक मूर्तियाँ हैं।
(ii) माँ को यहाँ से गए बस एक मिनट हुआ है।
(iii) मेरा घर तुम्हारे घर से अच्छा है।

गजल Summary in Hindi

गजल विषय-प्रवेश :
प्रस्तुत गजल में माणिक वर्मा ने हमें निरंतर आगे बढ़ते रहने की प्रेरणा दी है। कवि का मानना है कि बाहरी रंग-रूप तो। अस्थायी होता है। सुंदरता हमारे विचारों में, हमारे कामों में होनी चाहिए।

गजल कविता का सरल अर्थ

1. आपसे किसने ………………………… भीतर देखो।

किसी भी अट्टालिका के चमचमाते शिखरों को सभी देखते हैं। उनकी शान की प्रशंसा भी करते हैं। लोग समाज में इन शिखरों के समान ही सम्मान पाना चाहते हैं। परंतु वास्तव में देखा जाए तो इन शिखरों से अधिक महत्व है उन ईंटों और पत्थरों का, जिनके कारण ये शिखर बन सके। यदि नींव की ईंटों ने गुमनामी के अंधेरे में रहना स्वीकार न किया होता, तो इन शिखरों का अस्तित्व ही न होता। यदि हम समाज के लिए कुछ करना चाहते हैं, तो हमें प्रशंसा और वाहवाही का लोभ त्यागकर नींव की ईंटों के समान कुछ अच्छा और सुदृढ़ काम करना चाहिए।

यदि आप मंजिल की ओर अग्रसर हैं तो अपने अच्छे कर्मों के कारण उसी प्रकार आसमानों तक छा जाइए, जैसे आँधी आने पर पृथ्वी से आकाश तक धूल-ही-धूल दृष्टिगोचर होती है। अर्थात आपके द्वारा किए गए अच्छे कामों का प्रभाव और चर्चा हर तरफ हो। और यदि आप मंजिल की ओर बढ़ते हुए मार्ग में कहीं बैठ जाते हो तो मील के पत्थर के समान बनो। मील का पत्थर जिस प्रकार एक पथिक को अपनी मंजिल की ओर बढ़ते समय सहायता करता है, उसी प्रकार क्रियाशील न होते हुए भी आप दूसरों की मदद करें।

ईश्वर ने हमें मनुष्य जीवन दिया है। हमारा उद्देश्य केवल सजना, सँवरना और सुंदर दिखना ही नहीं होना चाहिए। हमारे द्वारा किए गए काम सुंदर होने चाहिए। ईश्वर द्वारा प्रदत्त इस श्रेष्ठ मानव जीवन में हमें मानवीय गुणों को अपनाना चाहिए। हमारा कोई भी काम ऐसा न हो, जो मानवता के दायरे से बाहर हो। समाज में सभी के प्रति हमारा व्यवहार ऐसा हो कि सारा संसार हमें एक अच्छे मनुष्य के रूप में जाने। हमें ऐसी शख्सियत बनना चाहिए कि कैसी भी प्रतिकूल परिस्थिति क्यों न हों, हम विचलित न हों। बिना टूटे, बिना बिखरे हर परिस्थिति का डटकर सामना करें। अपने लक्ष्य को प्राप्त करें।

हमें प्रत्येक मानव से सहानुभूति रखनी चाहिए। यह तभी संभव हो सकेगा, जब हम उनके हर दुख-तकलीफ को समझें। जैसे मोमबत्ती का धागा सदा उसके साथ रहता है। उसके साथ जलता है। उसी प्रकार जब हम दीन-दुखियों की पीड़ा को समझेंगे, तो उसे दूर करने का यथासंभव प्रयास करेंगे। इस प्रकार हम अपना मानव-धर्म निभा पाएँगे।

2. एक जुगनू ………………………… अक्सर देखो।

जब वक्त हमारा साथ न दे रहा हो; हर तरफ असफलताएँ धुंध के समान छाई हों; निराशा रूपी अंधकार का साम्राज्य हो; ऐसे समय में एक छोटी-सी आशा की किरण भी बहुत बड़ा सहारा बन सकती है। ठीक उसी प्रकार, जैसे घने अंधकार में चमकता हुआ जुगनू। तुम्हें भी निराश, हताश लोगों के मन में आशा की किरण जगाना चाहिए।

सभी मनुष्यों के लिए समाज में रहने के लिए कुछ सीमाएँ हैं, जिनका हमें पालन करना होता है। तभी समाज हमें और हमारे व्यवहार को स्वीकार करता है। अगर तुम चाहते हो कि लोगों में तुम्हारी कोई पहचान बने तो जिस प्रकार सीप के अंदर मूल्यवान मोती छिपा होता है, उसी प्रकार तुम्हें समाज के कल्याण के लिए श्रेष्ठ कर्म करने चाहिए। तुम्हारी यह कल्याण-भावना तुम्हें एक पहचान देगी, सम्मान देगी।

यदि कोई कोमल कली फूल बनने से डर रही हो। कली जानती है कि उसके खिलते ही तितली उसका रस चूसने के लिए आएगी और फूल बनी कली को परेशान करेगी। तुम फूल को तितली से बचाने का प्रयास करो। अर्थात उसके डर को दूर करने में उसकी मदद करो।

यह संसार मनुष्यों का एक सागर है। भीड़ में जाने-अनजाने अनगिनत चेहरे हर तरफ दिखाई देते हैं। हे ईश्वर, मैं चाहता हूँ कि मैं जिसे भी देखू, मुझे उसी में तुम नजर आओ। तुम तो सर्वव्यापक हो।

Hindi Lokbharti 10th Std Digest Pdf Free Download पहली इकाई

Scroll to Top